OPINION: सीएम विष्णुदेव साय को है वरिष्ठ नागरिकों की चिंता, छत्तीसगढ़ सरकार बनी बुजर्गों का सहारा
Chhattisgarh News: छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने प्रदेश कीस कमान संभालने के बाद से ही वरिष्ठ नागरिकों के स्वास्थ्य, सुरक्षा और कल्याण की प्रतिबद्धता के साथ कार्य शुरू कर दिया था। अब इसका असर दिखा रहा है। वरिष्ठ नागरिकों के सामाजिक-आर्थिक विकास की दिशा में सरकार ने कई हितकारी फैसले लिए हैं, जिनमें उनके भरण-पोषण, रहवास के लिए वृद्धाश्रमों की व्यवस्था, उनके लिए स्वास्थ्य सुविधाओं की व्यवस्था, संपत्ति के संरक्षण समेत कई अहम काम शामिल हैं। प्रदेश में माता पिता एवं वरिष्ठ नागरिकों को भरण पोषण और कल्याण अधिनियम प्रभावी क्रियान्वयन किया जा रहा है।
शासकीय सूत्रों ने बताया कि वरिष्ठ नागरिकों की समस्याओं के निराकरण के लिए अनुविभागीय अधिकारी की अध्यक्षता में सभी अनुविभागों में भरण पोषण अधिकरण का गठन किया गया है, वहीं अधिकरण से जुड़े अपीलीय नियमों में जिला कलेक्टर की अध्यक्षता में जिला स्तरों पर भी अधिकरण का गठन किया गया है। वरिष्ठ नागरिकों की दिक्कतों के निराकरण एवं भरण पोषण का लाभ दिलाने के लिए आवेदन की सरल व्यवस्था भी प्रभावी है।

60 साल या इससे अधिक आयु के वृद्धजनों को मुफ्त भोजन, आश्रय, देखभाल, मनोरंजनात्मक सुविधाएं आदि उपलब्ध कराने लिए छत्तीसगढ़ के 26 जिलों में 35 वृद्धाश्रम भी चलाए जा रहे हैं, जिसका फायदा लगभग एक हजार वरिष्ठ नागरिकों को हो रहा है।
सीएम विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार पूरी संवेदनशीलता से वरिष्ठ नागरिकों का ख्याल रख रही है। 60 साल या इससे अधिक के ऐसे वरिष्ठ नागरिक जो बढ़ती उम्र के कारण गंभीर बीमारियों के कारण बिस्तर पर रहने को मजबूर हैं, उनकी समुचित देखरेख, उन्हे स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रशामक देखरेख गृह संचालन की योजना भी आरंभ रू की गई है। इनके तहत 6 जिलों रायपुर, दुर्ग, कबीरधाम, रायगढ़, बालोद एवं बेमेतरा में देखरेख गृह का संचालन किया जा रहा है, जहां वरिष्ठ नागरिकों का पूरा ध्यान रखा जा रहा है।
छत्तीसगढ़ सरकार वरिष्ठ नागरिकों के लिए तीर्थ स्थलों की यात्रा की योजना भी चला रही है। गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन करने वाले वरिष्ठ नागरिकों की वृद्धावस्था में होने वाली दिक्कतों को देखते हुए छत्तीसगढ़ सरकार न केवल उनकी देखभाल कर रही, बल्कि उन्हें सही स्वास्थ्य लाभ भी दिला रही है। वरिष्ठ नागरिक सहायक उपकरण प्रदाय योजना के अंतर्गत व्हीलचेयर, श्रवणयंत्र, चश्मा, छड़ी आदि उपकरण दिए जा रहे है। इस योजना से छत्तीसगढ़ के 50 हजार से ज्यादा वरिष्ठ नागरिकों को लाभान्वित किया गया है।
छत्तीसगढ़ सरकार की तरफ से सामाजिक सहायता कार्यक्रम के तहत गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन करने वाले वरिष्ठ नागरिकों को पेंशन राशि दी जाती है। वर्तमान में 14 लाख से ज्यादा वरिष्ठ नागरिकों को पेंशन योजना से लाभान्वित किया जा रहा है।
इसी प्रकार वरिष्ठ नागरिकों के सुरक्षा, संरक्षण और सम्मान के प्रति समाज में सकारात्मक और जागरूक वातावरण बनाने के लिए हर साल विकासखण्ड स्तर से प्रदेश स्तर तक 1 अक्टूबर को अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस का आयोजन किया जाता है। वरिष्ठ नागरिकों की समस्याओं के त्वरित निराकरण, सहायता के लिए हेल्पलाईन का संचालन किया जा रहा है, जिसका लाभ छत्तीसगढ़ के वरिष्ठ नागरिकों को मिल रहा है। इस तरह छत्तीसगढ़ में वरिष्ठ नागरिकों के सुरक्षा, सम्मान, स्वास्थ्य और कल्याण को लेकर लगातार कार्य किया जा रहा है।
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