Indian Ship In Hormuz: होर्मुज से आई नई मुसीबत! गायब हो रहे भारत आने वाले जहाज, फिर होगी तेल की किल्लत?
Indian Ship In Hormuz: अमेरिका-ईरान की जंग भले ही शांति की तरफ बढ़ रही हो लेकिन भारत के लिए दिन-ब-दिन नई चुनौतियां सामने आ रही हैं। इस तनाव के बीच अरब सागर और फारस की खाड़ी में एक नई स्थिति देखने को मिल रही है। भारत के लिए कच्चा तेल, गैस और दूसरे ऊर्जा उत्पाद लेकर आने वाले कई जहाज अचानक सार्वजनिक रडार से गायब हो रहे हैं। ये जहाज अंतरराष्ट्रीय समुद्री ट्रैकिंग सिस्टम पर दिखाई देना बंद कर देते हैं। हालांकि, यह कोई हादसा, समुद्री डकैती या जहाज के लापता होने का मामला नहीं है, लेकिन ये है क्या जानेंगे डिटेल में।
क्या है 'Going Dark' और क्यों अपनाई जा रही है यह रणनीति?
ईरान के आसपास बढ़ती सैन्य गतिविधियों, मिसाइल हमलों और सुरक्षा खतरों को देखते हुए कई मर्चेंट शिपिंग कंपनियां अपने जहाजों की डिजिटल पहचान छिपा रही हैं। इस रणनीति को समुद्री दुनिया में 'Going Dark' कहा जाता है। इसका मतलब है कि जहाज जानबूझकर अपनी लोकेशन सार्वजनिक ट्रैकिंग सिस्टम से छिपा लेते हैं, ताकि वे किसी भी संभावित हमले या निगरानी से बच सकें।

AIS सिस्टम कैसे काम करता है?
दुनिया के लगभग सभी व्यावसायिक जहाज ऑटोमैटिक आइडेंटिफिकेशन सिस्टम (AIS) का इस्तेमाल करते हैं। इसे जहाज का डिजिटल पासपोर्ट भी कहा जा सकता है। यह सिस्टम लगातार जहाज का नाम, उसकी गति, यात्रा की दिशा और GPS लोकेशन उपग्रहों के जरिए प्रसारित करता रहता है। इससे बंदरगाहों को जहाजों की आवाजाही पर नजर रखने और समुद्र में टक्कर जैसी घटनाओं को रोकने में मदद मिलती है।
हॉर्मुज पहुंचते ही 62% जहाज बंद कर रहे हैं AIS
जब किसी समुद्री इलाके में युद्ध या सैन्य तनाव बढ़ जाता है, तब जहाजों के कप्तान AIS ट्रांसपोंडर को बंद कर देते हैं। मैरीन इंटेलिजेंस फर्म Kepler के मुताबिक, फारस की खाड़ी से भारत आने वाले करीब 62 प्रतिशत तेल टैंकर और मालवाहक जहाज हॉर्मुज स्ट्रेट के पास पहुंचते ही अपना सार्वजनिक AIS सिग्नल बंद कर देते हैं। इसका मकसद सिर्फ इतना होता है कि जहाज किसी भी दुश्मन या हमलावर की नजर में न आएं।
रडार से गायब होने का मतलब लापता होना नहीं है
AIS बंद करने का मतलब यह बिल्कुल नहीं है कि जहाज रास्ता भटक गए हैं। ये जहाज भारतीय नौसेना, इंडियन कोस्ट गार्ड और अपनी शिपिंग कंपनियों के साथ सुरक्षित और एन्क्रिप्टेड कम्युनिकेशन सिस्टम के जरिए लगातार संपर्क में रहते हैं। यानी आम लोग या सार्वजनिक ट्रैकिंग वेबसाइट इन्हें नहीं देख पातीं, लेकिन सुरक्षा एजेंसियों को इनकी हर गतिविधि की जानकारी रहती है। यही रणनीति संकट के समय जहाजों के लिए एक सुरक्षा कवच बन जाती है।
भारत के लिए क्यों इतना अहम है हॉर्मुज स्ट्रेट?
हॉर्मुज स्ट्रेट दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री मार्गों में से एक है। इसकी सबसे कम चौड़ाई सिर्फ 30 से 40 किलोमीटर है। यही रास्ता फारस की खाड़ी को ओमान की खाड़ी और अरब सागर से जोड़ता है। दुनिया में हर दिन इस्तेमाल होने वाले करीब 20 प्रतिशत कच्चे तेल की सप्लाई इसी रास्ते से होती है। इसलिए इस इलाके में कोई भी तनाव पूरी दुनिया की ऊर्जा आपूर्ति को प्रभावित कर सकता है।
भारत की तेल और गैस सप्लाई इसी रास्ते पर निर्भर
भारत अपनी जरूरत का लगभग आधा कच्चा तेल और बड़ी मात्रा में LPG और LNG खाड़ी देशों से खरीदता है। इनमें सऊदी अरब, इराक, संयुक्त अरब अमीरात (UAE), कुवैत और कतर जैसे देश शामिल हैं। इन सभी देशों से आने वाले जहाजों को भारत पहुंचने के लिए हॉर्मुज स्ट्रेट से होकर गुजरना पड़ता है। इसलिए इस समुद्री मार्ग की सुरक्षा भारत के लिए बेहद अहम मानी जाती है। हालांकि जो हथकंडा हम अभी अपना रहे हैं इससे हमारी तेल आपूर्ति या गैस आपूर्ति पर कोई असर नहीं पड़ेगा।
कई जहाज इंतजार में, लेकिन व्यापार जारी
भारत सरकार और नौवहन एजेंसियों का कहना है कि समुद्री व्यापार पूरी तरह बंद नहीं हुआ है। जहाज अतिरिक्त सुरक्षा उपायों और नए प्रोटोकॉल के साथ अपनी यात्रा जारी रखे हुए हैं। रिपोर्ट के मुताबिक करीब 10 भारतीय ध्वज वाले जहाज सुरक्षित बंदरगाहों में इंतजार कर रहे हैं, जबकि लगभग 15 जहाज मंजूरी या बेहतर परिस्थितियों का इंतजार कर रहे हैं। इनमें मुख्य रूप से उर्वरक (फर्टिलाइजर) और ऊर्जा उत्पाद लदे हुए हैं।
क्या भारत में पेट्रोल-डीजल की किल्लत होगी?
फिलहाल सरकार का कहना है कि भारतीय उपभोक्ताओं को घबराने की जरूरत नहीं है। अधिकारियों के मुताबिक देश में पेट्रोल, डीजल, LPG या दूसरे ईंधनों की सप्लाई पर अभी कोई तत्काल असर नहीं पड़ेगा। भारत के पास पर्याप्त रणनीतिक पेट्रोलियम भंडार (Strategic Petroleum Reserve) मौजूद है। इसलिए जब तक पश्चिम एशिया में हालात सामान्य नहीं हो जाते, तब तक जहाजों का 'Going Dark' मोड ही उनकी सुरक्षा का सबसे बड़ा हथियार बना रहेगा।
इस खबर पर आपकी क्या राय है, हमें कमेंट में बताएं।















Click it and Unblock the Notifications