America ने Army Day परेड में पाकिस्तानी सेना प्रमुख को आमंत्रित किया था? व्हाइट हाउस ने तोड़ी चुप्पी
America Army Day: व्हाइट हाउस ने रविवार को उन मीडिया रिपोर्ट्स का कड़ा खंडन किया, जिनमें दावा किया गया था कि, पाकिस्तान के सेना प्रमुख जनरल असीम मुनीर को अमेरिका की भव्य सैन्य परेड में आमंत्रित किया गया था। The Hindu अखबार से बातचीत में व्हाइट हाउस के एक अधिकारी ने कहा, यह दावा पूरी तरह झूठा है। किसी भी विदेशी सैन्य नेता को इस परेड के लिए आमंत्रित नहीं किया गया था।
यह स्पष्टीकरण ऐसे समय पर आया है जब भारत में इस मुद्दे को लेकर राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है। कांग्रेस पार्टी ने इस पर प्रतिक्रिया देते हुए इसे भारत के लिए एक राजनयिक झटका बताया था।

अमेरिकी सैन्य परेड और ट्रंप की मौजूदगी
पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के लंबे समय से इच्छित भव्य सैन्य परेड का आयोजन शनिवार को वॉशिंगटन डीसी में हुआ। कॉन्स्टिट्यूशन एवेन्यू पर टैंकों, सैन्य टुकड़ियों और 21 तोपों की सलामी के साथ यह परेड निकली। यह आयोजन ट्रंप के 79वें जन्मदिन पर किया गया, जिसे वे स्वयं व्हाइट हाउस के पास एक विशेष मंच से देख रहे थे।
हमारी सेना बार-बार जीतती है
नेशनल मॉल पर हुई इस भव्य परेड में सेना की टुकड़ियां, भारी हथियार और फाइटर जेट्स की फ्लायओवर शामिल थी। हालांकि, मौसम थोड़ा बिगड़ गया था, बादल छाए थे और हल्की बारिश हो रही थी जिसकी वजह से फ्लायओवर सीमित कर दी गई और कार्यक्रम कुछ घंटे देर से शुरू हुआ। फर्स्ट लेडी मेलानिया ट्रंप के साथ पहुंचे राष्ट्रपति ट्रंप(Donald Trump) ने इस मौके पर एक छोटा सा देशभक्ति भाषण दिया। ट्रंप ने अपने संक्षिप्त भाषण में कहा, हर देश अपनी जीत का जश्न मनाता है, अब अमेरिका को भी ऐसा करना चाहिए। उन्होंने अमेरिकी सेना की शक्ति की तारीफ करते हुए कहा कि, हमारी सेना लड़ती है, और जीतती है, बार-बार जीतती है।
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अमेरिका में ट्रंप विरोधी प्रदर्शन
अमेरिका में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की भव्य सैन्य परेड के समानांतर देशभर में 'नो किंग्स' बैनर के तहत बड़े पैमाने पर विरोध-प्रदर्शन हुए। इन प्रदर्शनों में मानवाधिकार संगठनों, मज़दूर यूनियनों और विभिन्न सामाजिक समूहों ने हिस्सा लिया, जिन्होंने ट्रंप पर तानाशाही रवैया अपनाने का आरोप लगाया।
लॉस एंजेलिस (एलए) में स्थिति विशेष रूप से तनावपूर्ण रही। सिटी हॉल के पास प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच तीव्र झड़पें हुईं। जब कुछ प्रदर्शनकारियों ने पत्थर, बोतलें और पटाखे फेंके, तो पुलिस ने जवाब में आंसू गैस (tear gas) और फ्लैश बैंग ग्रेनेड्स का इस्तेमाल किया। इसके बाद अधिकारियों ने भीड़ को तितर-बितर करने का आदेश दिया।
फीनिक्स (एरिज़ोना) में उस वक्त हड़कंप मच गया जब एक व्यक्ति ने प्रदर्शन के बीच पिस्तौल लहराई। हालांकि, पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए उसे तुरंत काबू में कर लिया और किसी को नुकसान नहीं पहुंचा।
वहीं फिलाडेल्फिया, जो अमेरिकी स्वतंत्रता का प्रतीक शहर माना जाता है, वहां प्रदर्शन लगातार जारी रहे। पुलिस द्वारा बार-बार हटाने के बावजूद प्रदर्शनकारी नारेबाज़ी और पोस्टर प्रदर्शन करते रहे।












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