CG Election 2023: आदिवासी बिगाड़ेगी भाजपा-कांग्रेस का गणित, जानिए बस्तर विधानसभा का चुनावी समीकरण
CG Election 2023: पूरे छत्तीसगढ़ और खासकर बस्तर में धर्मांतरण व मतांतरण इस विधानसभा चुनाव में बड़ा मुद्दा बनकर सामने आया है। भाजपा ने धर्मांतरण के मुद्दे पर मुखरता से अपनी आवाज उठाई है।
वहीं कांग्रेस देवगुड़ियों के जीर्णोद्धार करते हुए आदिवासी संस्कृति के संरक्षण के प्रयासों को अपने चुनावी मुद्दों में शामिल किया है। इन हालातों में जहां बस्तर के लोगों में दोनों मुद्दों को लेकर असमंजस की स्थिति है।

दरअसल धर्मांतरण के मुद्दे को लेकर जिस तरह से भाजपा ने अपनी मुखरता दिखाई है, इसे लेकर बस्तर में अवैध धर्मांतरण व मतांतरण का विरोध भी बीते कुछ सालों में तेज हुआ है। दूसरी तरफ कांग्रेस सरकार के लोगों ने धर्मांतरण विरोधी हवा को भांपते हुए आदिवासियों की देवगुड़ियों के संरक्षण को लेकर अपना जवाब देने की कोशिश की है।
बस्तर में जिस तरह से आदिवासियों के धर्मांतरण का आरोप भाजपा ने लगाया, वहीं बस्तर में ही कई घटनाएं भी देखने को मिलीं, जिससे आदिवासियों में इसके प्रति आक्रोश भी देखने को मिला। नारायणपुर जिला मुख्यालय में चर्च की तोड़फोड़ के साथ ही धर्मांतरित परिवारों के दिवंगत होने वाले सदस्यों के अंतिम संस्कार को लेकर भी विरोध के स्वर तेज हुए हैं।
दरअसल पिछले महीनों नारायणपुर के एड़का गांव में मतांतरण के विवाद के बाद यहां प्रदर्शन में भीड़ अनियंत्रित हो गई थी। हमले में एसपी सदानंद कुमार का सिर भी फूट गया था। बस्तर दशहरा में एड़का से आए मांझी ने नाम न बताने की शर्त पर कहा कि मतांतरण को लेकर अदिवासियों में बेहद आक्रोश है। इसका असर चुनाव के परिणाम पर पड़ सकता है। चित्रकोट के कर्रेकोट के मंगलू मांझी ने बताया कि उनके गांव में देवगुड़ी बन रही है। आदिवासियों के देवताओं के नाम पर पट्टा बना है, जिसे लेकर ग्रामीण उत्साहित हैं।
बस्तर में विकास पर कांग्रेस के दावे
2453 देवी-देवताओं के नाम पर सामुदायिक वनाधिकार पत्र
2607 हेक्टेयर भूमि 7075 मातागुड़ी, देवगुड़ी, घोटुल, प्राचीन मृतक स्मारक के लिए दी
22884 बैगा, सिरहा, मांझी, गुनिया, गायता, पुजारी को 7000 रुपये प्रतिवर्ष मानदेय
85 करोड़ रुपये देवगुड़ी, घोटुल के जीर्णोद्धार पर अब तक खर्च
बस्तर में मतांतरण पर भाजपा के दावे
500 से अधिक गांवों में ग्रामसभा ने मतांतरण के विरुद्ध पारित किया है प्रस्ताव
25000 से ज्यादा आदिवासियों का राज्य गठन के बाद बस्तर में हुआ है मतांतरण
5000 से ज्यादा आदिवासियों के जनजागरण के बाद बीते दो सालों में हुई घर वापसी
180 से ज्यादा मतांतरण के विवाद हुए हैं बस्तर में दो सालों में
संवाद सूत्र: ऋषि भटनागर, जगदलपुर/छत्तीसगढ़












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