Poster War Bihar: ‘नहीं चलेंगे चाचा नीतीश’, बिहार में पोस्टर वार जारी, अब युवा कांग्रेस ने खोला मोर्चा
Poster War Bihar Politics: बिहार में आगामी विधानसभा चुनाव के मद्देनज़र राजनीतिक दलों ने विभिन्न रणनीतियों पर काम करना शुरू कर दिया है। आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है। वहीं कांग्रेस पार्टी भी चुनावी मोड में एक्टिव हो चुकी है। इसी क्रम में बिहार प्रदेश युवा कांग्रेस ने पोस्टर जारी कर सीएम नीतीश पर निशाना साधा है।
इस पोस्टर में नीतीश कुमार की तस्वीर महिला सुरक्षा, बेरोजगारी, पलायन, अपराध और भ्रष्टाचार जैसे मुद्दों से घिरी हुई है। पोस्टर में लिखा है, "देख लिया है साल 20, नहीं चलेंगे चाचा नीतीश" पोस्टर में बिहार प्रदेश युवा कांग्रेस को आवेदक बनाया गया है।

हाल ही में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने भी पोस्टर राजनीति की है। उन्होंने तेजस्वी यादव पर निशाना साधते हुए एक पोस्टर लगाया जिसमें आरजेडी के तीन विधायकों को "वांटेड" बताया गया है। इनमें रीतलाल यादव भी शामिल हैं। यह कदम आगामी चुनावों के लिए पार्टियों की तैयारियों के बीच तेज होती राजनीतिक रणनीति को दर्शाता है।
बिहार में राजनीतिक परिदृश्य गर्म होता जा रहा है और बयानबाजी और दृश्य अभियान पार्टियों के लिए मुख्य हथियार बनते जा रहे हैं। जैसे-जैसे चुनाव का दिन नजदीक आ रहा है, इन रणनीतियों के और भी अधिक बढ़ने की संभावना है।
बिहार में आज महागठबंधन की अहम बैठक होने वाली है।
इस बैठक में राजद, कांग्रेस, कम्युनिस्ट पार्टियां और विकासशील इंसान पार्टी जैसी पार्टियां सीट बंटवारे और चुनावी रणनीति पर चर्चा करेंगी। हाल ही में तेजस्वी यादव ने दिल्ली में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के आवास पर राहुल गांधी से मुलाकात की थी।
हालांकि, उनकी बातचीत का ब्योरा अभी नहीं दिया गया है, लेकिन माना जा रहा है कि सीट बंटवारे पर चर्चा हुई। कांग्रेस का लक्ष्य बिहार में 70 से ज़्यादा सीटों पर चुनाव लड़ना है, जबकि आरजेडी ने इस बार कांग्रेस के लिए 50 से कम सीटों का प्रस्ताव रखा है। सीटों के बंटवारे की ये अलग-अलग योजनाएं महागठबंधन गठबंधन के भीतर की जटिलताओं को रेखांकित करती हैं क्योंकि वे चुनावों के लिए रणनीति बना रहे हैं।












Click it and Unblock the Notifications