• search

वर्दी पहनाकर भेज दिया लखनऊ, बोला- आज से चिड़ियाघर में ज्वॉइनिंग है तुम्हारी

By Prashant Srivastava
Subscribe to Oneindia Hindi
For Quick Alerts
ALLOW NOTIFICATIONS
For Daily Alerts

    इलाहाबाद। यूपी में एकबार फिर नौकरी के नाम पर बड़ी जालसाजी का मामला सामने आया है और उसका शिकार कौशांबी के एक युवक व युवती हुए हैं। जालसाजों ने पैसे लेकर उत्तर प्रदेश पुलिस में एक युवक और एक युवती का फर्जी सेलेक्शन करा दिया और बकायदा वर्दी व कंधे पर स्टार लगाकर सीधे इंस्पेक्टर घोषित कर दिया। लेकिन, लखनऊ ज्वाइनिंग करने पहुंचे दोनो फर्जी इंस्पेक्टर को पुलिस ने शक होने पर गिरफ्तार कर लिया और पूछताछ में पता चला कि दोनों ठगी का शिकार हुए हैं। फिलहाल पुलिस ने फर्जी तरीके से वर्दी पहनने के आरोप में इन दोनों पर मुकदमा दर्ज कर हवालात में डाल दिया है।

     चकरा जाए ऐसी थी ड्रेस

    चकरा जाए ऐसी थी ड्रेस

    पुलिस ने जिन दो फर्जी इंस्पेक्टर को पकड़ा है वह डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य के पैतृक जिले कौशांबी के रहने वाले हैं। इनकी पहचान अजय प्रकाश (21) निवासी चरवा अरई सुमेरपुर कौशांबी व कलावती (21) पूरब सरीरा कौशांबी के रूप में हुई है। दोनों ने एकदम नई चमचमाती और स्टाइलिश लुक वाली खाकी वर्दी पहन रखी थी। इनके कंधे पर रैंक बताने वाले स्टार की संख्या तीन थी जबकि पैरों में पॉलिस से लपलपाता हुआ भूरे रंग का चमड़े का जूता था। यानी पूरी तरह फर्जी इंस्पेक्टर वेल मेंटेन थे। इसके चलते जिसने भी इन्हे देखा वह शक ही नहीं कर सका। यहां तक की पुलिस भी इनके फर्जी होने पर चकरा गई।

    चिडि़याघर जा रहे थे ड्यूटी करने

    चिडि़याघर जा रहे थे ड्यूटी करने

    पुलिस के अनुसार यह दोनो चारबाग स्टेशन पर रिक्शा वाले से चारबाग जाने का पता पूछ रहे थे। तभी वहां से जीआरपी के दो सिपाही गुजरे तो दोनो की कम उम्र होने के बावजूद वर्दी पर तीन स्टार देखकर घूरने लगे। हावभाव देखकर शक हुआ तो जीआरपी थाने में सूचना दी गई। सूचना पर इंस्पेक्टर नित्यानंद सिंह और सीओ अमिता सिंह भी मौके पर पहुंची और पूछताछ शुरू हुई तो अजय ने बताया कि उनका चयन इंस्पेक्टर के लिए हुआ है और उनकी ड्यूटी चिडि़याघर पर है और वहीं जाने के लिए वह रिक्शा चालक से बात कर रहे थे।

    फंस गए जाल में

    फंस गए जाल में

    पूछताछ के दौरान पता चला है कि दोनों को ठगी का शिकार बनाया गया है। उन्हें फर्जी इंस्पेक्टर बनाने के लिए लाखों रुपये लिये गये। उनकी वर्दी सिलवाई गई और कौशांबी से ट्रेन द्वारा लखनऊ भेजा गया। लेकिन लखनऊ पहुंचने पर जालसाजी का मामला खुल सका। अजय प्रकाश ने बीएससी तक पढ़ाई की है जबकि कलावती ने बीए किया हुआ है। इन दोनों से कौशांबी में ही कुछ लोग पुलिस में इंस्पेक्टर बनाने के लिए पैसे लिये थे। अजय से पांच लाख व कलावती 4 लाख रुपये लिये गये थे। आश्चर्य की बात यह है कि दोनों को कोई ट्रेनिंग भी नहीं कराई गई। उसके बावजूद इन्हे कोई शक नहीं हुआ। अलबत्ता दोनों ने सिर्फ पुलिस भर्ती बोर्ड के नाम से एक फार्म भरा था और कल उन्हे वर्दी देकर पद ज्वाइन करने लखनऊ भेज दिया गया। सीओ जीआरपी अमिता सिंह ने बताया कि जांच पड़ताल की जा रही है।

    ये भी पढ़ें- IAS-IPS विवाद का योगी सरकार ने निकाला हल, लेकिन अभी भी फंसा है एक पेंच

    जीवनसंगी की तलाश है? भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें - निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

    देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
    English summary
    fake inspector arrested in Lucknow charbagh railway station

    Oneindia की ब्रेकिंग न्यूज़ पाने के लिए
    पाएं न्यूज़ अपडेट्स पूरे दिन.

    X
    We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more