झारखंड चुनाव 2024: जानिए क्यों मुस्लिम मतदाता का हेमंत सोरेन की पार्टी JMM की ओर है झुकाव?
OneIndia Exclusive (Jharkhand Assembly Election 2024): झारखंड विधानसभा 2024 जैसे-जैसे नजदीक आ रहा है। राज्य में राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। वोटरों ने भी अपना मन बना लिया है। राज्य में मुस्लिम मतदाताओं का झुकाव मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की पार्टी झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) की ओर है।
रांची के मुस्लिम समुदाय राज्य के राजनीतिक परिदृश्य को आकार देने में एक अहम आवाज के रूप में उभर रहे हैं। वनइंडिया की इस एक्सक्लूसिव कवरेज में हम आगामी चुनावों में मुस्लिम मतदाताओं का झामुमो की ओर झुकाव के कारणों पर चर्चा करेंगे।

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मुस्लिम मतदाता का क्यों है हेमंत सोरेन की पार्टी JMM की ओर झुकाव?
शासन, कल्याणकारी योजनाओं और धार्मिक समावेशिता पर बढ़ती चिंताओं के बीच, मुस्लिम समुदाय के कई लोग सोरेन के नेतृत्व में विश्वास व्यक्त कर रहे हैं।
सामाजिक सुरक्षा के वादों से लेकर अल्पसंख्यक कल्याण पर उनकी सरकार के रुख तक, सोरेन की नीतियों ने रांची में मुस्लिम मतदाताओं के एक वर्ग को प्रभावित किया है। झारखंड में कुल 3.5 करोड़ मतदाताओं में से लगभग 20% मुस्लिम हैं, जो उन्हें एक चुनावी ताकत बनाता है।
मोहम्मद फरीद खान नामक मतदाता ने कहा कि इस चुनाव में जेएमएम का पलड़ा भारी है। उन्होंने कहा, "लोग हेमंत सोरेन द्वारा राज्य में किए गए काम से खुश हैं।" रांची से जेएमएम की उम्मीदवार महुआ माजी के बारे में बात करते हुए खान ने कहा, "सभी समुदायों के लोग उन्हें वोट देंगे।"
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इस दौरान उन्होंने मौजूदा भाजपा विधायक सीपी सिंह की आलोचना की और शहर के खस्ताहाल बुनियादी ढांचे के लिए उन्हें जिम्मेदार ठहराया। एक मतदाता बब्बर ने हेमंत सोरेन सरकार के पक्ष में जोरदार तरीके से बात की और केंद्र की मोदी सरकार की आलोचना की।
उन्होंने कहा, "बीजेपी काम के बजाय जुमलों पर चलती है। 2014 से पीएम मोदी द्वारा किए गए किसी भी वादे को पूरा नहीं किया गया है, चाहे वह काला धन हो या 2 करोड़ सालाना नौकरियां। इस बीच, झारखंड में हेमंत सोरेन ने लोगों के लिए अथक काम किया है। उनकी योजनाएं और पहल लोगों तक पहुंची हैं।"
झारखंड की राजधानी रांची में 13 नवंबर को मतदान होना है। मोहम्मद फरीद खान ने कहा कि हम हेमंत सोरेन के काम से बहुत ज्यादा खुश हैं। उनकी उम्मीदवार महुआ माजी रांची सीट से चुनाव जीत जाएंगी। रांची के हर धर्म के लोग उनके वोट देंगे। भाजपा उम्मीदवार सीपी सिंह ने रांची में कोई काम नहीं किया है। उनके समर्थक भी इस चुनाव में सीपी सिंह को वोट नहीं देंगे। पीएम मोदी की बातें भी सिर्फ एक जुमला ही है।
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