पाकिस्तानी बाप-बेटे और पहलगाम की तरह धर्म देख कर हत्या! जानें सिडनी आतंकी हमले की पूरी कहानी
Sydney Terror Attack: सिडनी के बॉन्डी बीच पर हनुक्का त्यौहार मना रहे यहूदी समुदाय के लोगों पर हुए घातक हमले को पाकिस्तानी मूल के साजिद अकरम (50) और उनके बेटे नवीद अकरम (24) ने अंजाम दिया। यह घटना तब और चौंकाने वाली हो जाती है जब पता चलता है कि यह हमला धर्म देखकर किया गया था, जो कश्मीर के पहलगाम में हुए हमलों की याद दिलाता है।
पुलिस को घटनास्थल पर ISIS के झंडे मिले हैं, जिससे यह पुष्टि होती है कि यह एक पूर्व-नियोजित नरसंहार था। इस हमले के पीछे की पूरी कहानी और इसके खतरनाक पहलू नीचे दिए गए हैं।

पहलगाम जैसा पैटर्न
बॉन्डी बीच पर हुआ यह हमला लक्षित हत्याओं (Targeted Killings) के खतरनाक पैटर्न को दर्शाता है। ठीक जैसे कश्मीर के पहलगाम क्षेत्र में आतंकवादियों ने धर्म और समुदाय देखकर वारदातों को अंजाम दिया था, सिडनी में भी हनुक्का त्यौहार मना रहे यहूदी समुदाय को जानबूझकर निशाना बनाया गया। घटनास्थल पर ISIS के झंडों की मौजूदगी और यहूदी समुदाय पर हमला इस बात की पुष्टि करता है कि यह घटना सामान्य अपराध नहीं, बल्कि धार्मिक घृणा से प्रेरित सुनियोजित आतंकी कृत्य था, जिसका उद्देश्य भय और सांप्रदायिक तनाव फैलाना था।
ये भी पढे़ं: Sydney Attack: पाकिस्तानी मूल के बाप-बेटे ने मासूमों को मारा! जानिए आतंकी साजिद और नवीद अकरम के बारे में सबकुछ
अंधेरे में रखी गई साजिद की पत्नी वेरेना
साजिद अकरम ने 1998 में ऑस्ट्रेलिया आकर वेरेना से शादी की थी। वेरेना के लिए, उनका बेटा नवीद एक आदर्श बेटा था जो न शराब पीता था, न धूम्रपान करता था और न ही इंटरनेट पर बहुत सक्रिय रहता था। वेरेना ने बताया कि उसे इस घातक योजना की रत्ती भर भी जानकारी नहीं थी, और उन्हें यह तक पता नहीं था कि उनका बेटा बंदूक चलाना भी जानता है। पिता-पुत्र ने अपने ही तीन बेडरूम के फ्लैट में इस नरसंहार की योजना बनाई, जबकि घर के अन्य सदस्य (वेरेना, बेटी और छोटा बेटा) इस भयानक सच्चाई से पूरी तरह अनजान थे।
खुफिया एजेंसी के रडार पर था नवीद
ऑस्ट्रेलिया की खुफिया एजेंसी ASIO को लगभग छह साल पहले से ही नवीद अकरम की गतिविधियों पर संदेह था। एबीसी न्यूज की रिपोर्ट के अनुसार, 2019 में इस्लामिक स्टेट के आतंकी इसाक एल मातारी की गिरफ्तारी के बाद से नवीद लगातार खुफिया एजेंसियों के रडार पर था। एजेंसी को संदेह था कि वह सिडनी में सक्रिय आईएसआईएस नेटवर्क से जुड़ा हो सकता है। इतने लंबे समय तक रडार पर होने के बावजूद, वह अपने पिता के साथ मिलकर इस बड़े आतंकी हमले को अंजाम देने में सफल रहा, जो खुफिया निगरानी प्रणाली में एक गंभीर चूक को दर्शाता है।
ये भी पढ़ें: सिडनी आतंकी हमले को लेकर ऑस्ट्रेलिया के पीएम पर भड़के नेतन्याहू, क्यों कहा आपने ही भड़काया है
साजिद अकरम के पास छह-छह लाइसेंसी बंदूकें थीं
पुलिस जांच में पता चला है कि साजिद अकरम के पास छह-छह लाइसेंसी बंदूकें थीं, जिनका उपयोग वह शिकार के लिए करता था। वेरेना के अनुसार, नवीद को बंदूक चलाने का कोई प्रशिक्षण नहीं था, फिर भी घटनास्थल पर वह जिस तरह से 'ट्रेन्ड' तरीके से गोलियां चला रहा था, वह चौंकाने वाला था। यह विरोधाभास संकेत देता है कि पिता साजिद ने गुप्त रूप से अपने बेटे नवीद को आतंकी गतिविधियों और अत्याधुनिक हथियारों के इस्तेमाल के लिए प्रशिक्षित किया होगा। साजिद का 1998 में स्टूडेंट वीजा पर ऑस्ट्रेलिया आना और बाद में इस तरह की घटना को अंजाम देना, उसके इरादों पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
-
MI vs RCB: विराट कोहली ने मुंबई में रच दिया इतिहास, दुनिया में पहली बार हुआ अनोखा कारनामा -
Asha Bhosle Last Post: 'मैं विलीन हो जाऊंगी', निधन से पहले ही आशा ताई ने लिख दिया था 'आखिरी सच' -
MI vs RCB: वानखेड़े में पसरा सन्नाटा, रोहित शर्मा लाइव मैच से बैटिंग छोड़ गए, आखिर क्या है कारण -
Asha Bhosle Net Worth: आशा भोसले कितनी छोड़ गईं प्रॉपर्टी? सिगिंग के अलावा कहां से करती थींं करोड़ों की कमाई -
Asha Bhosle Last Wish: अधूरी रह गई आशा भोसले की अंतिम इच्छा, पॉडकास्ट में बताया था क्या थी स्पेशल ख्वाहिश -
'मैं आखिरी जिंदा मुगल हूं', मंगेशकर परिवार में जन्मीं आशा भोसले ने कब और क्यों कही थी ये बात? -
Asha Bhosle का 92 साल की उम्र में हुआ निधन, मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में दिग्गज सिंगर ने ली आखिरी सांस -
Asha Bhosle: 'बेइंतहा खूबसूरत', कौन हैं जनाई भोसले? क्रिकेटर सिराज से उड़ी थीं अफेयर की खबरें -
Hazeena Syed: 'अपना ईगो अपने बॉयफ्रेंड वेणुगोपाल को दिखाओ', कौन हैं हजीना, जिसने लगाए अलका लांबा पर गंदे आरोप? -
US-Iran Talks: अमेरिका-ईरान में क्यों नहीं बनी बात? होर्मुज से न्यूक्लियर तक, इन 5 वजहों ने रोकी शांति की राह -
Iran US Talk Fail: फंस गया अमेरिका? शांति समझौते की जरूरत ईरान से ज्यादा ट्रंप को? 4 प्वाइंट्स में समझें -
Aaj Ke Match Ka Toss Kon Jeeta 12 April: LSG vs GT, लखनऊ-गुजरात में धुरंधरों की फौज, किसे मिलेगी जीत?












Click it and Unblock the Notifications