Nepal Border ID Mandatory: अब बिना ID कार्ड नहीं जा पाएंगे नेपाल, बालेन सरकार के फैसले से बॉर्डर पर हड़कंप

India Nepal Border ID Mandatory: भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर एक बड़ा बदलाव सामने आया है। नेपाल के मोरंग जिला प्रशासन ने जोगबनी सीमा चौकी से प्रवेश करने वाले सभी भारतीय नागरिकों के लिए पहचान पत्र (ID Card) दिखाना अनिवार्य कर दिया है।

नेपाल प्रशासन के अनुसार, इस फैसले का मुख्य उद्देश्य पश्चिम बंगाल के रास्ते होने वाली संभावित अवैध घुसपैठ और रोहिंग्या शरणार्थियों के प्रवेश को रोकना है। इसके साथ ही, सीमा पार से होने वाली आपराधिक गतिविधियों और फरार कैदियों की आवाजाही पर लगाम लगाने के लिए विशेष निगरानी और प्रशिक्षित कुत्तों की मदद ली जा रही है।

India Nepal Border ID Mandatory

सुरक्षा के लिए उठाया गया स्थानीय कदम

मोरंग के सहायक मुख्य जिला अधिकारी सरोज कोइराला के अनुसार, यह निर्णय पूरी तरह सुरक्षा कारणों पर आधारित है। उन्होंने साफ किया कि यह नेपाल की ओर से सीमा को थोड़ा और सख्त करने की कोशिश है ताकि अवैध घुसपैठ रोकी जा सके। यह फैसला दोनों देशों की सरकारों के बीच किसी औपचारिक बातचीत का हिस्सा नहीं है, बल्कि जिला स्तरीय सुरक्षा समिति की एक स्वतंत्र पहल है, जिसे सीमा पर जांच-पड़ताल बढ़ाने के लिए लागू किया गया है।

ये भी पढे़ं: Nepal Entry Rules: नेपाल जाना अब नहीं रहा आसान! साल में केवल 30 दिन ही गाड़ियों को मिलेगी एंट्री

घुसपैठ और रोहिंग्याओं पर पैनी नजर

प्रशासन को आशंका है कि पश्चिम बंगाल के राजनीतिक घटनाक्रम के बाद बांग्लादेशी घुसपैठिये और रोहिंग्या मुसलमान नेपाल की ओर पलायन कर सकते हैं। भारतीय मीडिया में आ रही ऐसी रिपोर्ट्स को आधार बनाकर नेपाल ने अपनी सतर्कता बढ़ा दी है। उन्हें डर है कि सुरक्षा में ढील का फायदा उठाकर ये लोग अवैध रूप से देश में दाखिल हो सकते हैं। इसी खतरे को भांपते हुए सीमा पर हर आने-जाने वाले की गहन पहचान सुनिश्चित की जा रही है।

ट्रेनों के समय विशेष जांच अभियान

सीमा पर हर समय कड़ी चेकिंग करना मुश्किल होता है, इसलिए प्रशासन ने ट्रेनों के आने के समय को विशेष रूप से चुना है। जब जोगबनी रेलवे स्टेशन पर ट्रेन आती है और एक साथ सैकड़ों लोग पैदल सीमा पार करते हैं, तब आईडी कार्ड की जांच के लिए अतिरिक्त इंतजाम किए गए हैं। इस दौरान भारी भीड़ का फायदा उठाकर कोई संदिग्ध व्यक्ति प्रवेश न कर सके, इसके लिए सुरक्षा बलों की संख्या भी बढ़ा दी गई है।

ये भी पढ़ें: Nepal Online Bhansar: नेपाल जाने वालों के लिए खुशखबरी, अब ऑनलाइन बनेगा गाड़ी का भंसार, बालेन सरकार का फैसला

फरार अपराधियों और कैदियों पर लगाम

आईडी कार्ड अनिवार्य करने का एक अन्य बड़ा कारण फरार कैदियों की आवाजाही को रोकना है। जानकारी के मुताबिक, नेपाल के कई अपराधी सजा से बचने के लिए भारत चले गए हैं और वे अक्सर सीमा का फायदा उठाते हैं। इन अपराधियों और अन्य असामाजिक तत्वों की पहचान करने के लिए सीमा पर अब प्रशिक्षित कुत्तों का भी इस्तेमाल किया जा रहा है। इस कदम से उम्मीद जताई जा रही है कि सीमावर्ती इलाकों में अपराध दर में कमी आएगी।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+