'मैं अमित शाह बोल रहा हूं...', टिकट के लिए Ex MLA के पास आया फोन, सच्चाई खुली तो उड़े होश
Man poses as Amit Shah: देश में इस वक्त जबरदस्त चुनावी माहौल है और टिकट के दावेदार अपने-अपने जानकार नेताओं के पास पूरी शिद्दत से दौड़ लगा रहे हैं।
लेकिन, इस बीच यूपी के बरेली से एक अनोखा मामला सामने आया है। यहां एक ऐसे शख्स को पुलिस ने गिरफ्तार किया है, जो केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के नाम पर भाजपा के ही पूर्व विधायक से टिकट के एवज में मोटी रकम ऐंठना चाहता था।

बरेली के समोहा गांव का रहने वाला रविंद्र मौर्य नाम का ये शख्स, भाजपा के पूर्व विधायक से रुपए ऐंठ पाता, उससे पहले ही यूपी पुलिस की गिरफ्त में आ गया और सलाखों के पीछे पहुंच गया। रविंद्र मौर्य की गिरफ्तारी के बाद पुलिस अब उसके एक और साथ शाहिद को तलाश रही है। पुलिस के मुताबिक, ये दोनों इससे पहले भी कई लोगों को इसी तरह ठग चुके हैं।
एसपी ग्रामीण मुकेश मिश्रा ने इस पूरे मामले की जानकारी देते हुए बताया, 'रविंद्र मौर्य और शाहिद के ऊपर लूट, धोखाधड़ी और आईटी एक्ट की अलग-अलग धाराओं में केस दर्ज किया गया है। रविंद्र मौर्य और शाहिद, अमित शाह के नाम पर ज्यादातर नेताओं और राजनीतिक दलों के कार्यकर्ताओं को अपना निशाना बनाते थे और टिकट के बदले रुपयों की मांग करते थे।'
11 दिन में 9 बार किया पूर्व विधायक को फोन
मुकेश मिश्रा ने आगे बताया, 'रविंद्र मौर्य ने पीलीभीत जिले की बारखेड़ा विधानसभा से भाजपा के पूर्व विधायक किशनलाल राजपूत को 4 जनवरी से 20 जनवरी के बीच 9 बार फोन किया। शाहिद ने ट्रूकॉलर पर कुछ ऐसी तिकड़म भिड़ाई हुई थी कि किशनलाल राजपूत की मोबाइल स्क्रीन पर रविंद्र का नंबर 'गृह मंत्रालय दिल्ली, केंद्र सरकार (अंकित)' के नाम से आता था।'
कैसे गिरफ्त में आया रविंद्र मौर्य?
किशनलाल राजपूत को शक हुआ तो उन्होंने पुलिस को शिकायत दी और मामले की जांच शुरू हुई। इधर जैसे ही रविंद्र को भनक लगी कि पुलिस मामले की जांच कर रही है तो उसने तुरंत सिम तोड़कर फेंक दी। रविंद्र ने ये सिम गांव के ही एक दूसरे शख्स हरीश के नाम पर ली हुई थी। इसके बाद पुलिस ने जाल बिछाकर रविंद्र को गिरफ्तार कर लिया।












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