Ikkis Final Trailer Review: अगस्त्य नंदा ने किया इंप्रेस लेकिन महफिल लूट गए धर्मेंद्र, बड़ा बेटा हुआ इमोशनल
Ikkis Final Trailer Review : आखिरकार इंतजार हुआ खत्म, साल 2025 की मोस्ट अवेटड फिल्म 'इक्कीस' का फाइनल का ट्रेलर शुक्रवार को आउट हो गया और आते ही उसने सोशल मीडिया पर गदर काट दी है। ट्रेलर की वजह दिवंगत एक्टर धर्मेंद्र हैं, जिन्होंने एक बार फिर से साबित कर दिया कि वो लाजवाब और बेजोड़ थे।
ये फिल्म एक्टर धर्मेंद्र की आखिरी फिल्म है तो वहीं ये मेगास्टार अमिताभ बच्चन के नाती अगस्त्य नंदा की पहली फिल्म है तो वहीं इसमें फिल्म में आपको जयदीप अहलावत और अक्षय कुमार की भांजी सिमर भाटिया भी दिखाई देंगे।

इस फिल्म का इंतजार धर्मेंद्र को भी था लेकिन अफसोस वो इसे देख नहीं पाए। आपको बता दें कि ट्रेलर की शुरुआत जयदीप अहलावत के वॉयसओवर से होती है,जो अगस्त्य नंदा के कैरेक्टर के बारे में लोगों को बताते हैं।
'एक लड़के ने हमारी पूरी तकदीर बदल दी' (Ikkis Final Trailer Review)
वो कहते हैं कि 'उस धुएं और बारुद की बू आज भी याद है मुझे, हम तारीख बदलने वाले थे, लेकिन उस एक लड़के ने हमारी पूरी तकदीर बदल दी।' मालूम हो कि फिल्म में अगस्त्य नंदा सेकंड लेफ्टिनेंट अरुण खेत्रपाल का रोल प्ले कर रहे हैं। ट्रेलर में वो काफी प्रभावी दिख रहे हैं, उनके कई दृश्य ऐसे हैं जो कि रोंगटें खड़े करते हैं।

'मेरा बड़ा बेटा अरुण हमेशा इक्कीस का ही रहेगा' (Ikkis Final Trailer Review)
ट्रेलर में अरुण खेत्रपाल की लाइफ के इमोशनल पलों को भी दिखाया गया है। इसी ट्रेलर में एक जगह धर्मेंद्र कहते हैं कि 'ये मेरा छोटा बेटा है मुकेश, 50 का है और ये है मेरा बड़ा बेटा अरुण हमेशा इक्कीस का ही रहेगा।।' जिसको सुनने के बाद उनके फैंस भावविभोर हो गए हैं और उनके लिए एक्स पर कमेंट कर रहे हैं। बहुत सारे लोगों ने लिखा है कि 'धर्मेंद्र पाजी आपका जवाब नहीं है।'
धर्मेंद्र को देख सनी हुए भावुक (Ikkis Final Trailer Review)
तो वहीं उनके रीयल लाइफ के बड़े बेटे यानी कि सनी देओल भी अपने पापा तो पर्दे पर देखकर इमोशनल हो गए। उन्होंने एक्स पर लिखा कि 'लव यू पापा' 'सबसे कम उम्र के परमवीर चक्र विजेता की सच्ची कहानी देखिए। एक हीरो, जो सिर्फ 21 साल की उम्र में अमर हो गया, सेकंड लेफ्टिनेंट अरुण खेत्रपाल'।

Ikkis को श्रीराम राघवन ने डायरेक्ट किया है
आपको बता दें कि इस फिल्म को श्रीराम राघवन ने डायरेक्ट किया है, जो इससे पहले 'बदलापुर', 'अंधाधुन' जैसी फिल्में बना चुके हैं। यह फिल्म 01 जनवरी 2026 को सिनेमाघरों में दस्तक देगी।
सेकंड लेफ्टिनेंट अरुण खेत्रपाल के बारे में जानिए
14 अक्टूबर 1950 को पुणे के एक पंजाबी हिंदू खत्री परिवार में जन्मे सेकंड लेफ्टिनेंट अरुण खेत्रपाल का परिवार मूल रूप से पश्चिमी पंजाब के सरगोधा से था , जो कि विभाजन के बाद शरणार्थी के रूप में भारत आ गया था, उनके पिता लेफ्टिनेंट कर्नल एमएल खेत्रपाल भारतीय सेना के इंजीनियर कोर में सेवारत अधिकारी थे, उनके दादा ने प्रथम विश्व युद्ध में लड़ाई लड़ी थी और उनके परदादा ने सिख खालसा सेना में सेवा की थी । भारत का ये वीर सपूत मात्र 21 साल की उम्र में साल 1971 के भारत-पाकिस्तान युद्ध के दौरान बसंतर की लड़ाई में शहीद हुआ था।
मरणोपरांत परमवीर चक्र से सम्मानित
अरुण भारतीय सेना के एक अधिकारी और टैंक कमांडर थे, जिन्हें भारतीय टैंक सेना का सर्वश्रेष्ठ योद्धा माना जाता था, उन्हें मरणोपरांत भारत के सर्वोच्च सैन्य सम्मान 'परमवीर चक्र' से सम्मानित किया गया था।












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