छत्तीसगढ़ में रासायनिक उर्वरक की कमी, कृषि मंत्री रविन्द्र चौबे ने केंद्र सरकार को लिखा पत्र

खरीफ सीजन 2022 के लिए सप्लाई प्लान के अनुरूप रासायनिक उर्वरकों की कम आपूर्ति के संबंध में छत्तीसगढ़ के कृषि मंत्री रविन्द्र चौबे ने केन्द्रीय रसायन एवं उर्वरक मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया को पत्र लिखा है।

रायपुर, 10 जून। खरीफ सीजन 2022 के लिए सप्लाई प्लान के अनुरूप रासायनिक उर्वरकों की कम आपूर्ति के संबंध में छत्तीसगढ़ के कृषि मंत्री रविन्द्र चौबे ने केन्द्रीय रसायन एवं उर्वरक मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया तथा केन्द्रीय कृषि मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर को पत्र लिखा है। मंत्री चौबे ने अपने पत्र में खरीफ के लिए अप्रैल एवं मई माह के सप्लाई प्लान के अनुरूप छत्तीसगढ़ राज्य को उर्वरक प्रदाय की मात्रा में की गई 2 लाख 5 हजार 82 मीट्रिक टन की कमी की तत्काल आपूर्ति के साथ ही राज्य के जून माह के सप्लाई प्लान को संशोधित करते हुए जून माह की सम्पूर्ण मांग के अनुरूप उर्वरक प्रदाय करने के लिए आवश्यक कार्यवाही किए जाने का अनुरोध केन्द्रीय मंत्रियों से किया है।

g

छत्तीसगढ़ के कृषि मंत्री रविन्द्र चौबे ने अपने पत्र में लिखा है कि छत्तीसगढ़ कृषि प्रधान राज्य है। प्रदेश की 80 प्रतिशत जनता खेती से जुड़ी है। खरीफ मौसम खेती की दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण है। प्रदेश में खरीफ सीजन में 48.20 लाख हेक्टेयर में फसलों की बुआई की जाती है, जिसमें 40.50 लाख हेक्टेयर में धान एवं अन्य अनाज, 3.76 लाख हेक्टेयर में दलहन, 2.55 लाख हेक्टेयर में तिलहन तथा 1.32 लाख हेक्टेयर में अन्य फसलों की बुआई की जाती है।

कम खाद मिलने की दी जानकारी

उन्होंने आगे लिखा है कि खरीफ 2022 में छत्तीसगढ़ राज्य के लिए कुल 13.70 लाख मीट्रिक टन उर्वरक की स्वीकृति भारत सरकार द्वारा दी गई है। राज्य को अप्रैल एवं मई माह में 3.29 लाख मीट्रिक टन यूरिया सप्लाई प्लान के अनुसार मिलना था, जबकि राज्य को उक्त दोनों माह में मात्र 2.30 लाख मीट्रिक टन यूरिया की आपूर्ति हुई, जो कि सप्लाई प्लान से 99,378 मीट्रिक टन कम है। इसी तरह 1.60 लाख मीट्रिक टन डीएपी की सप्लाई के स्थान पर छत्तीसगढ़ को मात्र 1.09 लाख मीट्रिक टन डीएपी की आपूर्ति की गई, जो कि सप्लाई प्लान से 51,034 मीट्रिक टन कम है। इसी तरह राज्य को अप्रैल एवं मई माह के सप्लाई प्लान के मुताबिक एमओपी 18,309 मीट्रिक टन तथा एनपीके 36,361 मीट्रिक टन कम मिला है। इस प्रकार उक्त दोनों महीनों के सप्लाई प्लान के अनुरूप छत्तीसगढ़ राज्य को कुल 2.05 लाख मीट्रिक टन उर्वरक की आपूर्ति कम हुई है।

यह भी पढ़ें फिर बढ़ रहे हैं कोरोना के मामले, बचाव के लिए छत्तीसगढ़ में नई गाइडलाइन जारी
मानसून में हो सकती है समस्याएं

मंत्री रविंद्र चौबे ने अपने पत्र में लिखा है कि छत्तीसगढ़ राज्य के लिए जून माह में निर्धारित मांग 2.66 लाख मीट्रिक टन के विरूद्ध मात्र 2.10 लाख मीट्रिक टन उर्वरक सप्लाई प्लान की स्वीकृति दी गई है, जो कि 56 हजार मीट्रिक टन कम है। उन्होंने कहा है कि छत्तीसगढ़ को उर्वरक, मांग एवं सप्लाई प्लान के विरूद्ध कम आपूर्ति की जा रही है।चौबे ने लिखा है कि प्रदेश में मानसून प्रायः जून माह के दूसरे सप्ताह मेे सक्रिय होता है तथा उर्वरकों के उठाव में बहुत तेजी से वृद्धि होती है। राज्य में उर्वरकों की कमी से खरीफ कार्यक्रम के साथ-साथ कानून व्यवस्था भी निश्चित रूप से प्रभावित होगी। उन्होंने केन्द्रीय मंत्री द्वय से प्रदेश की माहवार उर्वरक सप्लाई प्लान के अनुसार अप्रैल एवं मई माह के शेष उर्वरक 2.05 लाख मीट्रिक टन एवं जून माह के सप्लाई प्लान में संशोधन करते हुए जून माह के प्रदेश की सम्पूर्ण मांग के अनुरूप उर्वरक प्रदाय करने के लिए आवश्यक कार्यवाही करने का आग्रह किया है।

यह भी पढ़ें छत्तीसगढ़ के दौरे पर केंद्रीय मंत्री भानुप्रताप सिंह वर्मा , कहा- केंद्र से नहीं मिल रही राशि तो बताइये

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+