‘डूइंग बिजनेस रिपोर्ट 2020’ के प्रकाशन का फैसला टला, जानिए विश्व बैंक ने क्यों लगाई रोक?
नई दिल्ली। पिछले पांच वर्षों में 14 स्थानों की छलांग लगाकर 79 से 63वें पायदान पर पहुंचे भारत कारोबार सुगमता रिपोर्ट 2020 के प्रकाशन के फैसले पर रोक लगा दी गई है। गुरुवार को एक बयान जारी करके विश्व बैंक ने कहा है कि उसने अपनी कारोबार सुगमता के बारे में जारी होने वाली 'डूइंग बिजनस रिपोर्ट' के प्रकाशन को फिलहाल स्थगित रखने का फैसला किया है।

World Bank pauses publication of Doing Business report on data irregularities
— ANI Digital (@ani_digital) August 27, 2020
Read @ANI Story | https://t.co/HQZzOBKjU0 pic.twitter.com/7gjpygiD89
JEE-NEET परीक्षा: 'जरा याद उन्हें भी कर लो, जो एग्जाम की तैयारी करके घरों में बैठे हैं?'

प्रकाशन को रोकने की वजह पिछली कुछ रिपोर्टों में अनियमितता बताई गई
प्रकाशन को रोकने के फैसले की वजह पिछली कुछ रिपोर्टों में डेटा में हुई कई अनियमितताओं को बताया गया है। विश्व बैंक का कहना है कि अक्टूबर 2017 और 2019 में प्रकाशित डूइंग बिजनस रिपोर्ट 2018 और डूइंग बिजनस रिपोर्ट 2019 के डेटा में बदलाव के संबंध में कई अनियमितताएं सामने आई हैं। उक्त बदलाव डूइंग बिजनस के तरीके के हिसाब से ठीक नहीं थे।

इसलिए हमने रिपोर्ट के प्रकाशन को रोकने का फैसला कियाः वर्ल्ड बैंक
वर्ल्ड बैंक ने कहा कि इन बदलाव से जो देश सबसे अधिक प्रभावित हुए थे, उनके प्राधिकरण ने विश्व बैंक के कार्यकारी निदेशक के बोर्ड को इससे अवगत कराया। बैंक ने कहा, चूंकि हम अभी अपना आकलन करेंगे, इसलिए हमने डूइंग बिजनस रिपोर्ट के प्रकाशन को रोकने का फैसला किया है।

पिछले 17 सालों से इज ऑफ डूइंग बिजनेस रिपोर्ट बेहतरीन साधन बना है
पिछले 17 सालों से इज ऑफ डूइंग बिजनेस रिपोर्ट कई देश में कारोबार करने वाले कंपनियों के लिए बेहतरीन साधन बनकर सामने आया है। ऐसे में इस में होने वाली अनियमितता वास्तव में किसी देश की छवि को खराब कर सकती है। इस आधार पर रोकने का फैसला किया गया है।

5 वर्ष में भारत कारोबार सुगमता रिपोर्ट में 14 स्थानों की छलांग आया है
भारत कारोबार सुगमता रिपोर्ट 2020 में 14 स्थानों की छलांग लगाकर 63वें पायदान पर पहुंच गया है। भारत में पिछले 5 वर्ष में 79 स्थानों का उछाल आया है। वर्ल्ड बैंक के मुताबिक प्रकाशन में कई गलतियों से कुछ देशों की रैंकिंग बहुत पीछे चली गई थी।

आंकड़ों में बदलाव के लिए सिस्टमैटिक रिव्यू और एसेसमेंट किया जाएगा
वर्ल्ड बैंक ने कहा है कि आंकड़ों में हुए बदलाव के लिए अब एक सिस्टमैटिक रिव्यू और एसेसमेंट किया जाएगा। इंस्टीट्यूशनल डाटा रिव्यू प्रोसेस के बाद पिछले 5 इज ऑफ डूइंग बिजनेस रिपोर्ट के आंकड़ों की समीक्षा की जाएगी।












Click it and Unblock the Notifications