Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

JEE-NEET परीक्षा: 'जरा याद उन्हें भी कर लो, जो छात्र एग्जाम की तैयारी करके बैठे हैं?'

नई दिल्ली। NEET 2020 और JEE मुख्य परीक्षा के स्थगन के पक्ष में केंद्र की मोदी सरकार के खिलाफ पार्टी नेताओं समेत विभिन्न राजनीतिक दल छत्री तान चुके हैं, लेकिन कोई भी नेता अथवा दल उन छात्रों से नहीं पूछ पाया है कि जिनके हितों का दावा करके वो सड़कों पर लाठी-डंडा और बैनर लेकर उतर चुके हैं और उतरने वाले हैं, वो क्या चाहते हैं। 28 अगस्त को कांग्रेस ने राष्ट्रव्यापी अभियान का ऐलान कर चुकी है, सपा राजभवन का घेराव करके लाठियां खा चुकी है।

Recommended Video

    JEE NEET Exams: HRD Minister Ramesh Pokhriyal बोले- ज्यादातर छात्र चाहते हैं परीक्षा |वनइंडिया हिंदी
    JEE

    पहले ही दो बार टाला जा चुका जेईई मुख्य परीक्षा और नीट 2020 टेस्ट

    पहले ही दो बार टाला जा चुका जेईई मुख्य परीक्षा और नीट 2020 टेस्ट

    पहले ही दो बार टाला जा चुका जेईई मुख्य परीक्षा और नीट 2020 टेस्ट को एक बार फिर टालने की मांग को लेकर विरोध की हवा को वरिष्ठ बीजेपी नेता सुब्रमण्यन स्वामी ने चिंगारी लगाई जब उन्होंने पत्र लिखकर शिक्षा मंत्री रमेश पोखरियाल से कोरोना काल में परीक्षा टालने की गुजारिश की। देखते ही देखते कई विपक्षी राजनीतिक दल मुहिम में जुड़ते चले गए हैं और माना जा रहा है कि यह कारवां अभी और आगे बढ़ेगा। इससे पहले अप्रैल और जुलाई में होने वाली परीक्षा दो बार रद्द कर दिया गया था।

    ममता बनर्जी, नवीन पटनायक और उद्धव ठाकरे ने स्थगन के लिए फूंका बिगुल

    ममता बनर्जी, नवीन पटनायक और उद्धव ठाकरे ने स्थगन के लिए फूंका बिगुल

    पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री और टीएमसी प्रमुख ममता बनर्जी, ओडिशा के मुख्यमंत्री और बीजू जनता दल के मुखिया नवीन पटनायक, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री और शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे और उनके बेटे आदित्य ठाकरे ने भी सुर में सुर मिलाया। सपा मुखिया अखिलेश यादव भी कतार में खड़े हो गए और अंततः भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस भी जेईई और नीट परीक्षा पर राजनीति का मोह नहीं छोड़ सकी।

    किसी भी दल ने यह जानने की कोशिश नहीं की है कि छात्र क्या चाहते हैं?

    किसी भी दल ने यह जानने की कोशिश नहीं की है कि छात्र क्या चाहते हैं?

    लेकिन इस सबके के बीच किसी ने भी यह नहीं जानने की कोशिश की है कि आखिर जिनको परीक्षा देना और जिनके पास और फेल होने की गुंजाइश है, वो क्या चाहते हैं अथवा उनके अभिभावक कोरोना काल में परीक्षा के आयोजन को लेकर क्या सोचते हैं। लेकिन कौव्वा कान ले गया कहावत को चरित्रार्थ करते हुए सभी राजनीतिक दल मुद्दे को राजनीतिक मुद्दा बनाने से बाज नहीं आए।

    शिक्षा मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक ने राजनीतिक दलों को दिया जवाब

    शिक्षा मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक ने राजनीतिक दलों को दिया जवाब

    लिहाजा शुक्रवार को जेईई और नीट परीक्षा के विरोध में उतरे राजनीतिक दलों को जवाब देने के लिए शिक्षा मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक प्रकट हुए और उन्होंने राष्ट्रीय टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) द्वारा उपल्ब्ध कराए डेटा के हवाला देते हुए स्पष्ट करना पड़ा कि जेईई मुख्य परीक्षा और नीट परीक्षा में बैठने वाले सभी परीक्षार्थी पूरी तरह से परीक्षा के समर्थन में है। इसकी पुष्टि एनटीए डीजी द्वारा उपलब्ध डेटा से स्पष्ट हो चुका है।

    JEE मुख्य परीक्षा: 8.58 लाख में से 7.5 लाख ने डाउनलोड किए एडमिट कार्ड

    JEE मुख्य परीक्षा: 8.58 लाख में से 7.5 लाख ने डाउनलोड किए एडमिट कार्ड

    एनटीए डेटा के मुताबिक लगभग एक हफ्ते बाद होने वाले JEE मुख्य परीक्षा में बैठने वाले कुल 8.58 लाख परीक्षार्थियों में से 7.5 लाख ने आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध कराए गए एडमिट कार्ड को डाउनलोड कर चुके हैं, जबकि दो हफ्ते बाद आयोजित होने वाले NEET 2020 टेस्ट के लिए बैठने वाले 15.97 लाख परीक्षार्थियों में से 13 लाख ने भी अपना एडमिट कार्ड डाउनलोड कर लिया है।

    परीक्षा के लिए तैयार हैं JJE के 88% और NEET के 81 % परीक्षार्थी

    परीक्षा के लिए तैयार हैं JJE के 88% और NEET के 81 % परीक्षार्थी

    एडमिट कार्ड डाउनलोड का औसत बताता है कि स्टूडेंट्स परीक्षा के समर्थन में हैं और किसी भी कीमत पर परीक्षा में बैठना चाहते हैं। इसके पीछे के बैकग्राउंड को समझने के लिए स्टूडेंट्स की तैयारियों को समझा जा सकता है, जो पिछले 6 महीनों से महामारी संकट के बीच कमरों में बंद हैं, जहां उनके पास परीक्षा की तैयारियों के लिए काफी वक्त मिलना स्वाभाविक है। जेईई परीक्षा के लिए 88 फीसदी और नीट के लिए 81 फीसदी छात्रों द्वारा एक से दो सप्ताह पहले ही एडमिट कार्ड डाउनलोड करना बतलाता है कि छात्र परीक्षा को लेकर कितने उत्साहित हैं।

    सुरक्षा के मद्देनजर जेईई के लिए सेंटर को 570 से बढ़ाकर 660 किया गया

    सुरक्षा के मद्देनजर जेईई के लिए सेंटर को 570 से बढ़ाकर 660 किया गया

    वहीं, कोरोना काल में छात्रों की सुरक्षा को लेकर सड़कों पर उतरे राजनीतिक दलों को आश्वस्त करते हुए अभी हाल में केंद्रीय शिक्षा मंत्री रमश पोखरियाल निशंक ने स्पष्ट करते हुए बताया था कि छात्रों की सुविधा और सुरक्षा के लिए जेईई के लिए सेंटर को 570 से बढ़ाकर 660 कर किया गया है, जबकि नीट 2020 टेस्ट के लिए 2,546 की जगह 3,842 सेंटर बनाए गए हैं। छात्रों को पसंद के परीक्षा सेंटर भी दिए गए हैं और एनटीए द्वारा तैयार गाइडलाइन का परीक्षा केंद्र में सख्ती से पालन कराया जाएगा।

    सुब्रमण्यन स्वामी ने परीक्षा को इमरजेंसी का नसबंदी करार दिया

    सुब्रमण्यन स्वामी ने परीक्षा को इमरजेंसी का नसबंदी करार दिया

    कोरोना संकट के बीच नीट और जेईई परीक्षा के विरोध में खड़े बीजेपी नेता सुब्रमण्यन स्वामी ने परीक्षा को इमरजेंसी का नसबंदी करार दिया था। पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी ने सुझाव दिया कि परीक्षा की तारीख आगे बढ़ाने की मांग के साथ मुख्यमंत्रियों को SC जाना चाहिए। ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने कहा कि महामारी के बीच परीक्षा केंन्द्र में जाकर इम्तिहान देना छात्रों के लिए असुरक्षित होगा।

    कांग्रेस ने 28 अगस्त को देशव्यापी प्रदर्शन करने का ऐलान किया है

    कांग्रेस ने 28 अगस्त को देशव्यापी प्रदर्शन करने का ऐलान किया है

    गुरूवार को 7 राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक के बाद कांग्रेस ने 28 अगस्त को देशव्यापी प्रदर्शन करने का ऐलान किया है। बैठक की अध्यक्षता करते हुए कांग्रेस अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी की मौजूदगी में तय हुआ कि कांग्रेस कार्यकर्ता जेजेई और नीट परीक्षा को स्थगित करने की मांग को लेकर 28 अगस्त को राज्य और जिला मुख्यालयों पर सुबह 11 बजे से देशव्यापी विरोध प्रदर्शन करेंगे, जबकि यूथ कांग्रेस ने हस्ताक्षर अभियान चलाया है।

    नीट और जेईई परीक्षा के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट जाएगी कांग्रेस

    नीट और जेईई परीक्षा के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट जाएगी कांग्रेस

    नीट और जेईई परीक्षा को लेकर सात गैर-बीजेपी शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों की बैठक में सभी राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने कोरोना काल में नीट और जेईई की परीक्षा टालने के मुद्दे को जोर-शोर से उठाया। इसके बाद राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने तय किया है कि वो सितंबर में प्रस्तावित नीट और जेईई परीक्षा के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाएंगे।

    जिद्दी मोदी सरकार छात्रों की शिकायतों को सुनने तैयार नहींः सुरजेवाला

    जिद्दी मोदी सरकार छात्रों की शिकायतों को सुनने तैयार नहींः सुरजेवाला

    कांग्रेस प्रवक्ता रणदीप सिंह सुरजेवाला ने मोदी सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि जेईई और नीट की आगामी परीक्षाओं में 25 लाख छात्रों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को खतरे में डाला जा रहा है। देश भर में छात्र विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं, लेकिन जिद्दी मोदी सरकार उनकी शिकायतों को सुनने, उन पर विचार करने और सभी के लिए स्वीकार्य समाधान खोजने से इनकार क्यों कर रही है, जबकि सच्चाई आंकड़ों में पूरी तरह से साफ हो चुकी है।

    NTA ने किया बचाव, 'परीक्षा स्थगित होने पर शैक्षणिक कैलेंडर प्रभावित होगा'

    NTA ने किया बचाव, 'परीक्षा स्थगित होने पर शैक्षणिक कैलेंडर प्रभावित होगा'

    उधर, नीट और जेईई को स्थगित कराने की मांग के बीच नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) का कहना है कि इस साल परीक्षा स्थगित होने पर अगले साल का शैक्षणिक कैलेंडर प्रभावित होगा, क्योंकि परीक्षा को पहले दो बार टाला जा सका है। दूसरी ओर छात्रों का भी परीक्षा को लेकर उत्साह को देखा जा सकता है, जिन्होंने परीक्षा के दो सप्ताह पहले ही एडमिट कार्ड को डाउनलोड करके अपने इरादे जाहिर कर चुके हैं।

    नीट और जेईई परीक्षा चौथी या पांचवीं क्लास की परीक्षा नहीं है

    नीट और जेईई परीक्षा चौथी या पांचवीं क्लास की परीक्षा नहीं है

    कोरोना संकट के बीच नीट और जेईई परीक्षाओं के आयोजन पर मध्यप्रदेश के गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने एक बयान में कहा है कि ‘नीट और जेईई परीक्षा चौथी या पांचवीं क्लास की परीक्षा नहीं है। इन परीक्षाओं को पास करने वाले देश के निर्माण में सहयोग देते हैं। ये परीक्षाएं काफी महत्वपूर्ण हैं। इसे मुद्दा नहीं बनाया जाना चाहिए। यह सही भी है, क्योंकि आकंड़ बताते हैं कि परीक्षार्थी में बैठने के लिए उतावले हैं।

    150 से अधिक प्रोफेसर्स ने परीक्षा न टालने के लिए प्रधानमंत्री को लिखा पत्र

    150 से अधिक प्रोफेसर्स ने परीक्षा न टालने के लिए प्रधानमंत्री को लिखा पत्र

    भारत और विदेशों के विभिन्न विश्वविद्यालयों के 150 से अधिक प्रोफेसर्स ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर कहा है कि मेडिकल और इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षा जेईई (मुख्य) और नीट में और देरी हुई तो छात्रों का भविष्य प्रभावित होगा। उन्होंने पत्र में कहा कि कुछ लोग अपने राजनीतिक एजेंडे को आगे बढ़ाने के लिए छात्रों के भविष्य के साथ खेलने की कोशिश कर रहे हैं।

    एनटीए पहले ही NEET और JEE एग्जाम रद्द करने से कर चुकी है इंकार

    एनटीए पहले ही NEET और JEE एग्जाम रद्द करने से कर चुकी है इंकार

    नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने साफ कर दिया है कि JEE Main और NEET UG की परीक्षाएं तय समय के अनुसार सितंबर में होगी। एक ओर जहां कोरोना संकट के बीच परीक्षा को स्थगित करने की मांग भी की जा रही थी तो दूसरी ओर नेशनल टेस्टिंग एजेंसी ने तारीखों की घोषणा कर दी है। 1 से 6 सितंबर के बीच प्रस्तावित जेईई मेन परीक्षा और राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (NEET-UG) 13 सितंबर को होनी है, जिसके लिए वेबसाइट पर एडमिट कार्ड भी जारी कर दिए थे।

    बच्चे बेसब्री से परीक्षा का इंतजार कर रहे हैंः एनटीए चैयरमैन

    बच्चे बेसब्री से परीक्षा का इंतजार कर रहे हैंः एनटीए चैयरमैन

    एनटीए के चैयरमैन विनीत जोशी के मुताबिक बच्चे बेसब्री से परीक्षा का इंतजार कर रहे हैं। उन्होंने एक बयान में कहा कि बुधवार को नीट के एडमिट कार्ड डाउनलोड होने शुरू हुए और 12 बजे से महज ढाई घंटे में ही 4.30 लाख परीक्षार्थियों ने ऑनलाइन एडमिट कार्ड हासिल कर लिया। वहीं, शाम पांच बजे तक यह आंकड़ा 6.84 लाख तक पहुंच गया, जबकि जेईई के लिए शाम तक 8.58 लाख अभ्यर्थियों में से 7.41 लाख ने प्रवेश पत्र डाउनलोड कर लिए थे, जो करीब 90 फीसदी है। उनके अनुसार एनटीए को बच्चों एवं उनके अभिभावकों की तरफ से दोनों तरह के प्रतिवेदन मिले हैं।

    परीक्षा केंद्र और परीक्षार्थी के लिए जारी की गई है अलग-अलग गाइडलाइन

    परीक्षा केंद्र और परीक्षार्थी के लिए जारी की गई है अलग-अलग गाइडलाइन

    कोरोना महामारी को देखते हुए परीक्षार्थियों की सुरक्षा के मद्देनजर नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) ने जेईई मेंस व नीट परीक्षा के आयोजन के लिए केंद्र व परीक्षार्थी के लिए अलग-अलग गाइडलाइन जारी किए हैं। एनटीए द्वारा जारी गाइडलाइन के मुताबिक परीक्षा हॉल/कमरे में गाइड कर रहे शिक्षक घूमने की बजाय दूर से ही परीक्षार्थियों पर नजर रखेंगे। वहीं, परीक्षार्थियों के लिए सोशल डिस्टेंसिंग और मास्क जैसे सुरक्षा मानदंड तय किए गए हैं।

    छात्रों द्वारा डाउनलोड किए गए एडमिट कार्ड छपी है सारी गाइडलाइंस

    छात्रों द्वारा डाउनलोड किए गए एडमिट कार्ड छपी है सारी गाइडलाइंस

    परीक्षा के लिए एडमिट कार्ड पर एनटीए द्वारा परीक्षा केंद्रों पर लागू गाइडलाइंस को स्पष्ट रूप से रेखांकित किया गया है, जिसे डाउनलोड करने के बाद छात्रों को दिए गए गाइडलाइन का पालन करना होगा। छात्रों को किसी तरह की दिक्कतों का सामना नहीं करना पड़े, इसलिए सभी परीक्षार्थियों को 6 मीटर की दूरी और चेहरे पर फेस मास्क व हथेली पर दस्ताने पहनने की सख्त हिदायत दी गई है।

    More From
    Prev
    Next
    Notifications
    Settings
    Clear Notifications
    Notifications
    Use the toggle to switch on notifications
    • Block for 8 hours
    • Block for 12 hours
    • Block for 24 hours
    • Don't block
    Gender
    Select your Gender
    • Male
    • Female
    • Others
    Age
    Select your Age Range
    • Under 18
    • 18 to 25
    • 26 to 35
    • 36 to 45
    • 45 to 55
    • 55+