बृजभूषण के समर्थन में उतरे बहराइच के खिलाडियों ने किया जमकर प्रदर्शन, कहा: 'जंतर-मंतर पहुंचेंगे'
जहां एक तरफ दिल्ली के जंतर-मंतर पर पहलवान कैसरगंज सांसद बृज भूषण शरण सिंह के खिलाफ आंदोलन पर बैठे हुए हैं, वहीं अब बहराइच के पहलवान बृज भूषण के समर्थन में सडकों पर उतर आए हैं।

बहराइच जिले के कैसरगंज सांसद बृज भूषण शरण सिंह के समर्थन में उतरे बहराइच के खिलाडियों द्वारा जमकर प्रदर्शन किया गया। इस दौरान खिलाडियों ने सीधे तौर पर सांसद बृज भूषण पर लगे आरोपों को निराधार बताया। वही खिलाड़ियों ने कहा कि अगर उनपर लगे आरोप वापस नहीं लिए गए तो भारी संख्या में खिलाड़ी जंतर-मंतर पहुंचेंगे।

हजारों की संख्या में खिलाड़ी हुए एकत्रित
बहराइच कैसरगंज के भाजपा सांसद बृजभूषण शरण सिंह के समर्थन में बहराइच के खिलाड़ी उतर आए हैं। गुरुवार को हजारों की संख्या में खिलाड़ी बहराइच के इंदिरा स्टेडियम में एकत्रित हुए और एक शांति मार्च निकाला। यह शांति मार्च इंदिरा स्टेडियम से निकलकर बहराइच जिला अधिकारी कार्यालय पहुंचा, जहां खिलाड़ियों ने बहराइच जिला अधिकारी डॉ दिनेश चंद्र को इस संबंध में एक सौंपा।

जंतर-मंतर पर जगह कम पड़ जाएगी
वही अटल सिंह फुटबाल एसोसियेशन सिक्रिटी बहराइच का कहना है कि भाजपा सांसद बृजभूषण पर लगे हुए आरोप निराधार हैं। एक कथित परिवार द्वारा उन्हें फंसाने का कार्य किया जा रहा है। हम खिलाड़ी उसका विरोध करते हैं। उनका कहना है कि बृजभूषण पर लगे हुए आरोपों को वापस लिया जाए अन्यथा बहराइच से इतने खिलाड़ी जंतर-मंतर पर पहुंचेंगे कि वहां जगह कम पड़ जाएगी।

6 बार से सांसद हैं ब्रिज भूषण शरण सिंह
बता दें कि ब्रिज भूषण शरण सिंह 1991 में पहली बार लोकसभा चुनाव जीतकर सांसद बने थे। इसके बाद बृज भूषण सिंह ने 1999, 2004, 2009, 2014 और 2019 के लोकसभा चुनाव में भी जीत दर्ज की थी। इसलिए वो कुल छह बार सांसद रहे चुके हैं। इसके अलावा वो 2011 से कुश्ती महासंघ के अध्यक्ष हैं। 2019 में बीजेपी सांसद तीसरी बार कुश्ती महासंघ के अध्यक्ष बनाए गए। बताया जाता है कि कुश्ती के छोटे से बड़े कार्याक्रम में वो मौजूद रहते है और जीत हार का फैसला भी उनकी तरफ से सुनाया जाता है। कुश्ती के आयोजन मेें उनकी अहम भूमिका रही है।

राज ठाकरे का किया था विरोध
बृजभूषण शरण सिंह पहली बार 1988 में बीजेपी में शामिल हुए थे, जिसके बाद 1991 में लोकसभा का चुनाव लड़ा और जीत दर्ज की। लेकिन बीच में विवादों के चलते पार्टी छोड़ दी थी, जिसके बाद 2009 में सपा के टिकट पर कैसरगंज से चुनाव जीते थे। पहलवानों की तरफ से लगाए आरोपों से पहले राज ठाकरे के विरोध को लेकर भी बीजेपी सांसद चर्चा में आए थे। तब मनसे प्रमुख राज ठाकरे ने अयोध्या स्थित रामलाला के दर्शन करने आने की बात कही थी। लेकिन कैसरगंज के सांसद ने उनका जबरदस्त विरोध किया था।

बजरंग पूनिया ने लगाए थे ये आरोप
इससे पहले खिलाड़ियों ने बृजभूषण शरण सिंह पर आरोप लगाए थे कि फेडरेशन के अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह मनमानी करते हैं। बजरंग पूनिया ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि प्रेसिडेंट गाली देते हैं। यहां तक कि वह थप्पड़ भी मार देते हैं। टोक्यो ओलिंपिक में मेडल जीतने वाले बजरंग ने कहा कि स्पॉन्सर का पैसा फेडरेशन खा जाता है।

आरोप सच हुआ तो फांसी लगा लूंगा: ब्रजभूषण
हाल ही में उनपर महिला पहलवानों ने यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया है। विनेश फोगाट ने बताया कि इन्हें इस्तीफा देना चाहिए। उन्होंने कहा कि 'हमारे साथ अत्याचार हुआ है और कई महिला पहलवानों के साथ शिविर में उत्पीड़न किया गया है।' इसके बाद से खेल मंत्री भी एक्शन में आ गए है। इसलिए पहलवानों के साथ माटिंग के बाद बृजभूषण को काम करने से रोक दिया गया है। वहीं अपने उपर लगे आरोपों को लेकर ब्रज भूषण ने कहा सामने आकर अगर कोई साबित करे कि ऐसा हुआ है, तो मैं फांसी लगा लूंगा। वो आरोपो का पूरी तरह से खंडन कर रहे है।












Click it and Unblock the Notifications