भारत में MBBS करने में आता है कितना खर्च? सरकारी और प्राइवेट कॉलेज की फीस का अंतर जानकार उड़ जाएंगे आपके होश
MBBS in India: NEET पास करने के बाद मेडिकल की पढ़ाई शुरू करने का सपना हर साल लाखों छात्रों का होता है। लेकिन सिर्फ परीक्षा पास करना ही काफी नहीं, असली चुनौती तब शुरू होती है जब MBBS की पढ़ाई के लिए कॉलेज और फीस का चयन करना होता है।
एक तरफ सरकारी कॉलेज हैं, जहां कम फीस में क्वालिटी एजुकेशन मिलती है, वहीं दूसरी तरफ प्राइवेट कॉलेज और डीम्ड यूनिवर्सिटीज हैं, जहां सीटें तो मिल जाती हैं लेकिन फीस सुनकर ही कई पैरेंट्स घबरा जाते हैं। ऐसे में छात्रों और अभिभावकों के मन में सबसे बड़ा सवाल होता है - "MBBS में कितना खर्च आएगा?" इस सवाल का जवाब हम आपको आसान भाषा में और पूरा ब्रेकअप के साथ देने जा रहे हैं...

सरकारी मेडिकल कॉलेज: कम खर्च में क्वालिटी पढ़ाई
भारत के सरकारी मेडिकल कॉलेजों में MBBS की पढ़ाई सबसे कम खर्च में पूरी होती है। ज्यादातर कॉलेजों में 5.5 साल की पूरी पढ़ाई पर 1 लाख से 5 लाख रुपये तक का खर्च आता है। सालाना फीस 10,000 से 1 लाख रुपये के बीच होती है। हॉस्टल और अन्य सुविधाओं का खर्च अलग से 5,000 से 50,000 रुपये तक हो सकता है।
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कुछ प्रमुख उदाहरण:
- AIIMS दिल्ली: सिर्फ 6,000 से 8,000 रुपये (पूरे कोर्स की फीस)
- राज्य मेडिकल कॉलेज (जैसे KGMU, SMS Jaipur): 20,000 से 1 लाख रुपये सालाना
प्राइवेट मेडिकल कॉलेज
अगर सरकारी सीट नहीं मिलती और आप प्राइवेट कॉलेज में MBBS करना चाहते हैं, तो इसके लिए मोटा खर्च तैयार रखना होगा। 5.5 साल की पूरी डिग्री का खर्च 50 लाख से लेकर 1.25 करोड़ रुपये तक हो सकता है। सालाना फीस 8 लाख से 25 लाख रुपये के बीच होती है। हॉस्टल, किताबें और अन्य खर्चों को मिलाकर कुल खर्च और बढ़ जाता है।
कुछ प्रमुख उदाहरण:
- DY Patil Medical College, पुणे: 22 लाख रुपये प्रति वर्ष
- Manipal Medical College: 14-17 लाख रुपये प्रति वर्ष
- CMC लुधियाना (प्राइवेट कोटा): लगभग 6-7 लाख रुपये सालाना
डीम्ड यूनिवर्सिटी और भी ज्यादा महंगी
डीम्ड यूनिवर्सिटी में पढ़ाई का खर्च आमतौर पर प्राइवेट कॉलेजों से भी ज्यादा होता है। यहां MBBS की फीस 18 लाख से 25 लाख रुपये प्रति वर्ष तक हो सकती है। यानी पूरे कोर्स का खर्च 90 लाख से 1.2 करोड़ रुपये के बीच हो सकता है।
AIIMS और JIPMER जैसे संस्थान: कम फीस, बड़ी पहचान
अगर आप AIIMS, JIPMER जैसे राष्ट्रीय स्तर के संस्थानों में एडमिशन लेते हैं तो सिर्फ 1,000 से 10,000 रुपये सालाना में MBBS की पढ़ाई हो जाती है। ये देश के सबसे सस्ते और बेस्ट मेडिकल कॉलेज माने जाते हैं, लेकिन यहां सीटें बेहद सीमित हैं और कॉम्पटीशन सबसे ज्यादा है।
MBBS का खर्च
कॉलेज का प्रकार और कुल MBBS फीस (लगभग)
- सरकारी मेडिकल कॉलेज ₹1 लाख - ₹5 लाख
- प्राइवेट मेडिकल कॉलेज ₹50 लाख - ₹1.25 करोड़
- डीम्ड यूनिवर्सिटी ₹90 लाख - ₹1.2 करोड़
- AIIMS / JIPMER जैसे संस्थान ₹6,000 - ₹30,000 (पूरे कोर्स के लिए)
क्या है समझदारी?
अगर आपकी रैंक अच्छी है तो सरकारी कॉलेज ही बेस्ट विकल्प है। कम खर्च में क्वालिटी एजुकेशन, सरकारी इंटर्नशिप और बेहतर करियर की संभावना रहती है। लेकिन अगर रैंक थोड़ी कम है और आप प्राइवेट कॉलेज चुनते हैं, तो पहले उसकी फीस, इंफ्रास्ट्रक्चर और मान्यता जरूर जांचें।
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नोट: यहां दी गई कॉलेज फीस यूनिवर्सिटी और कॉलेज के वेबसाइट और इंटरनेट पर मौजूद जारकारी के अनुसार है। इसमें बदलाव संभव है।












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