पंजाब सरकार की आटा-दाल योजना 1 अक्‍टूबर से होनी थी शुरू, जानें क्‍या अड़चन आई

चंडीगढ़। पंजाब सरकार की महत्वाकांक्षी आटा-दाल योजना अभी लागू नहीं हो पाएगी। इसमें अड़चन आ गई है। दरअसल, इस योजना पर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट की खंडपीठ ने फिर से रोक लगा दी है। इससे पहले हाईकोर्ट की सिंगल बेंच ने इस योजना पर रोक लगाई थी। इस योजना में डिपो धारकों के बजाय अन्य एजेंसियों के माध्यम से घर-घर राशन पहुंचाने की योजना थी। यह योजना एक अक्तूबर से शुरू होने वाली थी।

Aata-Dal Scheme In Punjab, know why Punjab High Court Banned the Scheme?

पंजाब सरकार ने दिल्ली की आप सरकार की तर्ज पर घर-घर राशन पहुंचाने की योजना बनाई थी। दिल्ली में यह योजना सिरे नहीं चढ़ पाई लेकिन मान सरकार ने पंजाब में इसे अमली जामा पहनाने की पूरी तैयारी कर ली थी। लेकिन इसी बीच बठिंडा की एनएफएसए डिपो होल्डर वेलफेयर एसोसिएशन ने याचिका दाखिल कर इस योजना को रद्द करने की मांग कर दी।

एसोसिएशन ने बताया कि उसके सदस्य पंजाब में उचित मूल्य की दुकानें चलाते हैं। पंजाब सरकार ने योजना बनाई है कि होम डिलीवरी के माध्यम से राशन सीधे लाभार्थियों के घर तक पहुंचाएंगे। याचिकाकर्ताओं ने बताया कि उनके पास डिपो के लिए उचित लाइसेंस मौजूद हैं और अभी तक वह लाभार्थियों तक राशन पहुंचाने का कार्य कर रहे हैं। अब सरकार ने आटा पिसवा कर निजी कंपनी के माध्यम से सीधा लाभार्थियों के घर तक पहुंचाने की योजना बनाई है।

याचिकाकर्ताओं ने कहा कि सरकार का यह फैसला संविधान में मौजूद प्रावधानों के विपरीत है। भारत सरकार ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली तैयार की है और अनाज को इस प्रणाली के माध्यम से ही वितरित किया जाना चाहिए। लेकिन पंजाब सरकार ऐसा नहीं कर रही है। पंजाब सरकार ने निजी कंपनियों को बीच में लाकर उचित मूल्य की दुकानों को बॉयपास किया है।

'सार्वजनिक वितरण प्रणाली से छेड़छाड़ न की जाए'
याचिका में पंजाब सरकार की इस योजना को रद्द करने की मांग की गई है। साथ ही यह भी मांग की गई है कि पंजाब में सार्वजनिक वितरण प्रणाली से छेड़छाड़ न करने का पंजाब सरकार को आदेश दिया जाए। सिंगल बेंच ने योजना पर रोक लगाते हुए पंजाब सरकार को नोटिस जारी किया था। रोक के खिलाफ पंजाब सरकार खंडपीठ के समक्ष पहुंची थी।

खंडपीठ ने सिंगल बेंच को आदेश पर फिर से विचार करने को कहा था। इसके बाद सिंगल बेंच ने रोक को हटाते हुए याचिका खंडपीठ को रेफर कर दी थी। अब खंडपीठ ने याचिका पर सुनवाई करते हुए इस योजना के तहत तीसरे पक्ष को लाभ देने पर रोक लगा दी है।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+