बीरभूम हिंसा पर बोले टीएमसी प्रवक्ता, प्रदेश की आबादी 11 करोड़, आधी रात की घटना में पुलिस क्या कर सकती है
कोलकाता, 24 मार्च। पश्चिम बंगाल के बीरभूम में जिस तरह से टीएमसी नेता की पहले हत्या हुई और इसके बाद एक परिवार को घर में बंद करके आग के हवाले कर दिया गया, उसके बाद पूरे इलाके में दहशत का माहौल है। इस घटना में 8 लोगों की जिंदा जलकर मौत हो गई। मरने वालों में 6 महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं। इस घटना के बाद मुख्यमंत्री ममता बनर्जी आज घटनास्थल पर जाएंगी। लेकिन जिस तरह से यह निर्मम घटना सामने आई उसके बाद टीएमसी प्रवक्ता बिस्वजीत देब का चौंकाने वाला बयान सामने आया है।
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आखिर पुलिस क्या करे
बिस्वजीत देब ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण घटना है, एक प्रदेश जहां की आबादी 11 करोड़ है, वहां एक घटना हुई, दुर्भाग्यपूर्ण घटना हुई, आधी रात को यह घटना हुई, आखिर पुलिस क्या कर सकती है। एक बार जब घटना हुई सरकार ने सभी जरूरी कदम उठाए, सरकार ने एसआईटी का गठन किया, मामले की जांच हो रही है, हमने 22 लोगों को इस मामले में गिरफ्तार किया है। दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा, खुद मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने प्रदेश के लोगों को यह भरोसा दिया है।

षड़यंत्र का ऐंगल
टीएमसी प्रवक्ता ने कहा कि टीएमसी में किसी भी तरह की आंतरिक लड़ाई नहीं चल रही है। अभी इस मामले की शुरुआती जांच चल रही है। जांच के बाद ही यह सामने आएगा कि इस घटना के पीछे कौन है। लेकिन जिस तरह से विपक्ष इस मामले को उठा रहा है, वह इसमे षड़यंत्र कर रहा है। यही नहीं उन्होंने यह तक कह डाला कि आखिर आप यह कैसे कह सकते हैं कि इस घटना को विपक्ष ने षड़यंत्र के तहत अंजाम नहीं दिया। इस मामले में षड़यंत्र के पहलू को दरकिनार नहीं किया जा सकता है।

राज्यपाल का ऑफिस भाजपा कार्यालय बना
यह पूरी घटना दुर्भाग्यपूर्ण है, राज्य सरकार ने पहले ही इस मामले को गंभीरता से लिया है, कोई भी दोषी छोड़ा नहीं जाएगा। लेकिन दुर्भाग्य यह है कि बंगाल के राज्यपाल इस मामले पर राजनीति कर रहे हैं। वह भाजपा के मुखपत्र की तरह काम कर रहे हैं। उन्होंने राज्यपाल ऑफिस को भाजपा कार्यालय बना दिया है। भाजपा के इशारे पर राज्यपाल प्रदेश की हर घटना पर एजेंडा चलाते हैं। वह हमेशा राज्य सरकार को कटघरे में खड़ा करते हैं, वह राजनीतिक व्यक्ति नहीं है लेकिन वह भाजपा के इशारों पर काम करते हैं।

भाजपा ने ममता को निर्मम करार दिया
टीवी डिबेट के दौरान संबित पात्रा ने ममता बनर्जी पर तीखा हमला बोलते हुए उन्हें निर्मम बनर्जी करार दिया। 8 लोगों को घर के भीतर बंद करके जला दिया और पुलिस ने उनकी मदद तक नहीं की। टीएमसी प्रवक्ता कहते हैं कि आधी रात में घटना होती है तो पुलिस क्या कर सकती है, यानि पुलिस रात में सोती रहती है। बंगाल की आबादी 11 करोड़ है तो क्या लोगों को मरने दिया जाएगा। संबित पात्रा ने कहा कि भाजपा ने यूपी में प्रचंड जीत दर्ज की लेकिन नतीजों के बाद प्रदेश में एक भी हिंसक घटना नहीं हुई।

पूरे बंगाल को पता है टीएमसी की कलह
वहीं बिस्वजीत देब के बयान पर भाजपा प्रवक्ता संबित पात्रा ने कहा कि इन लोगों को खुद अपने डीजीपी के बयान को सुनना चाहिए, वो खुद कहते हैं कि इस पूरे मामले में कोई राजनीतिक ऐंगल नहीं है। पूरे बंगाल में लोगों को पता है कि टीएमसी के भीतर आंतरिक कलह चल रही है, ये लोग अपने कार्यकर्ताओं के साथ यह कर रहे हैं तो सोचिए ये लोग विपक्ष के साथ क्या करते होंगे।












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