बीरभूम हिंसा: बंगाल में 'माफिया' का राज, BJP पैनल की इस रिपोर्ट पर क्या बोलीं ममता बनर्जी ? जानिए
दार्जिलिंग, 30 मार्च: पश्चिम बंगाल के रामपुर हाट इलाके के बोगतुई गांव में हुई 9 लोगों की हत्याओं के संबंध में भारतीय जनता पार्टी की एक 5 सदस्यीय फैक्ट-फाइंडिंग टीम ने पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा को अपनी रिपोर्ट सौंपी है। इस पैनल ने वहां पर हुई बर्बर राजनीतिक हिंसा के कारणों को लेकर भी पार्टी अध्यक्ष को रिपोर्ट दी है और साथ ही साथ राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग, राष्ट्रीय महिला आयोग और राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग की जांच टीमों को वहां भेजने की सिफारिश भी की है। लेकिन, पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को भाजपा पैनल की यह रिपोर्ट नागवार गुजरी है।

पश्चिम बंगाल में माफिया राज कर रहे हैं- बीजेपी की रिपोर्ट
बीरभूम हिंसा के नाम से कुख्यात हो चुकी पश्चिम बंगाल की इस बर्बर घटना को लेकर बीजेपी फैक्ट-फाइंडिंग कमिटी की रिपोर्ट में दावा किया गया है कि 'पुलिस और राजनीतिक नेतृत्व की मिलीभगत से पश्चिम बंगाल में माफिया राज कर रहे हैं।' इस रिपोर्ट में कहा गया है कि प्रदेश में कानून और व्यवस्था की मशीनरी पूरी तरह से ध्वस्त हो चुकी है और कानून का पालन करने वाले नागरिकों का सरकार और टीएमसी के शासन करने के तरीके पर से विश्वास उठ चुका है। पैनल ने हिंसा के लिए 'राज्य-प्रायोजित जबरन वसूली, गुंडा टैक्स, कट-मनी और टोल बाजी' को जिम्मेदार बताया है।

Recommended Video
भाजपा ने फैक्ट-फाइंडिंग पैनल से भी असहयोग का आरोप लगाया
इतना ही नहीं बीजेपी की रिपोर्ट में दावा किया गया है कि 'पश्चिम बंगाल पुलिस का एक भी अधिकारी/जवान नहीं दिख रहा था, जब फैक्ट-फाइंडिंग टीम पर हमला किया गया तो कोई भी बचाव के लिए नहीं आया और ना ही अपराध वाली जगह पर कमिटी के जाने के लिए रास्ता बनाया गया। डीजीपी और बाकी अधिकारियों से संपर्क करने की हमारी कोशिशें असफल रहीं। '
बीजेपी की रिपोर्ट राजनीति से प्रेरित- ममता बनर्जी
लेकिन, पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ने बीजेपी की इस रिपोर्ट को राजनीति से प्रेरित बताया है। उन्होंने कहा है, 'मैं बीजेपी और केंद्र सरकार के रवैए की निंदा करती हूं।' बनर्जी ने आरोप लगाया कि बीजेपी पैनल की ये रिपोर्ट सीबीआई की जांच में दखल देगी और इसे भटका देगी। उन्होंने आरोप लगाया है कि 'ये राजनीति से प्रेरित रिपोर्ट है। मैं बीजेपी और केंद्र सरकार के रवैए की निंदा करती हूं। जब जांच चल रही है तो किसी भी पार्टी की ओर से कोई दखल नहीं दी जानी चाहिए। यह पूरी तरह से सत्ता का दुरुपयोग है। यह गलत, प्रतिशोधी और पक्षपातपूर्ण रवैया है। क्या बीजेपी सोचती है कि इस देश में अकेले वही रहेगी।'

'रिपोर्ट से जांच कमजोर और उसमें हस्तक्षेप होगी'
उन्होंने कहा है कि रिपोर्ट में बीरभूम के टीएमसी जिलाध्यक्ष अनुब्रत मंडल का नाम है, जो कि 'बीजेपी के प्रतिशोधात्मक रवैया जाहिर करता है।' दार्जिलिंग में मीडिया से बात करते हुए ममता बनर्जी बोलीं कि 'बोगतुई हत्याकांड पर बीजेपी की रिपोर्ट से जांच कमजोर और उसमें हस्तक्षेप होगी। मैं भाजपा के रवैए की निंदा करती हैं।'
सीबीआई कर रही है जिंदा जलाने की घटना की जांच
गौरतलब है कि इस हत्याकांड की जांच कलकत्ता हाई कोर्ट के आदेश पर सीबीआई कर रही है। शुरू में ममता सरकार ने एसआईटी बनाई थी, लेकिन अदालत ने स्वत: संज्ञान लेकर इस मामले की सुनवाई की और सीबीआई को जांच करने का आदेश दे दिया। बता दें कि बीते 21 मार्च को रामपुरहाट के पास बोगतुई गांव में टीएमसी के एक स्थानीय नेता की हत्या के बाद 8 लोगों को उनके ही घरों में जिंदा जलाकर मार दिया गया था और एक की इलाज के दौरान बाद में मौत हो गई।













Click it and Unblock the Notifications