Varanasi News: लापरवाही पड़ेगी भारी, नाविक नहीं समझ रहे जिम्मेदारी, गंगा में चल रही ओवरलोड नौकाएं
वाराणसी में नाविकों को लेकर लापरवाही बढ़ती जा रही है जिसके चलते किसी दिन बड़ा हादसा हो सकता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि जिला प्रशासन को इस दिशा में ध्यान देना चाहिए।
Varanasi में इस समय काफी संख्या में पर्यटकों का आवागमन हो रहा है। पर्यटक गंगा नदी में भ्रमण के लिए नौकाओं का प्रयोग भी कर रहे हैं ऐसे में नाविकों द्वारा नियमों का पालन नहीं किया जा रहा है। पिछले दिनों आंध्र प्रदेश से आए 34 श्रद्धालुओं को केदार घाट से लेकर मणिकर्णिका घाट पर जा रही नौका में गंगा नदी के मध्य धारा में पहुंचने पर पानी भरने लगा था। आसपास के नाभिक और जल पुलिस मौके पर पहुंची और किसी तरह नाव में सवार श्रद्धालुओं को बचाया गया। इस घटना के बाद नाव चालक नाव छोड़कर फरार हो गया। फिलहाल सोमवार को पुलिस उपायुक्त काशी जोन की अध्यक्षता में नाविकों के साथ एक बैठक की गई और नाविकों को चेतावनी दिया गया कि मानक के अनुरूप नौका संचालन न करने पर नौका का लाइसेंस निरस्त कर दिया जाएगा।

लाइफ जैकेट के बगैर पर्यटकों को बैठाते हैं नाव में
यह भी बता दें कि गंगा नदी में वर्तमान समय में काफी संख्या में नाव संचालित हो रही हैं। अधिक रुपए कमाने के लालच में नाविकों द्वारा क्षमता से अधिक सवारियों को नांव में बैठा लिया जाता है। नाविकों द्वारा पर्यटकों को लाइफ जैकेट की भी सुविधा नहीं दी जाती है ऐसे में नौका पलटने या फिर किसी विषय उपस्थिति में बड़ी घटना घटित हो सकती है। घाट किनारे रहने वाले लोगों का कहना है कि जिला प्रशासन को इस पर विचार करना चाहिए। यह पहली बार नहीं है, जब काशी में गंगा नदी में नौका से घटना घटित हुई हो। इसके पूर्व भी कई घटनाएं घटित हो चुकी हैं। बावजूद इसके ऐसे नाविकों को चिन्हित कर उनके ऊपर कठोर कार्यवाही नहीं की जा रही है।

गंगा में समा जाते हैं 34 पर्यटक
बीते शनिवार को हुई घटना के मामले में प्रत्यक्षदर्शियों द्वारा बताया गया कि नाव पर क्षमता से अधिक पर्यटकों को बैठा लिया गया था। किसी भी पर्यटक को लाइफ जैकेट नहीं पहनाया गया था। नाव जब गंगा नदी के बीच धारा में पहुंची तो उसमें कहीं से पानी प्रवेश करने लगा। पानी प्रवेश होने की जानकारी मिलने के बाद नाव पर मौजूद लोग डर गए और बचाने के लिए चिल्लाने लगे। इस दौरान नाव पर अफरा-तफरी मच गई जिससे नाव पर सवार पति-पत्नी गंगा नदी में छलांग लगा दिए। संयोग अच्छा था कि नाव पर सवार सभी लोगों समेत गंगा में छलांग लगाई पति पत्नी को भी बचा लिया गया। यदि समय से अन्य नाविक और जल पुलिस तथा एनडीआरएफ के जवान वहां नहीं पहुंचे होते तो नाव पर सवार सभी 34 पर्यटक गंगा नदी में समा जाते।

जुलाई में भी सामने आई थी ऐसी घटना
इसके पूर्व इसी साल जुलाई माह में भी ऐसी घटना देखने को मिली थी जिसमें ओवरलोड नाव में पानी भरने लगा था और अफरा-तफरी मच गई थी। उस नाव पर भी करीब 50 लोग सवार थे और नाव में पानी भरने के बाद लोग चिल्लाने लगे। नाविक द्वारा तत्काल दूसरी नाव का प्रबंध कराया गया और यात्रियों को एक नाव से दूसरे नाव पर भेजा गया। इस घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था अधिकारियों द्वारा उस समय भी कार्रवाई की बात कही गई थी। अधिकारियों द्वारा बार-बार कार्यवाही की बात कही जाती है लेकिन कोई ठोस एक्शन न लेने के चलते ऐसी घटनाएं किसी दिन बड़ा रूप ले सकती हैं।

इसी साल मई में भी पलट गई थी नाव
इसी वर्ष मई माह में भेलूपुर थाना क्षेत्र के प्रभु घाट के सामने गंगा नदी में नाव पलटने की घटना सामने आई थी। हाला की नाव पर सवार लोग शराब के नशे में धुत थे और गंगा नदी में पार्टी कर रहे थे जिसके चलते नाव गंगा नदी में पलट गई। घटना के दिन तत्काल मौके पर पहुंचे नाविकों और एनडीआरएफ के जवानों ने 2 लोगों को बचा लिया। घटना के दिन ही 3 लोगों के शव को बरामद किया गया था। मृतक लोग फिरोजाबाद के रहने वाले थे और अपने मित्र से मिलने आए थे। मित्र से मिलने के बाद सभी लोग नाव बुक कराए और गंगा नदी में सैर करने चले गए। गंगा नदी में जाने के बाद नाव पर सभी लोग मस्ती करने लगे जिसके चलते नाव पलट गई।

दिसंबर 2020 में भी डूबी थी नाव
इसके पूर्व दिसंबर 2020 में भदैनी घाट के सामने एक नाव हादसा हुआ था। नाव पर 5 विद्यार्थियों समेत कुल 11 लोग सवार थे इनमें 9 लोगों को बचा लिया गया था जबकि 2 लोग गर्म पानी में जाने के चलते गंगा नदी में डूब गए थे। दोनों को तलाशने के लिए टीम को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। रात में हुई इस घटना के चलते तत्काल राहत और बचाव कार्य प्रारंभ नहीं हो सका। हालांकि आज सुबह फिर से डूबे हुए दोनों लोगों की तलाश प्रारंभ हुई जिसमें बाद में लाश बरामद होने पर गंगा किनारे पहुंचे परिजनों का रो रो कर बुरा हाल देखने को मिला। इस मामले में भी नाविक को हिरासत में लिया गया था और उसे खिलाफ कार्रवाई करने की बात कही गई थी।












Click it and Unblock the Notifications