कभी चोरी-छिपे खेला गेम, अब कर रहे देश का प्रतिनिधित्व, जानें Esports में सानिन्ध्य ने कैसे हासिल किया ये मुकाम
Asian Games 2023: एशियन गेम्स में भारतीय दल के शानदार प्रदर्शन का सिलसिला लगातार जारी है। चीन के हांगझोऊ में चल रहे एशियाई खेल में अब ईस्पोर्ट्स भी एक मेडल इवेंट है। ईस्पोर्ट्स में 15 चैंपियनों के भारतीय दल में 22 वर्षीय दिल्लीवासी सानिन्ध्य मलिक भी शामिल हैं, जिन्हें डेडकॉर्प के नाम से भी जाना जाता है। मलिक लीग ऑफ लीजेंड्स में हाईएस्ट रैंक वाले दक्षिण एशियाई खिलाड़ी हैं।
'अब मैं देश का प्रतिनिधित्व कर रहा हूं'
ईस्पोर्ट्स में अपने सफर को लेकर उन्होंने बताया कि, वीडियो गेम के साथ मेरा जुड़ाव सिर्फ इसलिए शुरू हुआ क्योंकि घर पर एक पीसी थी और मैं अपने चचेरे भाई को गेम खेलते हुए देखता था।, और फिर मैं भी चोरी-छिपे गेम खेलने लगा। मुझे नहीं पता था कि लीग ऑफ लीजेंड्स एक मेडल इवेंट होगा, और आज मैं हमारे देश का प्रतिनिधित्व कर रहा हूं और इसे खेलना अब मेरे लिए अभ्यास करने जैसा है।'

परिवार ने दिया मलिक का साथ
मलिक ने हाल ही में गुरु गोबिंद सिंह इंद्रप्रस्थ विश्वविद्यालय के भारती विद्यापीठ कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग से अपना ग्रेजुएशन पूरा किया है। उन्होंने बताया कि, इसे लेकर मेरे रिश्तेदारों के पास एक समय कहने के लिए बहुत कुछ था, लेकिन मेरे परिवार ने हमेशा मेरे सपनों में मेरा साथ दिया है।'
उन्होंने बताया कि, मकाऊ (चीन) में आयोजित रोड टू एशियन गेम्स में हमारी टीम मध्य और दक्षिण एशियाई क्षेत्र में प्रथम स्थान पर थी। मलिक ने बताया कि, 'मेरे माता-पिता इस खेल के बारे में ज्यादा नहीं जानते हैं, लेकिन उन्हें मुझ पर गर्व है।'
वह जानते हैं कि समाज में एक निश्चित वर्ग के लोगों द्वारा ईस्पोर्ट्स को अभी भी एक वास्तविक खेल नहीं माना जाता है। मलिक को लगता है कि 'अभी इसे उतना समर्थन नहीं मिलता है जितना सरकार से फिजिकल स्पोर्ट्स को मिलता है, लेकिन यह तेजी से बढ़ रहा है।'
उन्होंने कहा कि, इसलिए हर उस युवा के लिए जिसमें खेल के प्रति जुनून है और अपनी पूरी ताकत से प्रयास करने की दृढ़ इच्छा शक्ति है, तो मैं यह मानता हूं कि यदि आप केंद्रित रहेंगे तो आप निश्चित रूप से ई-स्पोर्ट्स के क्षेत्र में सफल होंगे और शायद मेरी तरह एक दिन भारतीय जर्सी भी पहनेंगे।'












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