भारत के महान हॉकी खिलाड़ी और ओलंपिक मेडलिस्ट चरणजीत सिंह का निधन
नई दिल्लीः 1964 में टोक्यो में स्वर्ण पदक जीतने वाली ओलंपिक टीम की कप्तानी करने वाले भारतीय हॉकी के महान खिलाड़ी चरणजीत सिंह का हिमाचल प्रदेश के ऊना में निधन हो गया। यह सुबह 5 बजे के करीब की बात बताई जाती है। उनको उम्र से जुड़ी हुई समस्याएं थी।

चरणजीत का जन्म 22 नवंबर 1930 को राज्य के ऊना जिले के मैरी गांव में हुआ था। कर्नल ब्राउन कैम्ब्रिज स्कूल, देहरादून और पंजाब विश्वविद्यालय के पूर्व छात्र थे। वह 1960 में रोम ओलंपिक में रजत पदक जीतने वाली टीम का भी हिस्सा थे। वह 92 साल के थे और ऊना में उन्होंने अपने घर पर गुरुवार सुबह अंतिम सांस ली।
यह भी पढें- ब्रेट ली ने कहा- कप्तानी छोड़ना विराट का खुद का फैसला है, टेस्ट कमान के लिए 4-5 खिलाड़ी कतार में हैं
हॉकी से रिटायर होने के बाद, चरणजीत सिंह ने हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय, शिमला में शारीरिक शिक्षा विभाग के निदेशक के रूप में काम किया। वह पंजाब पुलिस में भी कार्यरत रहे। उनको अर्जुन अवार्डी और पदमश्री जैसे अवॉर्ड भी मिले हैं।
कर्नल बलबीर सिंह, परगट सिंह और सुरिंदर सोढ़ी सहित हॉकी के दिग्गजों ने उनके निधन पर शोक व्यक्त किया है।
हॉकी सफर-
चरणजीत सिंह का हॉकी सफर पंजाब यूनिवर्सिटी से शुरू हुआ और उनको 1950 में भारत टीम में चुन लिया गया। साल 1961 में वे उप-कप्तान बने और कप्तानी में देश को ओलंपिक मेडल दिलाया । उनको 1963 में अर्जुन अवॉर्ड दिया गया।












Click it and Unblock the Notifications