लड़की के लिए दिल्ली से सीधी टक्कर लेने वाले महाराजा सूरजमल का एक दांत से इसलिए करना पड़ा अंतिम संस्कार

Bharatpur News , भरतपुर. महाराजा सूरजमल मतलब साहस व बलिदान का दूसरा नाम। इन्होंने एक बेटी की इज्जत के खातिर दिल्ली सल्तनत तक से सीधी टक्कर ले ली थी। आज इनका बलिदान दिवस है। राजस्थान के भरतपुर समेत अनेक जगहों पर महाराजा सूरजमल को याद किया जा रहा है। हिन्दू धर्म रक्षक महाराजा के नाम से भी पहचाने जाने वाले सूरजमल के बलिदान दिवस पर आप भी जानिए उनसे जुड़ी यह रोचक कहानी।

Maharaja Surajmal was The great jaat warrior in bharatpur rajasthan

​कई इतिहासकार बताते हैं कि महाराजा सूरजमल ने भरतपुर की स्थापना 1733 में की थी। अपनी रियासत का विस्तार दिल्ली, आगरा, मथुरा, मेरठ, बुलंदशहर तक कर दिया था। इन्होंने हमेशा ही हिन्दू धर्म व बहन-बेटियों की रक्षा की। एक बार दिल्ली के शहंशाह ने एक हिन्दू लड़की को शादी करने के लिए बंदी बना लिया था। तब इसकी सूचना मिलने पर महाराजा सूरजमल ने शहंशाह को लड़की को रिहा करने की बात कही।

Maharaja Surajmal was The great jaat warrior in bharatpur rajasthan

दिल्ली सल्तनत के शहंशाह ने महाराजा सूूरजमल की बात नहीं मानी और लड़की को बंधक बनाए रखा। लड़की को रिहा करवाने के लिए महाराजा सूरजमल ने दिल्ली शहंशाह से सीधी टक्कर लेने की ठानी और दिल्ली पर आक्रमण कर लड़की को रिहा किया। इसी दौरान महाराजा सूरजमल शहीद हो गए। खास बात यह है कि शहादत के बाद सूरजमल का शव नहीं मिला था तो महज एक दांत से उनका अंतिम संस्कार किया गया।

फिर बेटे ने जीता दिल्ली

पिता महाराजा सूरजमल की तरह ही उनका बेटा जवाहर सिंह भी बहादुर था। पिता के शहीद होने के बाद जवाहर ने दिल्ली पर हमला किया और विजय प्राप्त की। छोटी सी रियासत भरतपुर द्वारा दिल्ली पर कब्जा कर लेने का यह मामला भरतपुर इतिहास में बड़े गर्व से याद किया जाता है।

महाराजा सूरजमल का 255वां बलिदान दिवस

राजस्थान में भरतपुर के संस्थापक महाराजा सूरजमल का यह 255 वां बलिदान दिवस है। इस मौके पर श्रद्धांजलि सभा, हवन-यज्ञ, शोभायात्रा सहित कई कार्यक्रम आयोजित किए गए। महाराजा सूरजमल यूथ ब्रिगेड व फाउंडेशन की ओर से सुबह 9 बजे हवन-यज्ञ और बाद में कलेक्ट्रेट के सामने सम्मान समारोह हुआ। महाराजा सूरजमल यूूथ ब्रिगेड ने बाइक रैली भी निकाली। अखिल भारतीय जाट सूरज सेना की ओर से किला स्थित महाराजा सूरजमल स्मारक पर कार्यक्रम आयोजित हुआ, जिसमें महाराजा सूरजमल की प्रतिमा के आगे दीप प्रज्जवलित कर कार्यक्रम का शुभारम्भ किया।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+