पंजाब: 'ये नई तरह की राजनीति की शुरुआत', चन्नी को हराने वाले AAP विधायक का बयान
बरनाला, 13 मार्च: पंजाब में आम आदमी पार्टी की इस कदर लहर चली कि कांग्रेस सहित बाकी दलों का सूपड़ा साफ हो गया। पंजाब की कुल 117 सीटों में से आप ने 92 सीटों पर रिकॉर्डतोड़ जीत हासिल की है। वहीं दो सीटों पर चुनाव लड़ने वाले कांग्रेस नेता चरणजीत सिंह चन्नी को भी हार का मुंह देखना पड़ा। विधानसभा चुनावों में भदौर सीट से चरणजीत सिंह चन्नी को हराने वाले नवनिर्वाचित आप विधायक लाभ सिंह उगोके ने रविवार को कहा कि यह एक नई राजनीति शुरुआत है, जहां राज्य में एक मजदूर का बेटा विधायक बन सकता है।

'मैंने पहली बार चुनाव लड़ा'
न्यूज एजेंसी एनएनआई से बात करते हुए आप विधायक लाभ सिंह ने बताया, "मैंने पहली बार चुनाव लड़ा; परिवार ने मेरा साथ दिया। यह एक नई तरह की राजनीति है, जिसमें एक मजदूर का बेटा विधायक बन सकता है।" उन्होंने आगे कहा, 'मैं अस्पतालों की स्थिति में सुधार और शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार के लिए काम करूंगा।'
I contested for the first time; family supported me. Its a new type of politics in which a labourers son can become MLA. Ill work to improve condition of hospitals & improve quality of education: Punjab AAP MLA Labh Singh, who defeated Congress Charanjit S Channi from Bhadaur pic.twitter.com/n8Hme8oCso
— ANI (@ANI) March 13, 2022
चन्नी को 37,550 वोटों से हराया
बता दें कि बरनाला जिले की भदौर सीट से उगोके ने चन्नी को 37,550 वोटों के अंतर से हराया है। गरीब परिवार से ताल्लुक रखने वाले नवनिर्वाचित विधायक एक मोबाइल रिपेयरिंग की दुकान चलाते थे। वहीं उगोके की मां बलदेव कौर सरकारी स्कूल में सफाई कर्मचारी का काम करती हैं।
विधायक बनने के बाद भी मां ने की स्कूल की सफाई
दिलचस्प बात यह है कि कौर ने पंजाब में 2022 के विधानसभा चुनाव में अपने बेटे के जीतने के बाद भी शनिवार को अपना काम जारी रखा। उन्होंने कहा कि वह अपने बेटे के विधायक बनने के बावजूद अपनी नौकरी जारी रखेगी। आप उम्मीदवार के रूप में अपने बेटे की जीत से खुश कौर ने कहा कि 'झाड़ू' मेरे जीवन का एक अहम हिस्सा है।
यह भी पढ़ें: रोड शो में बोले केजरीवाल- लव यू पंजाब, जो लोग आपको लूट रहे थे वो अब बंद होगा
'मैं स्कूल में अपना कर्तव्य निभाऊंगी'
वहीं एएनआई को विधायक लाभ सिंह की मां ने बताया कि हमने हमेशा पैसा कमाने के लिए कड़ी मेहनत की है। मेरे बेटे की स्थिति के बावजूद, मैं स्कूल में अपना कर्तव्य निभाऊंगी। भले ही उसने राज्य के मुख्यमंत्री के खिलाफ चुनाव लड़ा, लेकिन हमें हमेशा विश्वास था कि मेरा बेटा जीत जाएगा। आपको बता दें कि आप ने पंजाब चुनावों में शानदार जीत हासिल की, 92 विधानसभा सीटें जीतकर अपने अधिकांश प्रतिद्वंद्वियों को हाशिये पर धकेल दिया। 117 कुल सीटों में कांग्रेस ने 18 सीटों पर जीत हासिल की।












Click it and Unblock the Notifications