बिहार पुलिस ने कैसे भागने दिया मनोरमा देवी को?
पटना। बिहार में शराब पर प्रतिबंध लगा हुआ है। अगर किसी होटल में शराब की बोतलें बरामद होती हैं, तो होटल मालिक को तुरंत पुलिस धर दबोचती है। लेकिन जब एमएलसी मनोरमा देवी के घर में महंगी-महंगी शराब की बोतलें मिलीं और साथ में नौकर के रूप में एक नाबालिग बच्चा मिला, तो पुलिस हाथ झाड़ते हुए बंगले से बाहर आ गई। जरा सोचिये आखिर क्या वजह है जो नीतीश सरकार ने एक हत्यारे की मां को फरार होने दिया।
पढ़ें- टेनी की वजह से बच सकता है रॉकी यादव

इसे फरार होने दिया ही कहेंगे, क्योंकि मनोरमा देवी कोई आम महिला नहीं हैं। उनके आगे-पीछे गनर चलते हैं, सरकारी सुरक्षागार्ड रहते हैं। इसके बावजूद मनोरमा फरार होने में सफल हो गई।
रॉकी पर शक गहराया
मनोरमा के फरार होने से उनके बेटे रॉकी पर शक और गहरा जाता है। हालांकि जदयू से निष्कासित एमएलसी मनोरमा देवी की की तलाश में पुलिस कभी नवादा तो कभी जिले के अति नक्सल प्रभावित क्षेत्र बाराचटी में तलाश कर रही है। बताया जा रहा है कि जदयू की मनोरमा पुलिस को चकमा देकर कभी भी कोर्ट में सरेंडर कर सकती है।
पढ़ें- अर्जुन बनकर किसका वध करने निकले नीतीश कुमार
इसके मद्देनजर रखते हुए पुलिस ने एक टीम को कोर्ट में के आसपास लगा दिया है। वहीं एसआईटी को मिली सूचना के आधार पर पुलिस ने मनोरमा देवी के ससुराल से मायके तक छापेमारी की लेकिन कोई सफलता हाथ नहीं लगी। अब पुलिस की एक टीम मनोरमा देवी की तलाश मे सहरसा छापेमारी करने के लिए गई है।
कहीं वही वाली बात गया पुलिस के साथ नहीं हो जाए कि बगल में छोरा और शहर में ढिंढोरा। रॉकी को पकड़ने के लिए पुलिस की टीम दिल्ली तक चली गई थी, जबकि रॉकी की गिरफ्तारी एसपी ऑफस से मात्र 20 किलोमीटर की दूरी पर हुई थी। नगर पुलिस अधीक्षक अकाश कुमार ने बताया कि पुलिस टीम छापेमारी कर रही है। मनोरमा जल्दी पुलिस की गिरफ्त में होंगी।
फॉरेंसिक लैब भेजे आदित्य के कपड़े
आदित्य के माता-पिता द्वारा खून से सने कपड़े दिखाकर तमाम सवाल उठाये जाने के बाद ने आदित्य के कपड़ों को फॉरेंसिक जांच के लिए भेज दिया है। माता-पिता ने पुलिस पर लापरवाही बरतने और जांच सही तरीके से नहीं करने का आरोप लगाया है। आदित्य की मां ने सरकार से लिखित इस हत्याकांड का स्पीडी ट्रायल कराए जाने और मामले की सीबीआई जांच की मांग की है।












Click it and Unblock the Notifications