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    मुजफ्फरनगर राहत कैंप में 40 बच्चों की मौत पर कठघरे में अखिलेश सरकार

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    camps
    लखनऊ। मुजफ्फरनगर दंगें के बाद शरणार्थियों के लिए बनाए गए राहत शिविरों पर अब उत्तर प्रदेश सरकार घिरती जा रही है। पहले सपा मुखिया ने यह कहकर विवाद खड़ा कर दिया कि कैंप में कोई पीड़ित नहीं ब्लकि षंड्यत्रकारी है तो वहीं अब मानवाधिकार आयोग ने सरकार को नोटिस जारी कर 40 बच्चों की मौत पर सवाल खड़ा कर दिया है।

    राहत शिविरों में ठंड के कारण बच्चों की मौत होने की खबर पर राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने यूपी के मुख्य सचिव तथा मुजफ्फरनगर एवं शामली के जिलाधिकरियों को नोटिस जारी किया। आयोग ने दंगा राहत शिविरों में अत्यधिक ठंड के कारण 40 बच्चों की मौत पर स्वत: संज्ञान लेते हुए नोटिस जारी किा है।

    इस नोटिस में आयोग की तरफ से कहा गया है कि शिविरों में रह रहे लोगों के पास पर्याप्त मात्रा में कंबल तक नहीं हैं, जिसके कारण शामली और मुजफ्फरनगर में नवजातों एवं बच्चों की मौत हुई। आयोग ने यह भी कहा है कि यदि मीडिया में आई खबरें सही हैं तो यह नवजातों और बच्चों के अधिकारों के उल्लंघन का गंभीर मुद्दा उठाती हैं।

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    English summary
    National Human Rights Commission sought reports from Uttar Pradesh government and the district authorities of Muzaffarnagar and Shamli on reported death of around 40 children due to extreme cold in relief camps meant for riot victims.
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