कौन हैं कांग्रेस नेता राजा पटेरिया, जिन्होंने कहा, 'मोदी की हत्या के लिए तैयार रहो'

मध्य प्रदेश के पूर्व मंत्री और कांग्रेस नेता राजा पटेरिया ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ एक विवादित टिप्पणी की कि लोगों को मोदी को मारने के लिए तैयार रहना चाहिए क्योंकि अल्पसंख्यकों का जीवन खतरे में है।

who is raja patria

Who is Raja Pateriya: कांग्रेस नेता राजा पटेरिया अपने एक बयान को लेकर चर्चाओं में आ गए हैं। मध्य प्रदेश के पूर्व मंत्री और कांग्रेस नेता राजा पटेरिया ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बारे में एक विवादित टिप्पणी की जिससे वह विवादों में घिर गए हैं। सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें राजा पटेरिया लोगों से कह रहे हैं, ''अगर समाज से बुराइयों को दूर करना है तो मोदी को मारने के लिए तैयार रहो।'' राजा पटेरिया ने कहा, पीएम मोदी "चुनाव खत्म कर देंगे, लोगों को धर्म के आधार पर बांट देंगे और उनके शासन में दलितों को सबसे बड़ा खतरा है।" राजा पटेरिया ने कहा, ''आपको मोदी को मारने के लिए तैयार रहना चाहिए... उन्हें हराने के लिहाज से मारिए।''

जानिए कौन हैं राजा पटेरिया?

जानिए कौन हैं राजा पटेरिया?

राजा पटेरिया कांग्रेस के वरिष्ठ नेता हैं। राजा पटेरिया मध्य प्रदेश के दमोह जिले की हट्टा तहसील के रहने वाले हैं। राजा पटेरिया ने अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत 1971 में जबलपुर में एक साइंस कॉलेज में पढ़ते हुए कांग्रेस पार्टी के साथ की थी।

राजा पटेरिया कांग्रेस की सरकार में मध्य प्रदेश मंत्री भी रह चुके हैं। राजा पटेरिया 1998 से 2003 तक दिग्विजय सिंह की कांग्रेस सरकार में उच्च एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री रहे हैं।

वर्तमान में राजा पटेरिया प्रदेश कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष हैं। राजा पटेरिया समय-समय पर विधानसभा प्रत्याशी के लिए दावेदारी भी करते रहते हैं। राजा चुनाव के समय कांग्रेस की जनसभाओं में भी जाते हैं।

घोटाले का भी है राजा पटेरिया पर आरोप, ED कर चुकी है पूछताछ

घोटाले का भी है राजा पटेरिया पर आरोप, ED कर चुकी है पूछताछ

कांग्रेस नेता और पूर्व मंत्री राजा पटेरिया अपने और पूर्व मुख्यमंत्री दिग्वजय सिंह के खिलाफ निजी इंजीनियरिंग कॉलेजों के प्रति अनुचित पक्षपात करने के भ्रष्टाचार के मामले में आरोपित हैं। इस केस की ईडी जांच कर रही है। इस मामले में भोपाल में पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) के सामने भी राजा पटेरिया पेश हुए हैं। राजा पटेरिया पर इस मामले में 2001-02 में तकनीकी शिक्षा निदेशालय द्वारा नियमों का उल्लंघन कर प्रवेश देने के लिए 25 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया था। तत्कालीन जनशक्ति नियोजन मंत्री रहे राजा पटेरिया की सिफारिश पर मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने जुर्माने की राशि 25 लाख रुपये से घटाकर पांच लाख रुपये कर दी थी। लेकिन जब व्यापमं घोटाले में दिग्विजय सिंह ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के खिलाफ मोर्चा संभाला तो ईओडब्ल्यू ने मामले की जांच शुरू कर दी।

राजा पटेरिया ने अपने बयान पर मांगी माफी

राजा पटेरिया ने अपने बयान पर मांगी माफी

राजा पटेरिया ने अपने बयान पर माफी मांगी और सफाई भी दी है। कांग्रेस नेता राजा पटेरिया ने अपने बयान पर स्पष्ट किया कि पीएम मोदी के खिलाफ उनकी टिप्पणी को गलत संदर्भ में पेश किया गया है। राजा पटेरिया ने कहा कि "प्रधानमंत्री की हत्या करके" उनका मतलब आगामी चुनावों में नरेंद्र मोदी को हराना था। राजा पटेरिया ने कहा, ''यब फ्लो-फ्लो में आ हो सकता है। लेकिन जिस व्यक्ति ने इसे रिकॉर्ड किया है, उसने इसे संदर्भ से हटकर पेश किया है।''

'मैं एक आदमी हूं जो गांधी में विश्वास करता हूं...'

'मैं एक आदमी हूं जो गांधी में विश्वास करता हूं...'

राजा पटेरिया ने आगे कहा, ''मैं एक आदमी हूं जो गांधी में विश्वास करता हूं, मैं इस तरह की बात नहीं कर सकता। मेरा मतलब उस राजनीतिक माहौल से था जहां संविधान को बचाने के लिए मोदी को हराना जरूरी है। अल्पसंख्यकों, दलितों, आदिवासियों की रक्षा के लिए और बेरोजगारी को दूर करने के लिए मोदी को हराना जरूरी है।" उन्होंने स्पष्ट किया, 'मोदी की हत्या' के संबंध में मेरे इरादे को पूरी तरह से गलत तरीके से पेश किया गया है।''

कितनी है राजा पटेरिया की संपत्ति

कितनी है राजा पटेरिया की संपत्ति

राजा पटेरिया पूर्व विधायक हैं। उन्होंने 1998 में हट्टा विधानसभा क्षेत्र से जीत हासिल की थी। 2014 में राजा पटेरिया ने मध्य प्रदेश की खजुराहो सीट से लोकसभा चुनाव लड़ा था। वह कथित तौर पर भाजपा के नरेंद्र सिंह से हार गए और उन्हें 2,27,476 वोट मिले थे।

उनके चुनावी हलफनामे के मुताबिक उनका और उनकी पत्नी का पेशा कृषि है। इनकी संपत्ति 5 करोड़ रुपए से अधिक थी। पटेरिया की सर्वोच्च शैक्षणिक योग्यता जबलपुर के महाकोसल साइंस कॉलेज से बीएससी सेकेंड ईयर तक की ही है।

आदिवासी, अनुसूचित जाति के लिए भी काम करते हैं राजा पटेरिया

आदिवासी, अनुसूचित जाति के लिए भी काम करते हैं राजा पटेरिया

हट्टा को अनुसूचित जाति (एससी) के लिए आरक्षित सीट घोषित किए जाने के बाद राजा पटेरिया ने पन्ना में अपनी पहुंच का विस्तार करना शुरू किया था। और उन्हें 2009 में खजुराहो से लोकसभा चुनाव लड़ने और हारने के बाद पटेरिया ने अपनी स्थिति को मजबूत करने पर ध्यान केंद्रित किया। उसके बाद उन्होंने आदिवासी, वनवासी दलित महासंघ नामक एक संगठन बनाया जो आदिवासियों और अनुसूचित जातियों के अधिकारों के लिए लड़ता है। लेकिन इसका कोई फायदा नहीं हुआ क्योंकि राजा पटेरिया 2014 के लोकसभा चुनाव में खजुराहो से 2.5 लाख वोटों से हार गए थे।

समाजवादी विचारधारा वाले नेता के रूप में जाने जाते हैं राजा पटेरिया

समाजवादी विचारधारा वाले नेता के रूप में जाने जाते हैं राजा पटेरिया

राजा पटेरिया को अक्सर समाजवादी विचारधारा वाले नेता के रूप में जाना जाता है। ऐसा माना जाता है कि वह राज्य कांग्रेस में दिग्विजय सिंह खेमे का हिस्सा हैं। यह पहली बार नहीं है जब उन्होंने अपनी बात साबित करते हुए विवादित बयान दिया है। सूत्रों के मुताबिक, हाल ही में एक न्यूज चैनल को दिए इंटरव्यू में यह पूछे जाने पर कि क्या कांग्रेस के और विधायक बीजेपी में शामिल हो सकते हैं, पटेरिया ने कथित तौर पर कहा, "इस उम्र में, कोई अपनी पत्नी पर भरोसा नहीं कर सकता, ये अभी भी विधायक हैं।"

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+