मोहन भागवत के बयान पर आठवले बोले- सभी को हिंदू कहना ठीक नहीं
नई दिल्ली। संघ के प्रमुख मोहन भागवत ने बुधवार को हिंदुत्व पर दिए गए बयान पर बवाल मच गया है। मोहन भागवत ने कहा था कि, संघ देश की 130 करोड़ की आबादी को हिंदू समाज ही मानता है। अब इस पर केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। रामदास अठावले ने कहा कि, यह कहना सही नहीं होगा कि सभी हिंदू हैं। वहीं भागवत के आरक्षण को लेकर दिए बयान पर अठावले ने था कहा कि आरक्षण संवैधानिक अधिकार है। दलितों से इसे कोई भी नहीं छीन सकता है।
Recommended Video

गुरुवार को रामदास आठवले ने मोहन भागवत के इस बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, 'यह कहना सही नहीं है कि सभी हिंदू हैं। एक समय था जब इस देश में सभी बौद्ध थे। लेकिन जब हिंदुत्व आया तो हम हिंदू राष्ट्र हो गए। लेकिन अगर भागवत के कहने का मतलब है कि सभी हमारे अपने हैं तो यह अच्छी बात है। इससे पहले रामदास अठावले ने मंगलवार को संघ प्रमुख मोहन भागवत के आरक्षण को लेकर दिए बयान पर कहा था कि आरक्षण संवैधानिक अधिकार है। दलितों से इसे कोई भी नहीं छीन सकता है। आरक्षण पर चर्चा की कोई जरूरत नहीं है, क्योंकि यह स्थायी रहेगा।
बता दें कि, संघ प्रमुख मोहन भागवत ने बुधवार को हैदराबाद में एक कार्यक्रम के दौरान कहा था कि, 'भारत माता का सपूत, चाहे वह कोई भी भाषा बोले, चाहे वह किसी भी क्षेत्र का हो, किसी स्वरूप में पूजा करता हो या किसी भी तरह की पूजा में विश्वास नहीं करता हो, एक हिंदू है...इस संबंध में, संघ के लिए भारत के सभी 130 करोड़ लोग हिंदू समाज है। उन्होंने कहा कि आरएसएस सभी को स्वीकार करता है, उनके बारे में अच्छा सोचता है और उन्हें बेहतरी के उच्च स्तर पर ले जाना चाहता है।
भागवत के इस बयान पर एआईएमआईएम अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने भी कड़ी प्रतिक्रिया दी थी। इस पर पलटवार करते हुए ओवैसी ने कहा था, 'मुझे तेलंगाना और सीएम के. चंद्रशेखर राव (केसीआर) पर पूरा यकीन है। जब तक केसीआर जिंदा हैं तब तक तेलंगाना में बीजेपी और आरएसएस को बहुत दिक्कत होगी।'












Click it and Unblock the Notifications