• search
क्विक अलर्ट के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  
For Daily Alerts

चुनौतियों से निपटने के लिए मोदी ने तैयार किए 15 प्लान

|

नयी दिल्ली। नरेन्द्र मोदी के प्रधानमंत्री बनने जा रहे हैं। आज शाम को वो पीएम पद की शपथ लेंगे। पीएम बनने के साथ ही मोदी के कंधे पर कई जिम्मेदारियां आ जाएंगी। मोदी ने चुनाव से पहले जो लोगों से वादा किया था अब उसे पूरा करने का वक्त आ गया है। जिस मोदी लहर ने सियासी भूचाल जाकर देश की बागडोर भारतीय जनता पार्टी के हाथों में थमा दी अब मोदी को उसी लहर की तरह लोगों की उम्मीदों पर खड़ा उतरना हैं।

पीएम बनने के साथ ही मोदी जिम्मेदारियों से लौश हो जाएंगे। ऐसे में उनके पास कुछ ऐसे प्लान है जिससे वो लोगों से किए अपने वादों को पूरा कर उन का विश्वास जीत सकते हैं। तस्वीरों के जरिए देखिए क्या हैं मोदी का मेगा प्लान

चुनौतियों के कैसे पार पाएंगे मोदी

चुनौतियों के कैसे पार पाएंगे मोदी

मोदी की सबसे पहली चुनौती है देश में फैला भ्रष्टाचार। भ्रष्टाचार और घोटालों को रोकने के लिए मोदी ने ई-गर्वेनेंस योजना शुरु करने की सोची है। नरेंद्र मोदी का मानना है कि टेक्नोलॉजी के इस्तेमाल से भ्रष्टाचार पर लगाम लगाई जा सकती है।

नहीं होगी बदले की राजनीति

नहीं होगी बदले की राजनीति

नरेंद्र मोदी चुनाव प्रचार के दौरान भले ही विरोधियों पर हमले करते हो,लेकिन पीएम बनने के बाद उन की विचारधारा बदल गई है। उनका मानना है कि जनता किसी भी सरकार को पिछले सरकार से बदला लेने की भावना से नहीं भेजती।

देश का ताकतवर होना जरूरी

देश का ताकतवर होना जरूरी

मोदी का मानना है कि देश का ताकतवर होना जरुरी है। इसके लिए देश के रक्षा विभाग को मजबूत बनाना मोदी की प्राथमिकताओं में है। नरेंद्र मोदी का मानना है कि भारत का ताकतवर होना जरूरी है लेकिन किसी कमजोर को दबाने के लिए नहीं बल्कि खुद की रक्षा के लिए।

झूक कर नहीं आंख मिलाकर होगा काम

झूक कर नहीं आंख मिलाकर होगा काम

मोदी का मानना है कि भारत को किसी भी देश को भारत की तरफ आंख दिखाने का मौका नहीं देना चाहिए। उनका मानना है दूसरे देशों से संबंध ऐसे हों कि वो हमसे आंख मिला कर बात करें।

पाक के साथ मेल-जोल की होगी बात

पाक के साथ मेल-जोल की होगी बात

नरेंद्र मोदी का मानना है कि संघर्ष का रास्ता सही नहीं होता इसलिए पाकिस्तान के साथ भी अच्छे संबंध बनाने होंगे। उनका मानना है कि दोनों देशों को मिलकर काम करना होगा।

 चीन के साथ संबंध सुधार

चीन के साथ संबंध सुधार

मोदी जहां चुनाव प्रचार के दौरान चीन के साथ संबंधों को लेकर बेझिझक बोलते थे वहीं अब वो भारत- चीन के रिश्तों को लेकर थोड़े शांत हो गए है। नरेंद्र मोदी का मानना है कि भारत के हितों को सर्वोपरी मानते हुए ही चीन से बातचीत करनी होगी।

खुद के साथ हुए बर्ताव का अमेरिकी रिश्‍ते पर फर्क नहीं

खुद के साथ हुए बर्ताव का अमेरिकी रिश्‍ते पर फर्क नहीं

अमेरिकी के साथ संबंधों को लेकर मोदी गंभीर है। मोदी का मानना है कि अमेरिका में सबसे ज्यादा गुजराती रहते हैं और अमेरिका ने भी गुजरात में निवेश किया है इसलिए संबंधों में खटास की कोई बात ही नहीं है।

 नहीं बदलेगी एफडीआई पर नीति

नहीं बदलेगी एफडीआई पर नीति

एफडीआई को लेकर मोदी ने कहा कि रातोंरात FDI पर नीति कभी नहीं बदली जाएगी क्योंकि ऐसा करना जनता को धोखा देने जैसा है।

खत्म होगी केन्द्र और राज्‍य के बीच दूरी

खत्म होगी केन्द्र और राज्‍य के बीच दूरी

नरेंद्र मोदी का मानना है कि अगर किसी भी राज्य का सीएम और देश का पीएम टीम की तरह काम करे तो देश बहुत आगे जाएगा। मोदी राज्य और केन्द्र के बीच की दूरियों को कम करने का प्लान तैयार कर रहे है ताकि देश का विकास हो सके।

 धारा 370 पर होगी बहस

धारा 370 पर होगी बहस

नरेंद्र मोदी का मानना है कि लोकतंत्र में हर चीज पर बहस होनी चाहिए। मोदी शुरु से ही धारा 370 पर बहस की वकालत कर रहे हैं।

पीओके पर प्लान

पीओके पर प्लान

नरेंद्र मोदी पाक अधिकृत कश्मीर को बारत का हिस्सा मानते है। उनका कहना है कि पीओके भारत का हिस्सा है और उस पर बहस की जरुरत है।

 महिलाओं का हो सम्मान

महिलाओं का हो सम्मान

नरेंद्र मोदी अपने चुनावी भाषमों में महिलाओं की सुरक्षा का मुद्दा उठाते रहे है। उनका मानना है कि महिलाओं को सुरक्षा न दे पाना इस देश की मानवता के लिए कलंक है इसलिए महिलाओं को सुरक्षा देना पहली प्राथमिकता होगी।

मीडिया बनें ताकतवर

मीडिया बनें ताकतवर

मोदी की जीत में मीडिया अहम हिस्सा बना है। इसलिए मोदी मीडिया को ताकतवर बनाने की योजना बना रहे है। मोदी का मानना है कि देश को ताकतवर बनाने में मीडिया का बहुत बड़ा योगदान होता है जिसके लिए मीडिया को खुद भी मजबूत होना होगा।

सोशल मीडिया की ताकत

सोशल मीडिया की ताकत

नरेंद्र मोदी सोशल मीडिया को अपना अहम हथियार मानते है। उनका मानना है कि देश के युवा बहुत क्रिएटिव हैं जिनका उन्हें गर्व है और सोशल मीडिया की इस ताकत का इस्तेमाल देशहित के लिए जरूर किया जाना चाहिए।

चुनावी बुखार का असर काम पर नहीं

चुनावी बुखार का असर काम पर नहीं

नरेंद्र मोदी का मानना है कि चुनावी बुखार के दौरान की गई बातों को स्थाई नहीं मानना चाहिए।

जीवनसंगी की तलाश है? भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें - निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
English summary
Narendra Modi ready with 15 Plans for facing challenges after becoming the Prime Minister of India.
For Daily Alerts
तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
Enable
x
Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X
X
We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more