झारखंड चुनाव: गांवों में पाइप लाइन से शुद्ध पेयजल पहुंचा कर क्या इस बार रघुबर मार लेंगे बाजी?
नई दिल्ली- झारखंड की रघुबर दास सरकार का दावा है कि पिछले पांच वर्षों में राज्य पीने योग्य शुद्ध पानी सप्लाई करने में बहुत बड़ा बदलाव लाने में सफल रहा है। तथ्यों पर बात करें तो झारखंड की जनता वर्षों से दूषित पानी पीने के लिए बाध्य थी। खास कर माइंस वाले इलाकों के लोगों के पास आर्सेनिक समेत अन्य हानिकारक रसायनयुक्त जल पीने के अलावा कोई उपाय नहीं था। लेकिन, पिछले पांच साल में माइंस वाले क्षेत्रों में पाइप लाइन के माध्यम से जलापूर्ति योजना तेजी से शुरू की गयी है। इसके लिए राज्य सरकार केंद्र सरकार की ओर से उपलब्ध डीएमएफटी (DMFT) फंड की सारी राशि पाइप लाइन के जरिए शुद्ध पेयजल पहुंचाने पर खर्च कर रही है।

पेयजल एवं स्वच्छता विभाग
शुद्ध पेयजल पर राज्य की बीजेपी सरकार की ओर से पांच वर्षों में ध्यान दिए जाने का परिणाम ये हुआ है कि 2014 में जहां सिर्फ 2,400 गांव पीने योग्य पानी के लिए पाइप लाइन से जुड़े हुए थे, वहीं पिछले पांच साल में ही 8,044 अतिरिक्त गांवों को पाइप लाइन के जरिए पेयजल सप्लाई से जोड़ा गया है। 2014 में जहां राज्य की सिर्फ 12 फीसदी आबादी को पाइप लाइन से पेयजल मिल रहा था, वहीं अब 35 फीसदी आबादी तक पाइप लाइन से शुद्ध पेयजल पहुंच रहा है।
2014 तक वृहद ग्रामीण जलापूर्ति योजना महज 300 थीं, जबकि पिछले पांच साल में 427 पूरी कर ली गयी हैं और 234 अतिरिक्त पर कार्य चल रहा है। लघु ग्रामीण जलापूर्ति योजना मात्र 1,200 थीं, जबकि पिछले पांच साल में ही 7,500 पूरी हो चुकी हैं और अतिरिक्त 13,500 में कार्य जारी है।
जल सहिया बहनों को पहली बार राज्य सरकार 1,000 रुपये प्रतिमाह मानदेय दे रही है। 424 करोड़ रुपये की लागत से 11,126 अनुसूचित जनजाति बहुल टोलों में पाइप लाइन से पेयजल आपूर्ति की योजना चलाई जा रही है। 136 करोड़ रुपये की लागत से 2,251 आदिम जनजाति टोलों के लिए पेयजल आपूर्ति हेतु योजना चलाई जा रही है।
पहली बार आर्सेनिक और फ्लोराइड प्रभावित टोलों के लिए शुद्ध पेयजल योजना शुरू की गई है। अब तक चिन्हित 483 टोलों में सतही जलापूर्ति योजना और इलेक्ट्रोलाइटिक डिफ्लोराइडेशन के माध्यम से शुद्ध पेयजल आपूर्ति की उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है। पहली बार डीएमएफटी के तहत राज्य के 6 जिलों को पूरी तरह से पाइप लाइन जलापूर्ति योजना से जोड़ने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
-
Madhya Pradesh: इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड में दर्ज हुआ सिंधिया का फ्री मेगा मेडिकल कैंप, गांवों में फ्री इलाज -
'Monalisa झूठी है', महाकुंभ वायरल गर्ल की मां का बड़ा दावा, पिता जय सिंह ने सबके सामने रखा बेटी का ऐसा सच -
Monalisa Caste: मुस्लिम मर्द से शादी करने वाली मोनालिसा की क्या है जाति? क्या कर लिया धर्म परिवर्तन? -
IPL 2026 की ओपनिंग सेरेमनी रद्द, BCCI ने अचानक ले लिया बड़ा फैसला, मैच पर भी मंडराए संकट के बादल? -
Iran US War: ईरान ने खाक किए अमेरिकी बेस, बताया अब किसकी बारी? खौफनाक दावे से मचा हड़कंप -
Petrol Diesel Price Hike: पेट्रोल ₹5.30 और डीजल ₹3 महंगा, ईरान जंग के बीच इस कंपनी ने बढ़ाई कीमतें, ये है रेट -
Energy Lockdown: एनर्जी लॉकडाउन क्या है? कब लगाया जाता है? आम पब्लिक पर कितना असर? हर सवाल का जवाब -
Fact Check: क्या सच में देश में लगने वाला है Lockdown? क्या है वायरल दावों का सच? -
LPG Price Today: क्या राम नवमी पर बढ़ गए सिलेंडर के दाम? आपके शहर में आज क्या है रेट? -
Gold Silver Rate Today: सोना-चांदी होने लगा महंगा, गोल्ड 6000 और सिल्वर के 10,000 बढ़े भाव, अब ये है रेट -
Nitish Kumar का मास्टरस्ट्रोक! राज्यसभा गए पर CM पद पर अब भी सस्पेंस! 14 अप्रैल के बाद बिहार को मिलेगा नया CM? -
राजस्थान रॉयल्स की 13,500 करोड़ की डील रुक गई? बॉम्बे हाई कोर्ट में जीत से राज कुंद्रा ने पलटा गेम












Click it and Unblock the Notifications