Jharkhand Chunav: J&K के बाद झारखंड और महाराष्ट्र में भी RLD लड़ना चाहती है चुनाव, क्या BJP करेगी डील?
Jharkhand Chunav 2024: बीजेपी के साथ गठबंधन करके यूपी में दो लोकसभा सीटें जीतने के बाद से केंद्रीय मंत्री जयंत चौधरी के सियासी मंसूबे सातवें आसान पर नजर आ रहे हैं। उनकी पार्टी आरएलडी भाजपा के कहने पर हरियाणा विधानसभा चुनाव में तो नहीं उतरी है, लेकिन जम्मू और कश्मीर में जरूर भाग्य आजमा रही है। चौधरी आगे झारखंड विधानसभा चुनाव को लेकर भी संभावनाएं तलाश रहे हैं।
राष्ट्रीय लोक दल (RLD) जम्मू और कश्मीर की 10 सीटों पर चुनाव लड़ रही है। हालांकि, यहां उसका बीजेपी के साथ कोई गठबंधन नहीं हुआ है और अकेले चुनाव मैदान में है। लेकिन, अब यह पार्टी झारखंड विधानसभा चुनाव भी लड़ने की योजना बना रही है, जिसके नवंबर में होने की संभावना है।

झारखंड में चुनाव लड़ने की गंभीरता से सोच रही है आरएलडी
झारखंड में चुनाव लड़ने की संभावनाओं को लेकर पार्टी सुप्रीमो जयंत चौधरी मंगलवार को रांची गए, जहां वे पार्टी की चुनावी संभावनाओं को तलाशने के साथ-साथ भाजपा से गठबंधन में चुनाव लड़ने को लेकर भी पार्टी के वरिष्ठ नेताओं से चर्चा करने वाले थे।
इससे पहले आरएलडी के राष्ट्रीय सचिव अनुपम मिश्रा की अगुवाई में पार्टी का एक ग्रुप बीजेपी के उपाध्यक्ष और झारखंड में पार्टी के प्रभारी लक्ष्मीकांत बाजपेयी के साथ भी चुनाव-पूर्व गठबंधन को लेकर बातचीत हो चुकी है। आरजेडी के एक वरिष्ठ पदाधिकारी के मुताबिक, 'चीजें सही दिशा में बढ़ रही हैं और हम सकारात्मक नतीजों की उम्मीद कर रहे हैं।'
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हरियाणा विधानसभा चुनाव से दूर रही आरएलडी
दरअसल, पार्टी उत्तर प्रदेश से आगे निकलकर अन्य प्रदेशों में भी अपना विस्तार करना चाह रही है। जब पार्टी इंडिया ब्लॉक के साथ जुड़ी हुई थी तो राजस्थान की भरतपुर सीट पर उसके प्रत्याशी सुभाष गर्ग को जीत भी मिली। लेकिन, लोकसभा चुनावों से ठीक पहले जयंत चौधरी ने एनडीए का साथ अपना लिया।
लोकसभा चुनावों में एनडीए में रहकर यूपी में जीती 2 सीटें
आरएलडी हरियाणा में भी विधानसभा चुनाव लड़ना चाहती थी, लेकिन, भाजपा के दबाव में वह वहां चुनाव नहीं लड़ सकी। पिछले लोकसभा चुनाव में यूपी में आरएलडी एनडीए गठबंधन में रहकर बागपत और बिजनौर की सीटें जीती है।
इससे पहले भाजपा ने 2014 और 2019 के लोकसभा चुनावों और 2017 के विधानसभा चुनावों में पार्टी का सूपड़ा साफ कर दिया था। हालांकि, 2022 में इसे सपा के साथ गठबंघन में जबर्दस्त फायदा मिला और यह 9 सीटें जीत गई।
चौधरी चरण सिंह को भारत रत्न मिलने के बाद किया एनडीए का रुख
लेकिन, लोकसभा चुनावों से पहले मोदी सरकार ने जयंत चौधरी के दादा पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह को भारत रत्न देने की घोषणा की, जिसके बाद वे पाला बदलकर एनडीए के खेमे में चले आए।
जम्मू-कश्मीर में दूसरी बार भाग्य आजमा रही है आरएलडी
जहां तक जम्मू कश्मीर की बात है तो आरएलडी के लोगों का कहना है कि पहले भी एक सीट पर वह यहां चुनाव लड़ चुकी है, लेकिन तब उसने अपने चुनाव चिन्ह का इस्तेमाल नहीं किया था। पार्टी नेता के मुताबिक, 'यह पहली बार है कि आरएलडी अपने आधिकारिक चुनाव निशान (हैंडपंप) पर चुनाव लड़ रही है। इससे पार्टी को प्रदेश में विस्तार में मदद मिलेगी।'












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