ज्ञानवापी केस:महबूबा मुफ्ती बोलीं-कोर्ट भाजपा के नरेटिव को आगे बढ़ा रही है

नई दिल्ली, 13 सितंबर: ज्ञानवापी मस्जिद केस पर स्थानीय अदालत के फैसले पर पीडीपी चीफ और जम्मू कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने सवाल खड़े किए हैं। महबूबा मुफ्ती ने कहा कि, बीजेपी बेरोजगारी, गरीबी और महंगाई को खत्म करने में नाकाम रही है। इसलिए वे लोगों का ध्यान भटकाना चाहते हैं। कोर्ट भाजपा के नरेटिव को आगे बढ़ा रही है।

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    ,Gyanvapi mosque issue Courts ruling support this BJP narrative: Mehbooba Mufti

    महबूबा मुफ्ती ने मंगलवार को कहा कि, अदालतों ने फैसला सुनाया था कि 1947 में धार्मिक स्थलों की यथास्थिति बनाए रखी जाए। प्लेसेस ऑफ वर्शिप एक्ट के बावजूद ज्ञानवापी पर अदालत के फैसले से दंगा भड़केगा और एक सांप्रदायिक माहौल पैदा होगा जो बीजेपी का एजेंडा है। यह एक खेदजनक स्थिति है कि अदालतें अपने स्वयं के फैसलों का पालन नहीं करती हैं।

    महबूबा मुफ्ती ने कहा कि, बीजेपी बेरोजगारी, गरीबी और महंगाई को खत्म करने में नाकाम रही है, इसलिए वे लोगों का ध्यान भटकाना चाहते हैं। कोर्ट का फैसला(ज्ञानवापी मस्जिदपर) बीजेपी के इस बयान का समर्थन करता है। इससे पहले महबूबा मुफ्ती ने बीजेपी पर न‍िशाना साधते हुए कहा क‍ि केंद्र शासित प्रदेश आज ऐसे चौराहे पर खड़ा है जहां पर लोगों के पास कोई अधिकार नहीं है। न ही उनकी शिकायतों को उठाने के लिए कोई मंच ही है।

    उन्होंने भारतीय जनता पार्टी की आलोचना करते हुए आरोप लगाया कि वह राजनीतिक मकसद के ल‍िए कश्मीरी पंडितों की पीड़ा और उनकी परेशानी को हथियार के तौर पर इस्तेमाल कर रही है। महबूबा मुफ्ती ने कहा है कि जम्मू में कश्मीर से ज्यादा हालात खराब है। उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा, 'किसी को बात करने और बोलने की इजाजत नहीं है। लोग बोलते हैं सब कुछ चंगा है सब कुछ चंगा नहीं है।

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