BJP chief: भाजपा का अगला राष्ट्रीय अध्यक्ष कौन होगा? 2 बड़े नेताओं का नाम सबसे आगे, एक हैं मौजूदा मुख्यमंत्री
Who will be next BJP chief: भारतीय जनता पार्टी (BJP) में एक बार फिर संगठनात्मक बदलाव की आहट तेज हो गई है। भाजपा अपने नए राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव की तैयारी कर रही है। पार्टी अध्यक्ष जेपी नड्डा का कार्यकाल खत्म हो चुका है और अब पार्टी को नया राष्ट्रीय अध्यक्ष चुनना है। दिसंबर 2025 तक इस प्रक्रिया को पूरा कर लिया जाएगा। ऐसे में किस नेता को भाजपा की कमान सौंपी जाएगी, इसे लेकर राजनीतिक गलियारों में जोरदार अटकलें लगाई जा रही हैं।
भाजपा का अगला राष्ट्रीय अध्यक्ष कौन होगा, इस लिस्ट में अब दो नए नेताओं का नाम जुड़ गया है। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस (Devendra Fadnavis) और गुजरात से पूर्व केंद्रीय मंत्री पुरुषोत्तम रूपाला (Parshottam Rupala) का नाम इस "हॉट सीट" के प्रमुख दावेदारों के रूप में उभरकर सामने आए हैं। हालांकि इसके अलावा केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का नाम भी भाजपा चीफ की लिस्ट में टॉप पर बना हुआ है। लेकिन सीएम देवेंद्र फडणवीस के नाम से राजनीतिक गलियारों में हलचल पैदा कर दी है।

🔹 देवेंद्र फडणवीस का नाम सबसे आगे!
न्यू इंडियन एक्सप्रेस ने सूत्रों के हवाले से जानकारी दी है कि महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को संकेत दिया गया है कि बिहार विधानसभा चुनाव के बाद उन्हें सीएम पद छोड़ना पड़ सकता है। उन्हें भाजपा अध्यक्ष की कुर्सी के लिए सबसे मजबूत दावेदार माना जा रहा है।
सूत्रों ने बताया, "संदेश देवेंद्र फडणवीस को दिया गया है लेकिन उनके भविष्य की भूमिका पर अब तक कोई चर्चा नहीं हुई है। उन्हें भाजपा अध्यक्ष पद के लिए मजबूत दावेदार माना जा रहा है। वे युवा हैं, आरएसएस का समर्थन उनके साथ है और पार्टी नेतृत्व का भरोसा भी उन पर है।"
🔹 गुजरात से पुरुषोत्तम रूपाला की एंट्री
भाजपा का राष्ट्रीय अध्यक्ष कौन होगा-इस दौड़ में पुरुषोत्तम रूपाला का नाम भी तेजी से उभरा है। भले ही लोकसभा चुनाव 2024 के दौरान उनके 'एंटी-क्षत्रिय बयान' ने विवाद खड़ा किया था, लेकिन पार्टी और संघ नेतृत्व में वे एक भरोसेमंद चेहरे के तौर पर देखे जाते हैं। पीएम नरेंद्र मोदी के साथ उनके पुराने रिश्ते और RSS का समर्थन उनकी दावेदारी को और मजबूत करता है।
हालांकि रूपाला का नाम इस सूची में नया है, लेकिन उनका कद इसलिए बढ़ा क्योंकि उन्हें भी आरएसएस का समर्थन हासिल है और पार्टी शीर्ष नेतृत्व का भरोसा भी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जब गुजरात के मुख्यमंत्री थे, उस समय रुपाला की नजदीकी भी जगजाहिर है। सूत्रों का कहना है कि रूपाला "वफादार और संघ व पार्टी नेतृत्व के बीच एक भरोसेमंद कड़ी" बने हुए हैं।
🔹 धर्मेंद्र प्रधान भी रेस में
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का नाम भी लगातार चर्चा में है। उनका राजनीतिक आधार मजबूत है और उनका RSS से पुराना नाता है। उनके पिता दिवंगत डॉ. देवेन्द्र प्रधान जीवनभर RSS से जुड़े रहे।
🔹 संगठनात्मक चुनाव की बड़ी चुनौती
पार्टी संविधान के मुताबिक, राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव तभी संभव है जब 37 में से कम से कम 50% राज्य इकाइयों के संगठनात्मक चुनाव पूरे हो जाएं। इसी को ध्यान में रखते हुए भाजपा ने 1 अगस्त 2025 से सदस्यता अभियान और जिला-राज्य स्तर पर संगठनात्मक चुनावों की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
🔹 महिला या OBC/SC चेहरे पर भी विचार
पार्टी सूत्रों के मुताबिक, भाजपा हाईकमान इस बार महिला नेता या किसी OBC/SC नेता को अध्यक्ष बनाने का विकल्प भी देख रहा है। इससे सामाजिक समीकरण साधे जा सकें और आने वाले विधानसभा चुनावों में राजनीतिक बढ़त हासिल हो।
🔹 नड्डा का नया रोल और आगे की रणनीति
जेपी नड्डा, जिन्होंने 2020 से लेकर 2024 तक भाजपा को संगठनात्मक मजबूती दी और लोकसभा चुनाव में ऐतिहासिक जीत दिलाई, अब केंद्रीय मंत्री और राज्यसभा में नेता सदन की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। उनकी नई भूमिका इस बात का संकेत है कि पार्टी संगठन और शासन के बीच संतुलन बनाना चाहती है।
🔹 कौन बनेगा नया अध्यक्ष?
अभी तस्वीर साफ नहीं है, लेकिन फडणवीस, रूपाला और प्रधान तीनों ही मजबूत दावेदार माने जा रहे हैं। भाजपा की परंपरा रही है कि वह हमेशा सहमति से और RSS के साथ तालमेल में अध्यक्ष चुनती है। पार्टी की स्थापना के बाद से अब तक हमेशा राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव RSS के समन्वय और सहमति से सर्वसम्मति के आधार पर ही किया गया है। ऐसे में माना जा रहा है कि जल्द ही एक 'कंसेंसस कैंडिडेट' का नाम सामने आएगा।
भाजपा का नया अध्यक्ष चुनना केवल संगठनात्मक प्रक्रिया नहीं, बल्कि 2025 और आगे की चुनावी राजनीति के लिए बड़ी रणनीतिक चाल है। इस फैसले से पार्टी का भविष्य और चुनावी समीकरण गहराई से प्रभावित होंगे।










Click it and Unblock the Notifications