कोरोना से गुजरात में हेल्थ वर्कर की पहली मौत, यहां हेड नर्स कैथरीन क्रिश्चियन ने दम तोड़ा
अहमदाबाद। यहां कोरोना वायरस की चपेट में आई सिविल की कोविड हॉस्पिटल की हेड नर्स की मौत हो गई है। किसी हेल्थ वर्कर का कोरोना से मरने का यह राज्य में पहला मामला दर्ज हुआ है। 56 वर्षीय नर्स कैथरीन क्रिश्चियन कोविड हॉस्पिटल में करीब 8 दिनों तक वायरस जूझीं। उन्हें 7 दिन तक वेंटिलेटर पर रखा गया, लेकिन बच नहीं पाईं। यह खबर काफी दुखद है, क्योंकि, हॉस्पिटल में जब अपनी ही हेड नर्स नहीं बचाई जा सकी, तो आमजन को बचाने के प्रयास बेकार जा सकते हैं। कई लोग यही सवाल कर रहे हैं।

प्राप्त जानकारी के मुताबिक, हेड नर्स कैथरीन कुछ अन्य बीमारियां भी थीं। उन्हें हाइपरटेंशन, हृदय रोग और मोटापे की तकलीफ थी। कोरोना पॉजिटिव होने का पता चलने पर उन्हें अलग कर इलाज शुरू किया गया था। वह सात दिनों से वेंटिलेटर पर थीं। कैथरीन क्रिश्चियन के करीबियों का कहना है कि हेड नर्स को अन्य बीमारियां भी थीं। बहरहाल, राज्य में किसी 'कोरोना वॉरियर' हेल्थ वर्कर का कोरोना के कारण जान गंवाने का यह पहला मामला बताया जा रहा है।

कैथरीन की मौत के बाद उनकी लाश को सम्मानपूर्वक हॉस्पिटल से ले जाया गया। जहां पुलिस और स्टॉफ के लोगों ने हेड नर्स कैथरीन क्रिश्चियन को आखिरी बार सलामी दी। अस्पताल प्रबंधन के मुताबिक, कैथरीन ने 32 साल तक अहमदाबाद और जामनगर में अपनी सेवाएं दी थीं।













Click it and Unblock the Notifications