Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

गुजरात में मानसून सीजन खत्म ही नहीं हो रहा, अभी 12 अक्टूबर तक बरसेंगे यहां बादल, टूटे कई रिकॉर्ड

गांधीनगर। गुजरात में इस साल 97% से ज्यादा बारिश दर्ज की गई। देशभर में मानसूनी वर्षा का सीजन थम चुका है, मगर इस राज्य में अभी भी बारिश हो रही है। मौसम विभाग (IMD) ने इस सप्ताह भी यहां वर्षा की चेतावनी दी है। मौसम विभाग के क्षेत्रिय निदेशक जयंत सरकार ने बताया कि दक्षिण-पश्चिम मानसून के कम से कम 12 अक्टूबर तक गुजरात से वापस जाने की उम्मीद नहीं है। सामान्य तौर पर गुजरात में 15 सितंबर के बाद मानसून समाप्ति की घोषणा हो जाती है। किंतु इस बार मानसून कुछ दिन और बने रहेंगे। आंकड़ों के अनुसार, गुजरात में इस बार 1000 मिमी से भी ज्यादा बारिश हुई है।

गुजरात से मानसून की वापसी अभी तय नहीं

गुजरात से मानसून की वापसी अभी तय नहीं

रविवार को अहमदाबाद एवं अन्य कुछ जिलों में बारिश हुई। सोमवार-मंगलवार को भी जारी रहेगी। कुछ इसी तरह पिछले साल 6 अक्टूबर 2018 को राज्य में 76.71 प्रतिशत बारिश दर्ज की गई थी। इस साल अब तक, सभी 251 तालुकों में 500 मिमी से अधिक बारिश दर्ज की गई। जबकि 118 तालुकों में 1,000 मिमी से अधिक बारिश हुई। जबकि, कुल वर्षा का औसत 141.44 प्रतिशत रहा। यह 2018 में दर्ज औसत से लगभग दोगुना है।

इन जिलों में बरस रहे हैं बादल

इन जिलों में बरस रहे हैं बादल

मौसम विज्ञान विभाग (IMD) की अहमदाबाद क्षेत्रीय अतिरिक्त निदेशक मनोरमा मोहंती ने कहा कि, गुजरात से मानसून की वापसी अभी तक तय नहीं है। निश्चित रूप से इस सप्ताह इसकी उम्मीद नहीं है। आईएमडी ने बनासकांठा, अमरेली, भावनगर, तापी, डांग, वलसाड, नवसारी और कच्छ में सोमवार को बारिश का पूर्वानुमान जारी किया है।

कई जिलों में वर्षा का प्रतिशत 110 फीसदी से भी ज्यादा रहा

कई जिलों में वर्षा का प्रतिशत 110 फीसदी से भी ज्यादा रहा

आईएमडी से प्राप्त डेटा में बताया गया है कि अगस्त में राज्य में 121.89 प्रतिशत औसत बारिश दर्ज की गई। राज्य के कुल 33 में से 22 जिलों में 100% से भी ज्यादा बारिश दर्ज की गई। कुछ जिलों में तो वर्षा का प्रतिशत 110 फीसदी से भी ज्यादा रहा। जबकि, सभी 251 तालुकों में 250 मिमी से अधिक वर्षा हुई। इनमें सबसे ज्यादा 149 तालुका में 501-1000 मिमी बारिश दर्ज की गई। इतना ही नहीं, भयंकर बारिश के चलते राज्य के 72 जलाशय पानी से लबालब हो चुके हैं। वहीं, सरदार सरोवर नर्मदा बांध में 91 फीसदी से ज्यादा जल संग्रह हो चुका है।

भरूच में सर्वाधिक 146.16 फीसदी बारिश हुई

भरूच में सर्वाधिक 146.16 फीसदी बारिश हुई

राज्य सरकार के आंकड़ों में बताया गया है कि गुजरात में भरूच जिले में सर्वाधिक 146.16 फीसदी बारिश हुई है। फिर छोटा उदेपुर जिले में 142.71 फीसदी, कच्छ में 140.99 फीसदी, जामनगर में 137.47 फीसदी, बोटाद में 135.33 फीसदी, मोरबी में 132.15 फीसदी, वलसाड में 120.20 फीसदी, सूरत में 119.92 फीसदी, सुरेन्द्रनगर में 117.82 फीसदी, पंचमहाल में 115.78 फीसदी बारिश दर्ज की गई है।

देवभूमि द्वारका में 102.17 फीसदी वर्षा हुई

देवभूमि द्वारका में 102.17 फीसदी वर्षा हुई

जबकि, राजकोट में 110.23 फीसदी, नवसारी में 110.18 फीसदी, भावनगर में 107.61 फीसदी, जूनागढ़ में 106.79 फीसदी, आणंद में 106.49 फीसदी, तापी में 106.45 फीसदी, वडोदरा में 103.34 फीसदी, और देवभूमि द्वारका में 102.17 फीसदी तथा खेड़ा में 101.35 फीसदी बारिश हो चुकी है। जिसके चलते राज्य में न सिर्फ पीने के पानी बल्कि सिंचाई की समस्या का भी अंत आने के कारण फसल अच्छी होने की उम्मीद जताई जा रही है।

जल संरक्षण परियोजनाओं में देश में नं-1 रहा

जल संरक्षण परियोजनाओं में देश में नं-1 रहा

गुजरात पिछले दिनों गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रुपाणी ने जानकारी देते हुए बताया था कि 'सुजलाम सुफलाम' जल अभियान क्रांति को दो साल पूरे हो गए हैं। नीति आयोग द्वारा घोषित समग्र जल प्रबंधन सूचकांक में, गुजरात को इस अभियान के परिणामस्वरूप लगातार तीसरे वर्ष पहली रैंक मिली है। यानी, यह राज्य जल संरक्षण परियोजनाओं में देश में नंबर-1 रहा।

यहां 9700 झीलें बारिश से ही भर गईं

यहां 9700 झीलें बारिश से ही भर गईं

आंकड़ों के अनुसार, राज्य के विभिन्न जिलों में दो वर्षों में भंडारण क्षमता में 23,553 लाख घन फीट की वृद्धि हुई है। इतना ही नहीं, यहां की 97,00 झीलें बारिश के पानी से ही भर गईं। जबकि, 5775 चेकडैम भी बहाल हुए हैं।

राज्य के 72 जलाशय पानी से लबालब

राज्य के 72 जलाशय पानी से लबालब

रिपोर्ट में बताया गया कि गुजरात के कुल 204 जलाशयों में से 72 जलाशय इन दिनों लबालब हैं। जबकि, अन्य 62 में जल संग्रहण 70 से 100 प्रतिशत के बीच है। यानी, कुल मिलाकर ज्यादातर जलाशय, नदी और नालों में पानी भरा हुआ है।

बढ़ी बारिश से किसानों की मौज हुई

बढ़ी बारिश से किसानों की मौज हुई

अच्छी बारिश के कारण फसलों में भी वृद्धि हुई है। राज्य में अब तक 110% तक बुवाई हुई है, जिसमें कपास औऱ मूंगफली की पैदावार बढ़ी है। सरकारी रिपोर्ट में यह भी बताया गया कि गुजरात में अच्छी वर्षा के परिणामस्वरूप खरीफ फसल के मौसम में सितंबर महीने तक 95% भूमि पर बुवाई हो चुकी थी।

सितंबर शुरू होने तक 80 लाख हेक्टेयर में बुवाई हुई

सितंबर शुरू होने तक 80 लाख हेक्टेयर में बुवाई हुई

अगस्त के अंत तक, राज्यभर में 80 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में फसलें बो दी गईं। इस बार उन क्षेत्रों में भी रोपण किया गया है जहाँ पिछले साल बारिश नहीं हो पाई थी। इस बार वहां कम ही सही, लेकिन वर्षा जरूर हुई। राज्य का सामान्य खरीफ क्षेत्र 84.76 लाख हेक्टेयर है, जिसमें से 4 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में रोपण जारी रहा।

More From
Prev
Next
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+