Delhi Election 2025: अब दिल्ली चुनाव में Sandeep Dixit ने की भविष्यवाणी, कांग्रेस कितनी सीटें जीत रही?
Sandeep Dixit Delhi Election 2025: दिल्ली विधानसभा चुनाव 2025 के लिए मतदान में चंद दिन शेष रह गए हैं। इस बीच दिल्ली की हॉट सीट नई दिल्ली से कांग्रेस उम्मीदवार संदीप दीक्षित ने अरविंद केजरीवाल को जीत के लिए खुली चुनौती के साथ-साथ उन पर कई सियासी निशाने साधे हैं।
'द वन इंडिया शो' पर कंसल्टिंग एडिटर मीनाक्षी कंडवाल के साथ बातचीत में संदीप दीक्षित ने साल 1993 से दिल्ली की जनता विकास पर नाम पर वोट करती आई थी। एशियन खेलों के सफल आयोजन पर लोगों ने जमकर वोट दिए थे, मगर साल 2013 के बाद से दिल्ली की राजनीति और मतदाताओं का मिजाज बदल गया। आप ने मुफ्त की रेवड़ी बांटने की राजनीति शुरू कर दी।
यह भी पढ़ें- Delhi Election 2025: मनोज तिवारी ने की बड़ी भविष्यवाणी, दिल्ली चुनाव में इतनी सीटें जीत रही BJP

दिल्ली चुनाव में बढ़त किसको मिल रही है?
इस सवाल के जवाब में संदीप दीक्षित ने कहा कि अभी कहना बहुत जल्दबाजी है, मगर दिल्ली विधानसभा चुनाव 2025 में कांग्रेस अच्छा कर रही है। खुद की नई दिल्ली सीट पर कांग्रेस को लेकर जो माहौल है उसे देखकर कहा जा सकता है कि दिल्ली में कांग्रेस 38 से 40 सीटें जीत सकती है।
संदीप दीक्षित ने कहा कि भाजपा 30 फीसदी से ज्यादा वोट शेयर ले जाती है जबकि आम आदमी पार्टी का वोट शेयर 51 फीसदी तक पहुंच जाता है। कांग्रेस इस बार इन दोनों ही पार्टियों के वोट काटेगी। दिल्ली चुनाव में भाजपा-आम आदमी पार्टी के कई वोटर ऐसे हैं, जो कांग्रेस की जीत होती देख कांग्रेस के लिए वोट करेंगे।
इंटरव्यू का पूरा वीडियो यहां देखें
उल्लेखनीय है कि दिल्ली विधानसभा चुनाव 2025 में सभी 70 सीटों पर 5 फरवरी को मतदान व 8 फरवरी को मतगणना है। भाजपा सांसद मनोज तिवारी ने भी वनइंडिया से बातचीत में कहा कि भाजपा दिल्ली में 45 सीटें जीतने जा रही है। मनोज तिवारी की भविष्यवाणी की पूरी खबर यहां क्लिक करके पढ़ें
संदीप दीक्षित की सीट नई दिल्ली के क्या हाल?
नई दिल्ली विधानसभा सीट 2025 के दिल्ली विधानसभा चुनावों के लिए काफ़ी चर्चा में है। रिकॉर्ड 29 उम्मीदवारों ने 40 नामांकन पत्र दाखिल किए हैं, जिससे यह सबसे ज़्यादा मुक़ाबले वाली सीट बन गई है। मुख्य दावेदारों में AAP के अरविंद केजरीवाल, BJP के प्रवेश साहिब सिंह वर्मा और कांग्रेस के संदीप दीक्षित शामिल हैं। इन सभी का दिल्ली के मुख्यमंत्री कार्यालय से संबंध है। नामांकन की जांच 18 जनवरी को हुई थी, जबकि नाम वापस लेने की अनुमति 20 जनवरी तक थी।
1993 में दिल्ली विधानसभा के गठन के साथ स्थापित नई दिल्ली सीट राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण है। इसमें प्रमुख सरकारी कार्यालय और आलीशान आवासीय क्षेत्र शामिल हैं। भाजपा के कीर्ति आज़ाद ने यहां पहला चुनाव जीता था। बाद में कांग्रेस की शीला दीक्षित ने मुख्यमंत्री रहते हुए 1998, 2003 और 2008 में जीत हासिल करते हुए अपना दबदबा बनाया। AAP के अरविंद केजरीवाल ने 2013 में दीक्षित को हराया, जो AAP के लिए राष्ट्रीय स्तर पर एक महत्वपूर्ण जीत थी।
New Delhi Election 2025: राजनीतिक महत्व और मतदान रुझान
नई दिल्ली विधानसभा सीट राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण है क्योंकि इसका इतिहास वरिष्ठ नेताओं और मुख्यमंत्रियों द्वारा प्रतिनिधित्व किए जाने का रहा है। समय के साथ मतदान के रुझान बदलते रहे हैं; 1990 के दशक में कांग्रेस और भाजपा के बीच कड़ी टक्कर थी। हालांकि, 2013 से AAP ने अपना दबदबा कायम कर लिया है। यह सीट अपने शहरी, शिक्षित और समृद्ध मतदाता आधार के लिए जानी जाती है जो अक्सर दिल्ली की राजनीतिक दिशा को प्रभावित करता है।
अरविंद केजरीवाल वर्तमान में AAP के विधायक के रूप में इस सीट का प्रतिनिधित्व करते हैं। आगामी चुनावों में AAP, भाजपा और कांग्रेस के बीच त्रिकोणीय मुकाबला होने की उम्मीद है। यह नई दिल्ली विधानसभा सीट की मौजूदा राजनीतिक प्रमुखता को उजागर करता है। चुनाव 5 फरवरी को होने हैं, जिसके नतीजे 8 फरवरी, 2025 को घोषित किए जाएंगे।
नई दिल्ली सीट ने अपनी शुरुआत से ही एक दिलचस्प चुनावी इतिहास देखा है। 1993 में भाजपा के लिए कीर्ति आज़ाद की शुरुआती जीत के बाद, शीला दीक्षित की लगातार जीत ने उन्हें मुख्यमंत्री के रूप में अपने कार्यकाल के दौरान इस सीट का पर्याय बना दिया। 2013 में दीक्षित पर अरविंद केजरीवाल की जीत ने दिल्ली की राजनीति में सत्ता की गतिशीलता में एक महत्वपूर्ण बदलाव को चिह्नित किया।
आगामी चुनावों ने राजनीतिक दलों के बीच दिल्ली के गतिशील राजनीतिक परिदृश्य को दर्शाने वाली रणनीतियों और प्रमुख मुद्दों पर चर्चाओं को जन्म दिया है। नई दिल्ली विधानसभा सीट अपने ऐतिहासिक महत्व और व्यापक चुनावी नतीजों पर प्रभाव के कारण इन चर्चाओं के केंद्र में बनी हुई है।
नई दिल्ली विधानसभा सीट अपने समृद्ध इतिहास और रणनीतिक महत्व के कारण दिल्ली की राजनीति में केंद्र बिंदु बनी हुई है। 5 फरवरी को होने वाले चुनावों के लिए तैयार होने के साथ ही, सभी पार्टियाँ राजधानी में अपनी समग्र सफलता पर इस निर्वाचन क्षेत्र के संभावित प्रभाव के बारे में बहुत सजग हैं।
-
Puducherry Elections: चुनाव से पहले BJP का बड़ा दांव! अरुलमुरुगन को मिला टिकट, क्या होगा इसका असर? -
West Bengal Election: 2021 में जहां एकतरफा थी जीत, 2026 में वहीं होगा असली खेल! ये 10 सीटें बनेंगी ‘गेम चेंजर’ -
West Bengal Election 2026: बंगाल की ये 7 सीटें बना सकती हैं नया CM! जहां हार-जीत का अंतर 1000 वोट से भी था कम -
Telangana में ‘छह गारंटी’ पर घमासान, KTR ने कांग्रेस सरकार से पूछा- आखिर कहां गई वादों वाली फाइल? -
BJD MLA suspension: नवीन पटनायक ने एक झटके में 6 विधायकों को पार्टी से निकाला, हिल गई पूरी ओडिशा पॉलिटिक्स! -
Puducherry Elections 2026: बीजेपी की 9 उम्मीदवारों की सूची जारी, नमशिवायम को भी चुनावी मैदान में उतारा -
मध्य प्रदेश कांग्रेस का टैलेंट हंट शुरू: 24 मार्च से इंटरव्यू, नए प्रवक्ताओं और मीडिया चेहरों की होगी तलाश -
गढ़वाल के हरिद्वार में पहले अमित शाह, कुमाऊं से अब राजनाथ सिंह, जानिए क्या है भाजपा का मिशन-2027 'हैट्रिक' -
Hyderabad Bengaluru Bullet Train: 626 किमी के प्रोजेक्ट ने पकड़ी रफ्तार, DPR पर बड़ा अपडेट आया -
Monalisa की शादी के 8 दिन बाद ये क्या हो गया? मुस्लिम पति पर बड़ा खुलासा, डायरेक्टर के बयान से मचा हड़कंप -
Gold Rate Today: फिर सस्ता हो गया सोना, हाई से 28,000 तक गिरे भाव, अब कितने में मिल रहा है 22K और 18K गोल्ड -
'मैंने 6 मर्दों के साथ', 62 साल की इस बॉलीवुड एक्ट्रेस ने खोलीं लव लाइफ की परतें, 2 शादियों में हुआ ऐसा हाल












Click it and Unblock the Notifications