छत्तीसगढ़ की धार्मिक नगरी राजिम को मिली बड़ी सौगात,सीएम भूपेश ने किया खूबसूरत लक्ष्मण झूले का शुभारंभ
's religious city Rajim got a big gift, CM Bhupesh inaugurated the beautiful Laxman Jhula
रायपुर, 01 मार्च। महाशिवरात्रि के दिन छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रदेश वासियों को एक बड़ी सौगात दी। मुख्यमंत्री बघेल ने छत्तीसगढ़ के प्रयाग के नाम से प्रसिद्ध धार्मिक नगरी राजिम में अपने प्रवास के दौरान एक खूबसूरत नवनिर्मित लक्ष्मणझूला आम जनता को समर्पित किया। इस ब्रिज के शुरू होते ही राजिम के राजीव लोचन मंदिर से कुलेश्वर महादेव मंदिर और लोमश ऋषि आश्रम आपस में जुड़ जाएंगे। धार्मिक और आध्यात्मिक नगरी के तौर पर अलग ही पहचान रखने वाले राजिम के लिए लक्ष्मणझूला एक बड़ी सौगात है।

मंगलवार को मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने 33.12 करोड़ रूपए की लागत से तैयार किए गए, इस बहुप्रतिक्षित लक्ष्मणझूला को समर्पित करते हुए अंचल के लोगों को बधाई और शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि इस झूले से राजिम पुन्नी मेला को और भव्यता मिलेगी। इससे यहां आने वाले पर्यटकों और श्रद्धालुओं को सुविधा मिलेगी।
कुलेश्वर महादेव मंदिर तक जाना होगा सुलभ
गौरतलब है कि पर्यटकों को राजीव लोचन मंदिर से कुलेश्वर महादेव मंदिर या लोमष ऋषि आश्रम से कुलेश्वरनाथ महादेव मंदिर तक पहुंचने के लिए पैदल मार्ग से ही नदी पार करके जाना पड़ता था, जो बरसात के दिनों में अत्यंत जोखिमभरा था। महानदी पर निर्मित यह ब्रिज अपनी वास्तुकला के कारण काफी आकर्षक है। इसमें रोशनी के लिए आधुनिक और सुसज्जित प्रकाश व्यवस्था है। जिसके कारण रात को भी पर्यटकों का आवागमन सुगमता से हो सकता है। राजिम संगम स्थल पर निर्मित यह सस्पेंशन ब्रिज राज्य के बाहर के पर्यटकों को अपनी ओर आकर्षित करेगा, जिससे इस पौराणिक स्थल का ख्याति दूर-दूर तक फैलेगी एवं लगातार पर्यटकों की वृद्धि होगी। इस सस्पेंशन ब्रिज की चौंडाई 3.25 मीटर है तथा लंबाई 610 मीटर है। मुख्यमंत्री के साथ इस अवसर पर धर्मस्व मंत्री ताम्रध्वज साहू, राजिम विधायक अमितेश शुक्ल, अभनपुर विधायक धनेन्द्र साहू सहित कई जनप्रतिनिधि और वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी मौजूद थे।
यह भी पढ़े कोयला संकट से निपटने की कवायद, छत्तीसगढ़ सरकार की केंद्र से मांग ,SECL से हो कोयला आबंटन












Click it and Unblock the Notifications