• search
क्विक अलर्ट के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  
For Daily Alerts

साइक्लोन अम्फान से हुए नुकसान के बाद मदद के लिए आगे आया यूरोपियन संघ, 5 लाख यूरो की मदद

|

नई दिल्ली। साइक्लोन अम्फान के बाद मची तबाही के बाद प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने पश्चिम बंगाल और ओडिशा के लिए राहत पैकेज की घोषणा की है। ओडिशा के मुकाबले पश्चिम बंगाल में भारी तबाही मची है। अम्फान से मची तबाही के बाद यूरोपियन संघ मदद के लिए आगे आई है। यूरोपियन यूनियन ने अम्फान तूफान से मची तबाही के बाद भारत की मदद के लिए 5,00,000 यूरो की मदद की पेशकश की है। भारत के साथ-साथ बंग्लादेश के लिए भी ईयू ने मदद का हाथ बढ़ाया है।

 The EU is determined to start helping people in need with no further delay and provides initial funding of €500.000 for India for Cyclone Amphan

आपदा प्रबंधन के EU कमिश्नर जनेज लेनारसी ने इस बारे में जानकारी देते हुए कहा कि दुनियाभर में कोरोना वायरस का कहर बरपा है। कोरोना संक्रमण की वजह से सोशल डिस्टेंसिंग बेहद जरूरी है। इस आपदा के बीच अम्फान तूफान बड़ी तबाही बनकर आया। तूफान के कारण भारी तबाही मची। लोगों की जानें गई। ऐसे में ईयू ने भारत की मदद के लिए 5 लाख यूरो की मदद की घोषणा की है। वहीं बंग्लादेश के लिए 1.1 लाख यूरो की मदद का ऐलान किया है। आपको बता दें कि इस साइक्लोन के कारण पश्चिम बंगाल में भीषण तबाही मची है। 70 से ज्यादा लोगों की जानें चली गई। वहीं लाखों का नुकसान हुआ। पश्चिम बंगाल के बाद इस तूफान ने बांग्लादेश में तबाही मचाई। बंग्लादेश के उत्तर-पूर्व की ओर से तबाही और बाढ़ फैलाते हुए जा रहा है। खबर लिखे जाने तक 22 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी थी। वहीं कई घरों को काफी नुकसान हुआ।

फेसबुक के कर्मचारियों हमेशा के लिए कर सकेंगे Work-From-Home, लेकिन...

देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
English summary
The EU is determined to start helping people in need with no further delay and provides initial funding of €500.000 for India for Cyclone Amphan
For Daily Alerts
तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
Enable
x
Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X
X
We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more