Flashback 2022: चाय वाले जिन्होंने रातों रात बटोरी थी सुर्खियां, एक तो बन गई करोड़ों की मालकिन
बिहार में युवाओं में चाय बेचने का क्रेज़ काफी तेज़ी से बढ़ा, जिसमें कई चाय बेचने वाले लोग रातों रात सुर्खियों में छा गए। इसमें तो एक ने अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना ली।

Flashback 2022। बिहार में चाय के व्यापार से युवक और युवतियों ने 2022 में खूब सुर्खियां बटोरी थीं। आज हम आपको फ्लैशबैक 2002 बिहार की सिरीज़ में उन चाय वालों के बारे में बताने जा रहे हैं। इसमें से तो एक करोड़ों रुपये की संपत्ति की मालिक बन चुकी है। ग्रैजुएट चायवाली, आत्मनिर्भर चाय वाली, आईआईटियन चाय वाला और महागठबंधन चाय वाले बिहार में खूब सुर्खियां बटोरी थी। प्रियंका गुप्ता के नाम से तो आप लोग अच्छे से वाकिफ होंगे। प्रियंका ने चाय के व्यापार से अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर चर्चाओं में छा गई थी।

प्रियंका गुप्ता की अभिनेता सोनू सूद ने भी की मदद
प्रियंका गुप्ता के बोरिंग रोड पर बने स्टॉल को पटना नगर निगम ने हटा दिया था, जिसके बाद प्रियंका ने उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव से मुलाक़ात कर मदद की गुहार लगाई थी। फिर उसे स्टॉल लगाने की इजाज़त मिली थी। इसके बाद फिर उसके स्टॉल को हटा दिया गया था जिसके बाद प्रियंका ने सोशम मीडिया पर रोते हुए वीडियो शेयर किया था। प्रियंका के वीडियों पर सोनू सूद ने दरियादिली दिखाते हुए उस परमानेंट जगह दिलाई थी। आज की तारीख में प्रियंका अपने टी स्टॉल की फ्रेंचाइज़ी भी देने लगी है। मीडियो रिपोर्ट के मुताबिक अब प्रियंका करोड़ों रुपये की संपत्ति की मालकिन हो गई है।

महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ वाराणसी से की पढ़ाई
ग्रेजुएट चायवाली प्रियंका गुप्ता बिहार के पूर्णिया जिले से ताल्लुक रखती हैं। महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ वाराणसी (उत्तर प्रदेश) से उन्होंने अपनी ग्रेजुएशन की पढ़ाई की है। 2019 में अर्थशास्त्र (कॉमर्स) से प्रियंका गुप्ता ने अपना यूजी किया था। बैंक की प्रतियोगी परीक्षा की 2 साल तक तैयारी की लेकिन कामयाबी नहीं मिली। इसके बाद प्रियंका ने प्रफुल्ल बिलोर (एमबीए चाय वाला) से प्रेरित होकर टी स्टॉल खोलने का फैसला लिया और आज की तारीख वह अच्छी कमाई कर ही है। प्रियंका के टी स्टॉल पर भोजपुरी फिल्मों की स्टार अक्षरा सिंह से लेकर साउथ फिल्मों के सुपरस्टार विजय देवरकोंडा समेत कई कलाकार चाय की चुस्की ले चुके हैं।

आत्मनिर्भर चाय वाली ने भी बटोरी थी खूब सुर्खियां
पटना में ग्रैदुएट चायवाली के बाद मोना पटेल (आत्मनिर्भर चाय वाली) ने भी खूब सुर्खियां बटोरी थी। आत्मनिर्भर चाय वाली की चाय का जायका चिराग पासवान ने लिया था। इसके साथ ही उन्होंने मोना पटेल द्वारा उठाए गए क़दम की जमकर सराहना की थी। मोना पटेल ने बैचलर ऑफ कंप्यूटर एप्लिकेशन (बीसीए) की तालीम हासील की है। बीसीए की पढ़ाई मकम्मल करने के बाद सिर्फ 15 हजार रुपये की नौकरी मिली थी, जिससे परिवार का गुज़ारा करना मुमकिन नहीं था इसलिए मोना ने भी टी स्टॉल लगाने का फ़ैसला लिया और चाय की दुकान खोल ली।

नौकरी में कम वेतन की वजह से लगाई टी स्टॉल
मोना ने परिवार वाले को बिना बताए ही चाय दुकान खोलने का सोचा और पटना के गांधी मैदान के पास टी स्टॉल लगाने लगी। मोना पटेल ने कहा कि उन्हें पीएम मोदी के आत्मनिर्भर भारत की परिकल्पना से प्रेरणा मिली है। पटना के जेडी महिला कॉलेज से 2021 में बीसीए के नौकरी मिली जिसमें सिर्फ़ 15 हज़ार रुपये ही मिल रहे थे। नौकरी में मन नही लगा तो उन्होंने ग्रेजुएट चायवाली को देखते हुए खुद भी चाय स्टॉल लगाने की ठानी। मोना ने बताया कि वह आगे एमसीए की पढ़ाई करेंगी। आगे की पढ़ाई के लिए वह चाय की दुकान से पैसे भी इकट्ठा कर रही हैं।

IITian चाय वाले भी बने चर्चा का विषय
पटना में IITian चाय वाले ने भी काफ़ी सुर्खियां बटोरी थीं, इसके पीछे सबसे बड़ी वजह थी कि आईआईटी कॉलेज से पास हुए छात्र पढ़ाई खत्म होने के तुरंत बाद ही बड़ी कंपनियों में लाखों रुपये की नौकरी पा लेते हैं। लेकिन चार दोस्तों ने लाखों की नौकरी नहीं करते हुए चाय बेचने को ही प्रोफ़ेशन बना लिया। 'आईआईटियन चायवाला' नाम से उन्होंने अपना स्टॉल लगाया। भोजपुर जिले के गोपालपुर गांव से ताल्लुक रखने वाले रणधीर कुमार ने इस कॉन्सेप्ट पर किया। उन्होंने अपने दोस्त अंकित, सुजान कुमार और इमाद शमीम के साथ मिलकर चाय बेचने की शुरुआत की है। ग़ौरतलब है कि चाय बेचने वाले चारों दोस्त अलग-अलग आईआईटी के छात्र हैं। 'आईआईटियन चायवाला' के नाम से बिहार में अब चार सेंटर है। जिसमें बोरिंग रोड(पटना), गोला रोड(पटना), रमना मैदान (आरा), बामपाली (आरा) का नाम शामिल है।

चार दोस्तों ने खोली चाय की दुकान
इंजीनियरिंग की तैयारी के दौरान सभी की दोस्ती कोचिंग में हुई थी। पढ़ाई के दौरान ही सभी दोस्तों कुछ अलग करने का फ़ैसला लिया था। उनकी सोच थी कि भविष्य में कुछ लोगों रोजगार देकर आत्मनिर्भर बना सकें। यही वजह है कि अब वह टी स्टॉल लगाकर सुर्खियों में भी बने हुए हैं और इनके स्टॉल पर चाय का ज़ायका लेने काफ़ी तादाद में ग्राहक रोजाना आ रहे हैं। । आपको बता दें कि इनकी टी स्टॉल पर 10 तरह की चाय मिलती है। आम, नींबू, संतरा, ब्लूबेरी, पुदीना जैसे फ्लेवर लोगों को खूब पसंद आ रहा है। एक कुल्हड़ चाय की कीमत 10 रुपए है। पूरे दिन की कमाई 6 हज़ार रुपये के करीब है। 16 वर्ग फिट में पहिए पर टी स्टॉल इस तरीके से डिजाइन की गई है, कि चाय से लेकर सभी जरूरतों का सामान टी स्टॉल में ही समा जाता है।

‘महागठबंधन चाय वाला’ भी बना चर्चा का विषय
अब बिहार की राजधानी में एक और चाय वाला चर्चाओं में बना हुआ है। दरअसल राजद कार्यकर्ता ने राजधानी में 'महागठबंधन चाय वाला' के नाम से चाय की दुकान खोली है। संजय गांधी जैविक उद्यान (पटना जू) के पास खुले टी स्टॉल में नीतीश कुमार और लालू यादव की तस्वीर लगी हुई है। इसके साथ ही टी स्टॉल पर 'महागठबंधन चाय वाला' (आरजेडी लवर नेता जी) लिखा हुआ है। बेली रोड पर महागठबंधन की सरकार बनने के बाद खोले गए टी स्टाल पर प्रदेश के विभिन्न ज़िलों से चाय पीने लोग आते हैं।
ये भी पढ़ें: Rajgir Mahotsav में 'पगला बाबा’ ने मचाई धूम, हर्बल टी गार्डन बना आकर्षण का केंद्र












Click it and Unblock the Notifications