पार्षदों को देना होगा चुनाव खर्चे का हिसाब, चुनाव आयोग ने निर्देश किए जारी

मध्यप्रदेश में पार्षदों के चुनाव खर्चे के लिए पहली बार राज्य चुनाव आयोग ने निर्देश जारी किए। पहली बार मध्यप्रदेश में पार्षदों को चुनाव खर्चे का हिसाब देना होगा।

भोपाल,31 मई। मध्यप्रदेश में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव की घोषणा हो चुकी है नगरी निकाय की तारीख को का कभी जल्द ऐलान हो सकता है। इन सबके बीच मध्य प्रदेश निर्वाचन आयोग ने बड़ी खबर देते हुए बताया कि अब मध्यप्रदेश के पार्षद प्रत्याशियों को अपने चुनाव खर्च का हिसाब देना होगा। अब तक नगरीय निकायों के अध्यक्षों को ही निर्वाचन व्यय देना होता था, लेकिन अब पार्षदों को भी खर्च का ब्यौरा देना होगा।

पार्षदों को देना होगा चुनाव खर्चे का हिसाब

राज्य निर्वाचन आयोग के के आयुक्त बसंत प्रताप सिंह ने बताया कि नगरी निकाय के चुनाव में इस बार पार्षद पदों के निर्वाचन को लेकर गए लाइन जारी की गई है जिसमें पार्षदों को चुनाव लड़ने के लिए अपने खर्च का ब्यौरा देना होगा। अब तक महापौर और नगरीय निकायों के अध्यक्ष पद के उम्मीदवारों के व्यय लेखा( चुनाव खर्च) का रिकॉर्ड तैयार कर चुनाव आयोग को देना होता था। इसके अलावा आयोग ने रिटर्निंग ऑफिसर कार्यालय में निर्वाचन व्यय लेखा संधारण पर्यवेक्षण के लिए हेल्प टैक्स स्थापित करने के निर्देश भी दिए।

Recommended Video

    Rahul Gandhi को Shivraj Singh Chouhan ने क्यों कहा सबसे असफल नेता ? | वनइंडिया हिंदी

    पार्षदों के लिए चुनाव खर्चे की सीमा

    नगर निगम में 10 लाख से अधिक की जनसंख्या पर अधिकतम खर्च सीमा ₹8 लाख 75 हजार है। वहीं 10 लाख से कम आबादी पर ₹3 लाख 75 हजार अधिकतम खर्च सीमा निर्धारित की गई है।

    वहीं नगर पालिका में चुनावी खर्च सीमा इस प्रकार है कि एक लाख से अधिक जनसंख्या पर ₹2 लाख 50 हजार और 50 हजार से 1 लाख तक की आबादी पर ₹1 लाख 50 हजार अधिकतम खर्च की सीमा है और 50 हजार से कम जनसंख्या पर ₹1 लाख अधिकतम खर्च करने की सीमा निर्धारित की गई है।

    राज्य निर्वाचन आयोग के सचिव राकेश सिंह ने बताया कि महापौर पद के लिए जनगणना 2011 के अनुसार 10 लाख से अधिक जनसंख्या वाले नगर पालिका निगम में 35 लाख और 10 लाख से कम जनसंख्या वाले नगर पालिका निगम में महापौर पद के उम्मीदवारों के निर्वाचन व्यय की अधिकतम सीमा ₹15 लाख निर्धारित की गई है।

    राज्य निर्वाचन आयुक्त श्री बसंत प्रताप सिंह ने कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारियों को निर्देशित किया है कि मतदान दिवस के पूर्व तथा मतदान के दिन एवं मतगणना दिवस को प्रचार-प्रसार के दौरान आचार संहिता से संबंधित प्रावधानों के पालन की निगरानी और अन्य कानून व्यवस्था संबंधी अप्रिय घटना को रोकने के लिए अनिवार्य रूप से वीडियोग्राफी कराई जाए।

    Notifications
    Settings
    Clear Notifications
    Notifications
    Use the toggle to switch on notifications
    • Block for 8 hours
    • Block for 12 hours
    • Block for 24 hours
    • Don't block
    Gender
    Select your Gender
    • Male
    • Female
    • Others
    Age
    Select your Age Range
    • Under 18
    • 18 to 25
    • 26 to 35
    • 36 to 45
    • 45 to 55
    • 55+