भारतीयों को नौकरी से रोकने के लिए ओबामा की चाल

उनका यह कदम सीधे तौर पर यह दर्शाता है कि ओबामा प्रशासन नहीं चाहता की विदेशी लोग उनके देश में या उनकी कंपनियों में शामिल किया जाए। ऐसा उनका चुनावी स्टंड भी हो सकता है क्योकि अब चुनाव नजदीक आ रहा है। उनके इस कदम से भारतीय और चीनी के साथ साथ अन्य देशों के लोगो को नौकरी देने से रोका जा सकता है। उन्होंने राष्ट्रपति पद पर दूसरे कार्यकाल के लिए जो चुनावी रणनीति तैयार की है, यह उसका ही हिस्सा होगा।
वैश्विक आर्थिक मंदी के कारण अमेरिका में बेरोजगारी की दर ऊची बनी हुई है। अमेरिकी कंपलिया देश में रोजगार पैदा करने का काम कम करती है। जिसके कारण से ओबामा ने ऐसा कदम उठाया है। इसके साथ ही वे कंपनियों का परिचालन वापस देश में लाने के लिए 20 प्रतिशत आयकर ऋण का भी प्रस्ताव कर रहे हैं।
यूएस में इंजीनियरिंग, प्रौद्योगिकी और विज्ञान से जुड़ी कंपनियां अधिकतर भारतीय और चीनी पेशेवरों को तवज्जो देती हैं जिसके कारण यहां के नागरिकों को रोजगार पाने के लिए खासा दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। शायद इसी कारण्ा ओबामा ऐसा कदम उठा रहे है।












Click it and Unblock the Notifications