राजीव गांधी के हत्यारो की फांसी पर रोक

अरपुथम अम्माल ने अपने कुछ संबंधियों और वकील के साथ अयर से उनके निवास पर भेंट की। यह भेंट कुछ मिनट चली। अयर से मिलने के बाद उन्होंने संवाददाताओं से कहा कि जब वह घटना हुई थी उस समय उनका इकलौता बेटा 19 साल का था और वह 20 साल से अधिक समय से जेल में है। इस मामले में पेरारीवलन के अलावा संथम और मुरूगन को भी मौत की सजा सुनायी गयी थी।
राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल द्वारा उनकी दया याचिकाओं को खारिज कर दिए जाने के बाद उन्हें पिछले महीने फांसी की सजा दी जानी थी। लेकिन मद्रास उच्च न्यायालय ने इस पर रोक लगा दी थी। अयर ने मौत की सजा के खिलाफ एक हफ्ते तक चलने वाला जन जागरूकता अभियान शुरू किया गया है। तमिलनाडु की एक गैर सरकारी संस्था यह अभियान चला रही है। अम्मल भी इस संस्था की प्रतिनिधियों में शामिल है।












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