बिहार में नक्सलियों ने 1 पुलिसकर्मी की हत्या का दावा किया (लीड-2)
प्रतिबंधित संगठन भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी) के मुंगेर-जमुई-लखीसराय जोन के स्वयंभू प्रवक्ता अविनाश ने गुरुवार शाम स्थानीय चैनलों से फोन पर बातचीत में यह दावा किया।
उसने कहा कि 10 बजे तक की समयसीमा खत्म होने तक सरकार की तरफ से वार्ता की कोई पहल नहीं की गई। इसलिए जन अदालत में पुलिसकर्मियों की हत्या करने का फैसला किया गया। इसी के तहत पुलिसकर्मी अभय यादव की हत्या कर दी गई है। यादव बेगूसराय के रहने वाले थे।
अविनाश ने इससे पहले दोपहर के वक्त कहा था कि बंधक बनाए गए लोगों के परिजनों की गुहार पर उन्होंने समय सीमा गुरुवार सुबह 10 बजे तक बढ़ा दी थी परंतु अब ऐसा नहीं होगा। उसने कहा कि अब तक सरकार ने कोई पहल नहीं की है। उसने कहा था कि अब जन अदालत लगाकर बंधकों के विषय में फैसला किया जाएगा।
राज्य उप मुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने गुरुवार सुबह कहा था कि सरकार बंधकों को छुड़ाने की पहल कर रही है। मोदी ने पटना में गुरुवार को पत्रकारों से चर्चा में कहा कि सरकार पुलिसकर्मियों को छुड़ाने के लिए कार्य कर ही है। उन्होंने नक्सलियों से पुलिसकर्मियों को मुक्त करने की अपील भी की।
बंधक बनाए गए पुलिसकर्मियों के परिजनों की तबीयत बिगड़ने लगी है। पिछले दो दिनों से मुख्यमंत्री आवास के सामने बैठी बंधक पुलिसकर्मी अभय यादव की पत्नी रजनी देवी की तबीयत गुरुवार को बिगड़ गई। पुलिस ने उन्हें पटना मेडिकल कॉलेज अस्पताल पहुंचा दिया है। इससे पहले रजनी ने कहा था कि जब तक उनके पति लौट नहीं आते तब तक वह मुख्यमंत्री आवास के पास बैठे रहेंगी। उनके कई परिजन भी मुख्यमंत्री आवास के सामने डटे हुए हैं।
इससे पहले बुधवार को एक अन्य बंधक पुलिसकर्मी रूपेश की मां की भी तबीयत मुख्यमंत्री आवास के पास बिगड़ गई थी। इधर, पुलिस के अनुसार लखीसराय और जमुई के जंगली क्षेत्रों में नक्सलियों के खिलाफ अभियान तेज कर दिया गया है।
पुलिस मुख्यालय का कहना है कि बंधकों की रिहाई के प्रयास किए जा रहे हैं। इसके साथ ही बांका, जमुई, भागलपुर तथा लखीसराय जिलों में पुलिस को सचेत कर दिया गया है तथा यहां की जेलों की सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है। पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक इन जिलों के सभी थानों को चौकस रहने के निर्देश दिए गए हैं।
उल्लेखनीय है कि रविवार को लखीसराय के कजरा थाना क्षेत्र में पुलिस और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ में नक्सलियों ने चार पुलिसकर्मियों को बंधक बना लिया। अविनाश ने मंगलवार को स्थानीय चैनलों को फोन पर कहा था कि रविवार को लखीसराय जिले के कजरा थाना क्षेत्र में हमारे लोगों ने पुलिस दल पर हमला करने के बाद राज्य के दो पुलिस निरीक्षक (एसआई) और दो बिहार सैन्य बल (बीएमपी) के जवान उनके कब्जे में हैं। बंधक बनाए गए पुलिसकर्मियों में रूपेश कुमार सिन्हा (बेतिया), अभय यादव (बेगूसराय), एहतशाम खान (मांडर, रांची) तथा लुकस टेटे (सिमडेगा, झारखंड) शामिल हैं।
नक्सलियों ने बंधकों को मुक्त करने की एवज में सरकार के सामने पहले बुधवार शाम चार बजे तक तथा बाद में गुरुवार सुबह 10 बजे तक की समय-सीमा रखी थी। उन्होंने सरकार के सामने अपने आठ साथियों की रिहाई की शर्त रखी थी।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












Click it and Unblock the Notifications