उच्चतम न्यायालय का वी एस एन एल को नोटिस
नयी दिल्ली 10 जनवरी.वार्ता. उच्चतम न्यायालय ने आज विदेश संचार निगम लिमिटेड .वीएसएनएल. में संविधान के प्रावधानों के मुताबिक अनुसूचित जाति. जनजाति कोटे की सीटों को भरे जाने की मांग वाली एक याचिका पर कैबिनेट सचिव. राष्ट्रीय अनुसूचित जाति. जनजाति आयोग और दूरसंचार विभाग को नोटिस जारी किये है
मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति के.जी.बालाकृष्णन. न्यायमूर्ति आर.वी. रविन्द्रन एवं जे.एम पंचाल की एक पीठ ने वीएसएनएल अनुसूचित जाति.जनजाति कल्याण समिति द्वारा दायर याचिका पर ये नोटिस जारी किये1 याचिका में मांग की गई है कि वीएसएनएल कानून के मुताबिक आरक्षण श्रेणी के तहत अनुसूचित जाति. जनजाति उम्मीदवारों को रोजगार उपलब्ध कराये
याचिकाकर्ता के अनुसार वीएसएनएल के निजीकरण होने के बाद अनुसूचित जाति. जनजाति के उम्मीदवारों की भर्ती करने पर इस आधार पर रोक लगा दी कि निजी संस्थानों में आरक्षण नीति लागू नहीं है
वर्तमान में वीएसएनएल टाटा के तहत है1 संविधान के अनुसार अनुसूचित जाति. जनजाति के लोगों को नौकरियों में 22.5 प्रतिशत आरक्षण देने का प्रावधान है
देवेन्द्र समरेन्द्र जगबीर1530वार्ता












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