हरियाणा मंत्री अनिल विज की सख्ती का हुआ असर, रोहतक नगर निगम के हवाले होंगे बदइंतजामी वाले दो सेक्टर
रोहतक, 25 जुलाई। रोहतक नगर निगम के हवाले जल्द ही दिल्ली रोड स्थित ओमैक्स सिटी के सेक्टर-26 और सेक्टर-28 होंगे। शहरी स्थानीय निकाय मंत्री रहते हुए अनिल विज ने यहां व्याप्त अव्यवस्थाओं को लेकर कड़ा रूख दिखाया था। विज से स्थानीय लोगों ने शिकायतें की थीं। तीन साल पहले 11 विधायकों की विधानसभा की कमेटी भी यहां जांच कर चुकी है। फिर भी हालात नहीं सुधरे तो मंत्री विज ने 2020 में ओमैक्स सिटी को नगर निगम के हवाले करने के आदेश दिए थे। कोविड के चलते योजना पर अमल होने में देरी हुई। अब निगम कंसल्टेंट तैनात करके डीपीआर(डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट) कराने की तैयारी है। इसके साथ ही सफाई व दूसरे कार्यों के टेंडर हो चुके हैं।

निकाय मंत्री रहते हुए अनिल विज ने जो सख्ती ओमैक्स प्रबंधन पर दिखाई थी वह धरातल पर अब दिखने लगी है। ओमैक्स सिटी प्रबंधन के खिलाफ केस दर्ज कराने तक की चेतावनी दी गई थी। हालात नहीं सुधरे तो ओमैक्स सिटी प्रबंधन के खिलाफ केस दर्ज किया गया था। दरअसल, प्लाट मालिकों ने शर्तों का उल्लंघन बताते हुए यहां जमीनी पानी की आपूर्ति को लेकर आपत्ति जताई थी। इसी तरह से सड़कें जर्जर, सुरक्षा के इंतजाम न होने की भी शिकायतें थीं। सफाई, सुरक्षा, बदहाल पार्क, सीवरेज की बदइंतजामी को लेकर भी लगातार पांच साल तक लोगों ने संघर्ष किया। परिवेदना समिति की बैठक में बार-बार मंत्री विज से स्थानीय लोगों ने वेदना बताई तो उन्होंने सख्त रुख दिखाया। मंत्री विज ने यहां तक चेतावनी दी थी कि हालात नहीं सुधरे तो आपको भी बाहर रहने का अधिकार नहीं, केस दर्ज करके जेल भेजने की चेतावनी दी थी। अब यहां नहरी पानी भी मिलने लगा है। इसके साथ ही सड़कों पर काम कराने, स्ट्रीट लाइट, सफाई, सुरक्षा, सीवरेज आदि के कार्य कराने पूरी तैयारी हो चुकी है। पांच बार बैठकों से लगातार मामले की सुनवाई चल रही है।
नगर निगम के 15 जनवरी 2021 को गठित कमेटी का हवाला दिया है। फैसले के तहत ओमैक्स सिटी के दोनों सेक्टरों को स्थान्नातरित करने के सरकार से प्राप्त आदेशों का हवाला दिया था। जब शहरी स्थानीय निकाय मंत्री अनिल विज थे तभी उन्हीं के संज्ञान में मामला पहुंचा था। बैठकों में उन्होंने अधिकारियों को सख्त हिदायतें दी। अब समाधान की तरफ सेक्टर वालों का मामला बढ़ गया है। सरकार के आदेश के बाद नगर निगम के आयुक्त, वरिष्ठ योजनाकार, नगर एवं योजानाकार की अध्यक्षता में एक कमेटी गठित की गई थी। अब कंसल्टेंट यहां सड़कों, सफाई, सीवरेज, सफाई, सुरक्षा से लेकर पार्कों की देखरेख आदि में जल्द कार्य शुरू होंगे।
नगर निगम में ओमैक्स सिटी के सभी मार्ग, खाली सभी जमीन, सार्वजनिक सभी पार्क, जनस्वास्थ्य विभाग से जुड़ी सेवाएं जैसे पेयजल आपूर्ति व सीवरेज, बरसाती पानी की निकासी भी निगम के हवाले पूरी तरह से होंगी। हालांकि ओमैक्स सिटी को पहले यहां सभी कार्य पूरे कराने होंगे। यहां रिहायशी कालोनी के प्लाट को लेकर भी व्यवस्थाएं निगम ही संभालेगा। हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण यानी एचएसवीपी के शर्तों के हिसाब से लाइसेंस के तहत जो भी सेक्टर दिए थे उन्हें ओमैक्स के बजाय निगम संभालेगी।












Click it and Unblock the Notifications