Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

अमरावती रिंग केस रोड केस में चंद्रबाबू नायडू के बेटे को सीआईडी ने बनाया है आरोपी

अपराध जांच विभाग (सीआईडी) ने अमरावती रिंग केस में पूर्व सीएम चंद्रबाबू नायडू के बेटे और पूर्व मंत्री नारा लोकेश को आरोपी बनाया है। नारा लोकेश के खिलाफ अदालत में प्रिज़नर ट्रांजिट (पीटी) वारंट याचिका दायर की है। सीआईडी ने मंगलवार को विजयवाड़ा एसीबी कोर्ट मे एक मेमो दायर किया है, जिसमें लोकेश को इस मामले में आरोपी बनाया है।

nara lokesh

बता दें राज्‍य के करोड़ों के कथित कौशल विकास घोटाले केस में आंध्र प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू जेल में बंद हैं। कोर्ट ने उसने पूछताछ करने के लिए सीबीआई को दो दिन की अनुमति दी थी। इसके साथ सीबीआई को नायडू से केंद्रीय कारागार में पूछताछ करने के लिए कहा था ताकि नायडू को 200 किलोमीटर की यात्रा करके सीबीआई कार्यालय ना ले जाया जाय। वहीं अब नायडू ने अग्रिम जमातन के लिए हाईकोर्ट में अपील की है। जिस पर जल्‍द कार्रवाई होने की संभावना है।

इनके खिलाफ केस दर्ज है

गौरलतलब है कि मई 2022 में सीआईडी ने अमरावती में एक इंटरनल रिंग रोड के निर्माण में कथित तौर पर अनियमितताओं के लिए चंद्रबाबू नायडू, पूर्व नगरपालिका प्रशासन मंत्री डॉ. पी. नारायण, हेरिटेज फूड्स लिमिटेड और अन्‍य के खिलाफ एफआईआर दर्ज है। वाईएसआर कांग्रेस पार्टी के मंगलगिरी विधायक ए. राम कृष्ण रेड्डी ने ये शिकायत की थी जिसके बाद उनके खिलाफ एफआई आर दर्ज हुई है।

जानें क्‍या है आरोप

रेड्डी का आरोप है कि आंध्र प्रदेश की राजधानी के लिए बनाए गए मास्‍टर प्‍लान की डिजाइन और रिंग रोड के संबंध में 2014 और 2019 के बीच हायर पोस्‍ट पर बैठे अधिकारियों ने कुछ व्‍यक्तियों को लाभ पहुंचाने के लिए अवैध और भ्रष्‍टाचार संबंधी गतिविधियां की।

बड़े पैमाने पर अनियमितता करने का है आरोप

बता दें हेरिडटेज फूड्स चंद्रबाबू नायडू के परिवार के स्‍वामित्‍व वाली कंपनी है। राज्‍य की सत्‍ता पर काबिज पार्टी ने नायडू पर अमरावती के विकास में भूमि अधिग्रहण और अन्‍य चीजों में बड़े पैमाने पर अनियमितता करने का आरोप लगाया है। सीआईडी ने फाइबरनेट घोटाले में नायडू के खिलाफ पीटी वारंट याचिका दायर की थी।

टेंडर प्रोसेस में हेराफेरी करके किया था ये नाम

सीबीआई का आरोप है कि टेंडर प्रोसेस में हेराफेरी करके 321 करोड़ रु का पहले फेज का वर्क आर्डर एपी फाइबरनेट प्रोजेक्ट के टेरासॉफ्टवेयर को आवंटित कर दिया था। याद रहे एपी फाइबरनेट प्रोजेक्ट राज्य भर के गांवों और कस्बों में ऑप्टिकल फाइबर कनेक्टिविटी प्रदान के लिए था।

More From
Prev
Next
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+