Holika Dahan 2026 Puja Samagri : होलिका दहन आज, जानें मुहूर्त- पूजा सामग्री और महत्व
Holika Dahan 2026 Puja Samagri Update: होली का इंतजार हर किसी को बेसब्री से होता है, रंगों वाली होली से पहले हर जगह 'होलिका -दहन' किया जाता है, जो कि बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक है। कहते हैं कि होलिका की अग्नि में सारी नफरत, कड़वाहट और बुराईयों का नाश हो जाता है। इसे कई स्थानों पर 'छोटी होली' भी कहते हैं।
आज लोग 'होलिका दहन' के दिन विशेष पूजा-अर्चना करते हैं और अपने परिवार के लिए अग्निदेवता से खुशी और समृद्धि की प्रार्थना करते हैं। होलिका की अग्नि में कुछ विशेष चीजें चढ़ाई जाती हैं, जिसका कुछ खास अर्थ होता है, यहां पर हम आपको बताते हैं होलिका दहन की पूजा सामग्री के बारे में विस्तार से।

Holika Dahan 2026 Puja Samagri : होलिका दहन की पूजन सामग्री
- गुलाल - होली के स्वागत का प्रतीक
- नारियल - शुभता का प्रतीक
- धूप - ज्ञान की रोशनी का प्रतीक
- रोली - पॉजिटिविटी के लिए
- मिट्टी का दीया - रोशनी का प्रतीक
- फूल - खुशी और प्यार का प्रतीक
- गाय के गोबर से बनी माला - परिवार की सुरक्षा के लिए
- अनाज - खुशहाली का प्रतीक
- कलावा - सुरक्षा धागा
- कलश में पानी - ठंडक का प्रतीक
- नया अनाज - नई शुरुआत का प्रतीक
- सुपारी - शुभता के लिए
- घी - आग की पवित्रता के लिए
- मिट्टी का दीया - रोशनी का प्रतीक
- गन्ना - जीवन में मिठास के लिए
- सरसों के दाने - नेगेटिविटी को दूर भगाने के लिए
- लाल कपड़ा - एनर्जी का प्रतीक
- गुजिया या मिठाई - होली प्रसाद
Holika Dahan 2026 Shubh Muhurat: होलिका दहन का शुभ मुहूर्त
- वैदिक पंचांग के मुताबिक होलिका दहन का शुभ समय 3 मार्च, 2026 को 6:47 PM बजे से 8:50 PM तक है।
- पूर्णिमा आज 5:55 PM बजे से 3 मार्च के 5:07 PM तक रहेगी।
Holika Dahan 2026 Puja Vidhi: होलिका दहन की पूजा विधि
शुभ मुहूर्त में होलिका के स्थान पर जाएं, फिर होलिका की लकड़ियों के चारों ओर कच्चा सूत लपेटें। रोली, हल्दी, फूल और गुड़ अर्पित करें। जल चढ़ाकर परिवार की सुख-समृद्धि की प्रार्थना करें। विधि-विधान से अग्नि प्रज्वलित करें। होलिका की 3 या 7 परिक्रमा करें। गेहूं की बालियां अग्नि में सेंककर प्रसाद रूप में ग्रहण करें और एक दूसरे को गुलाल लगाएं।
Holika Dahan 2026 Do-Donts: होलिका दहन पर क्या करें और क्या ना करें?
शुभ मुहूर्त पर पूजा करें, कोशिश करें कि होलिका दहन की पूजा में पूरा परिवार साथ हो, परिक्रमा करते समय मन में सकारात्मक संकल्प लें। जरूरतमंदों को अन्न या वस्त्र दान करें। घर की साफ-सफाई कर नकारात्मकता दूर करें। तो वहीं अशुभ समय में होलिका दहन न करें। जलती होलिका में प्लास्टिक या हानिकारक वस्तुएं न डालें। विवाद या क्रोध से दूर रहें।
DISCLAIMER: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। वनइंडिया लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी चीज को अमल लाने के लिए किसी ज्योतिषी और किसी पंडित से अवश्य बात करें।












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