UP News: देशभर में फैला ‘छांगुर बाबा गिरोह’, लोगों ने सुनाई गुमशुदगी और धर्मांतरण की चौंकाने वाली कहानियां
UP News: लखनऊ में बुधवार को छह राज्यों के सात लोगों ने प्रेस के सामने आकर एक कथित धर्मांतरण रैकेट को लेकर गंभीर आरोप लगाए। इनका कहना है कि एक खास नेटवर्क देशभर में सक्रिय है, जो न केवल युवतियों को गुमराह कर रहा है बल्कि घरों और जमीनों पर भी कब्जा कर रहा है।
पीड़ितों का आरोप है कि इस नेटवर्क की कमान 'छांगुर बाबा' नामक व्यक्ति के हाथ में है, जो खुद को बाबा बताकर मासूम लोगों को अपने जाल में फंसाता है। ये लोग लंबे समय से अपने परिजनों की तलाश कर रहे हैं लेकिन प्रशासनिक मदद नहीं मिल रही।

इनका दावा है कि बहन-बेटियों को बहला-फुसलाकर उनसे संपर्क बनाया जाता है, फिर नाम और पहचान छुपाकर संबंध बनाए जाते हैं। बाद में युवतियों का धर्म परिवर्तन कराकर उन्हें पूरी तरह से अलग जीवन में ढकेल दिया जाता है।
लापता परिजन और जमीन कब्जे का दर्द
कर्नाटक से आए चिन्ना राम ने बताया कि उनकी 25 वर्षीय भांजी 6 जुलाई को घर से निकली और अब तक लौटकर नहीं आई। जांच में सामने आया कि वह यूपी निवासी एक युवक के साथ देखी गई थी, जो पहले भी इसी तरह के मामलों में संलिप्त रहा है।
चिन्ना राम ने बताया कि उनकी भांजी 16 लाख रुपये कैश भी साथ ले गई है। जिस युवक के साथ वह गई, उसने खुद को 'राहुल' बताया था, लेकिन उसका असली नाम मुबारक अली है। युवती कॉलेज जाती थी और वहीं से आरोपी ने संपर्क बढ़ाया था।
मुंबई में भी सक्रिय हैं गिरोह के सदस्य
मुंबई के बालाजी सावरकर का आरोप है कि साकीनाका इलाके में उनका मकान बनाने का प्रयास 2014 से चल रहा है, लेकिन स्थानीय लोगों द्वारा उन्हें लगातार रोका गया। जब वह विदेश में थे, तब उनके घर पर जबरन कब्जा भी किया गया।
उन्होंने कहा कि छांगुर बाबा को उन्होंने अपने इलाके में कई बार देखा है। वह वहां के मुस्लिम समुदाय से मेलजोल बढ़ाकर उन्हें किसी संगठन से जोड़ने की कोशिश करता रहा है। इस नेटवर्क को संगठित रूप से काम करते देखा गया है।
गोंडा से लापता युवती की तलाश में जुटा परिवार
गोंडा निवासी अनिल सोनी ने बताया कि उनकी बहन फरवरी में महाकुंभ स्नान के लिए गई थी, लेकिन संगम स्टेशन से लापता हो गई। बाद में पुलिस जांच में सामने आया कि वह एक शहाबुद्दीन नामक युवक के साथ देखी गई थी।
अनिल के अनुसार, यह शहाबुद्दीन उनके घर से मात्र तीन किलोमीटर दूर रहता था और बहन के कॉलेज में भी आता-जाता था। तब से दोनों ही गायब हैं। उन्हें शक है कि बहन को धर्म बदलवाकर किसी खास नेटवर्क में शामिल कर लिया गया है।
विश्व हिंदू रक्षा परिषद ने की सख्त कार्रवाई की मांग
विश्व हिंदू रक्षा परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष गोपाल राय ने लखनऊ में प्रेस वार्ता कर बताया कि यह एक सुनियोजित साजिश है, जो देश की सांस्कृतिक पहचान पर हमला करने की कोशिश है। सरकार को तुरंत हस्तक्षेप करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि अगर समय रहते इस नेटवर्क पर कार्रवाई नहीं हुई, तो आने वाले वर्षों में भारत की सामाजिक संरचना पर गंभीर प्रभाव पड़ सकता है। परिषद ने पीड़ितों की ओर से कार्रवाई की मांग को जोरदार तरीके से उठाया।












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