पत्नियां बेवफाई न कर दें...इसलिए पतियों ने बुलाया वापस, अब SDM ज्योति मौर्य ने दिया ये खास संदेश
Jyoti Maurya Sdm: पति आलोक मौर्य से कथित बेवफाई मामले में पिछले कुछ दिनों से ज्योति मौर्य एसडीएम सुर्खियों में बनी हुई हैं। मीडिया हो या फिर सोशल मीडिया सभी जगह एसडीएम ज्योति मौर्य की कहानी चर्चा का विषय बनी हुई है। ज्योति मौर्य और आलोक के बीच का यह विवाद गूगल पर भी ट्रेंड कर रहा है।
ज्योति मौर्य एसडीएम और उनके पति आलोक मौर्य के बीच चल रहे इस विवाद के बीच सोशल मीडिया यूजर्स तरहत-तरह के मीम्स बनाकर कमेंट कर रहे है। इतना ही नहीं, ज्योति मौर्य विवाद पर कुछ लोग रील्स बनाकर महिलाओं को ना पढ़ने देने का संदेश भी दे रहे है। तो वहीं, हर कोई पति-पत्नी के रिश्ते पर अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त कर रहा है।

इस बीच देश के कई इलाकों से ऐसे खबर भी सामने आई है कि पतियों ने प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रही अपनी-अपनी पत्नियों को वापस बुला लिया है। क्योंकि, उनके मन में डर है कि कहीं उनकी पत्नियां भी ज्योति मौर्य की तरह पढ़ लिखकर उन्हें छोड़कर न चली जाए।
ताजा मामला बिहार के बक्सर जिले से सामने आया है। पिंटू कुमार नाम के एक शख्स ने अपनी पत्नी की कोचिंग छुड़वा कर उन्हें वापस घर बुला लिया है। पिंटू कुमार, उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले में एक निजी पेट्रोल पंप पर बतौर मैनेजर काम करते हैं। वह पिछले काफी लंबे वक्त से अपनी पत्नी को अफसर बनाने के लिए प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी करवा रहे थे।
हालांकि, ज्योति मौर्य की खबर पढ़ने के बाद पिंटू ने अपनी पत्नी खुशबू की बीच में पढ़ाई छुडवा दी और वापस बुला लिया। इसपर पिंटू की पत्नी खुशबू का कहना है कि सारी पत्नियां ऐसा नहीं कर सकती, मैं ज्योंति मौर्या जैसी नहीं बनूंगी, बेवफाई नहीं करूंगी। इन्हीं खबरों के बीच ज्योति मौर्य एसडीएम का बड़ा बयान सामने आया है।
ज्योति मौर्य ने अपने इस बयान में उन पतियों को खास संदेश दिया है, जो अपनी पत्नियों की पढ़ाई बीच में छुडवाकर वापस बुला रहे हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, ज्योति मौर्य ने कहा कि ये मेरा निजी मामला है। मैं इसे मामले को पब्लिक में या सोशल मीडिया पर लेकर नहीं जाना चाहती हूं।
ज्योति मौर्य ने कहा कि रही बात देश की महिलाओं की तो मैं हमेश महिलाओं के लिए बोलती हूं और उनके लिए काम भी करता हूं। इस दौरान उन्होंने पत्नियों को वापस बुलाने वाले पतियों से अपील करते हुए कहा,
सरकारी अधिकारी होने के नाते मैं सभी से अपील करती हूं कि महिलाओं को आगे बढ़ने से नहीं रोका जाए। उन्हें पढ़ने दिया जाए। ये सवाल ही नहीं खड़ा होता है कि उन्हें पढ़ने दिया जाए या नहीं। पढ़ना महिलाओं का संवैधानिक अधिकार है। उन्हें भी समाज में बराबरी का हक है। इसलिए महिलाएं बिल्कुल पढ़ेंगी और आगे भी बढ़ेंगी।
ज्योति मौर्य ने कहा कि अगर वे कुछ करना चाहती हैं, तो वे करेंगी...ये उनका अधिकार है। आपको बता दें कि ज्योति मौर्य और आलोक मौर्य का यह विवाद फिलहाल कोर्ट तक पहुंच गया है। ज्योति मौर्य के पति आलोक ने कई बार मीडिया के सामने आकर अपना दर्द बयां किया है।
लेकिन, इस मामले अभी तक शांत रही एसडीएम ज्योति मौर्य ने अपनी चुप्पी तोड़ते हुए कहा कि यह यह एक परिवारिक विवाद है। इस दौरान उन्होंने अपने ससुराल वालों पर प्रताड़ित करने जैसे कई आरोप भी लगा। न्यूज़ 18 से बातचीत करते हुए एसडीएम ज्योति मौर्य ने कहा कि विवाद उनके एसडीएम होने या फिर उनके पति के सफाईकर्मी होने से नहीं है।
यह पूरी तरह से एक परिवारिक विवाद है। ज्योति मौर्य कहा कि यह मामला कोर्ट में चल रहा है...मुझे जो कहना है वहां कहूंगी। हालांकि, ज्योति मौर्य ने कहा कि रिश्ता कितना भी खराब क्यों ना हो, उसे लीगली सुलझाया जाता है। मगर, आलोक ने 12 साल के रिश्ते को पब्लिक्ली तार-तार किया है।
हालांकि, मीडिया से बातचीत के दौरान ज्योति मौर्य ने इस बात को माना कि आलोक ने पढ़ाई में उनकी हेल्प की थी। इस दौरान ज्योति मौर्य ने आलोक पर तंज कसते हुए कहा,' ऐसे बात कर रहे हैं, जैसे बचपन से उन्होंने मुझे पाला-पोसा हो। कहा कि अगर पति-पत्नी हैं तो एक दूसरे की हेल्प करते ही हैं।
लेकिन, सहयोग करने का मतलब यह नहीं है कि आप हमेशा टॉन्ट करोगे, प्रताड़ित करोगे, मेंटल टॉर्चर करोगे। इस मामले में ज्योति ने प्रयागराज के धूमनगंज थाने में अपने पति आलोक और ससुराल वालों के खिलाफ केस भी दर्ज कराया है। पुलिस ने एसडीएम ज्योति मौर्य से साक्ष्यों को भी उपलब्ध कराने के लिए कहा है।
मीडिया खबर के मुताबिक, ज्योति ने धूमनगंज थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत में ज्योती मौर्य एसडीएम ने कहा है कि पति आलोक और ससुराल वाले दहेज में फॉर्च्यूनर की मांग कर रहे थे। प्रताड़ित भी करते थे। इतना ही नहीं, उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि वॉट्सएप का क्लोन बना लिया था और वह ब्लैकमेल भी करते थे।












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