Monsoon Update: यूपी में भारी बारिश और बिजली का अलर्ट, किन जिलों पर मंडरा रहा है सबसे बड़ा खतरा?
Monsoon Update: उत्तर प्रदेश में मानसून ने एक बार फिर दस्तक दे दी है। पिछले कुछ दिनों से झुलसा रही गर्मी और उमस के बीच शनिवार दोपहर बाद मौसम ने करवट ली। कई जिलों में बादल छाए और रुक-रुक कर बारिश शुरू हो गई।
मौसम विभाग के अनुसार, मानसून की ट्रफ लाइन अब फिर से यूपी के ऊपर सक्रिय हो गई है। यह लाइन कुछ समय के लिए मध्य प्रदेश की ओर खिसक गई थी। अब इसके वापस लौटने से बारिश का सिलसिला दोबारा तेज होने की संभावना जताई गई है।

शनिवार को लखनऊ सहित पश्चिमी और मध्य उत्तर प्रदेश के कई इलाकों में बादल घिरने लगे। दोपहर के बाद कई जगहों पर तेज हवाओं के साथ फुहारें पड़ीं। इससे तापमान में गिरावट महसूस की गई और मौसम सुहावना हो गया।
मौसम विभाग ने 13 जिलों के लिए रेड अलर्ट जारी किया है। बलरामपुर, बहराइच, श्रावस्ती, लखीमपुर खीरी, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, बिजनौर जैसे जिलों में बहुत भारी बारिश की आशंका जताई गई है।
इन जिलों में गरज-चमक और बिजली गिरने की घटनाएं भी हो सकती हैं। स्थानीय प्रशासन को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। लोगों को खुले में न निकलने और सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी गई है।
66 जिलों में बारिश और बिजली की चेतावनी
प्रदेश के 66 जिलों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ बिजली गिरने की चेतावनी दी गई है। इनमें वाराणसी, गोरखपुर, आजमगढ़, जौनपुर, मऊ, देवरिया और संत कबीर नगर शामिल हैं।
इन जिलों में गरज-चमक के साथ वर्षा हो सकती है। मौसम विभाग ने बताया है कि यह सिलसिला अगले दो से तीन दिन तक जारी रह सकता है। किसानों और आमजन से सतर्कता बरतने की अपील की गई है।
राजधानी में भी मौसम ने ली करवट
लखनऊ में शनिवार को सुबह तेज धूप रही लेकिन दोपहर बाद बादलों ने आसमान घेर लिया। करीब तीन बजे के बाद शहर के अलग-अलग हिस्सों में हल्की बारिश शुरू हो गई।
इसके साथ ही तेज हवाएं भी चलीं, जिससे तापमान में कमी आई और गर्मी से राहत मिली। मौसम विभाग ने लखनऊ और आसपास के जिलों में अगले 24 घंटे के भीतर गरज के साथ बारिश और बिजली गिरने की चेतावनी दी है।
बंगाल की खाड़ी से सिस्टम सक्रिय
मौसम विभाग के अनुसार, बंगाल की खाड़ी और दक्षिणी-पश्चिमी बांग्लादेश क्षेत्र में निम्न दबाव का क्षेत्र बन रहा है। इससे पूर्वी हवाएं दोबारा सक्रिय हो गई हैं और ट्रफ लाइन यूपी के ऊपर केंद्रित हो रही है।
इसके साथ ही कच्छ के तट पर भी एक और दबाव क्षेत्र बनने की पुष्टि हुई है। इन दोनों सिस्टमों के प्रभाव से उत्तर प्रदेश में अगले 48 घंटे तक लगातार वर्षा की संभावना है।
प्रदेश के कई जिलों में लगातार गर्मी के कारण खेत सूखने लगे थे। मानसून की वापसी से अब धान और अन्य खरीफ फसलों को लाभ मिलेगा। किसानों के लिए यह मौसम राहत भरा साबित हो सकता है।
बारिश से भू-जल स्तर में भी सुधार की उम्मीद है। मौसम वैज्ञानिकों ने कहा है कि अगर अगले दो दिनों तक बारिश इसी तरह जारी रही, तो फसलों के लिए यह समय अनुकूल रहेगा।












Click it and Unblock the Notifications